NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
22,000 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली 150 रेलगाड़ियां निजी हाथों में देने की तैयारी
रेलवे ने ट्रेन ऑपरेटरों द्वारा बोली लगाने के लिए एक नीलामी दस्तावेज तैयार किया है। इसके तहत एक ट्रेन ऑपरेटर कम से कम 12 और अधिक से अधिक 50 ट्रेनों की बोली लगा सकता है। इसमें दिनभर और रातभर चलने वाली ट्रेनें भी शामिल हैं।  
अरुण कुमार दास
01 Oct 2019
Translated by महेश कुमार
tezas express

4 अक्टूबर को लखनऊ से आई.आर.सी.टी.सी संचालित यात्री सेवा, तेजस एक्सप्रेस को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया जाएगा, इसी अंदाज़ में भारतीय रेल 22,500 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत वाली  लगभग 150 रेलगाड़ियों की अगले दो-तीन वर्षों में निजी खिलाड़ियों को देने की ठोस योजना बना रही है।
 
यात्रियों से किराया वसुलने के व्यवसाय में रेलवें कों लगभग 42,000 करोड़ रुपये का घाटा है और यह लगातार बढ़ रहा है, इससे निपटने  के लिए रेलवे 50 यात्री मार्गों को पट्टे पर देना चाहती है, जिनकी बाज़ार में काफी मांग हैं, जैसे कि दिल्ली-मुंबई, दिल्ली-पटना, मुंबई-चेन्नई, हावड़ा-चेन्नई और हावड़ा-मुंबई और दिल्ली-हावड़ा, इन मार्गों को बोली प्रक्रिया के माध्यम से निजी खिलाड़ियों को सौंपने का इरादा है।

महानगरों के अलावा, अंतर-शहर यानी छोटे शहर को आपस में जोड़ने वाले मार्गों को भी पट्टे पर देने की योजना है क्योंकि रेलवे जो हमारा राष्ट्रीय ट्रांसपोर्टर है उच्च घनत्व वाले मार्गों और प्रमुख मार्गों को चरणबद्ध तरीके से निजी हाथों में देने का विचार कर रहा हैं।

रेलवे ने ट्रेन ऑपरेटरों द्वारा बोली लगाने के लिए एक नीलामी दस्तावेज तैयार किया है। इसके तहत एक ट्रेन ऑपरेटर कम से कम 12 और अधिक से अधिक 50 ट्रेनों की बोली लगा सकता है। इसमें दिनभर और रातभर चलने वाली ट्रेनें भी शामिल हैं।  

टेंडर शर्तों के अनुसार निजी ऑपरेटरों को नई ट्रेनों को खरीदने या रेलवे से लीज पर लेने की स्वतंत्रता दी गई है।

रेलवे नीलामी दस्तावेजों को अंतिम रूप देने के बाद जल्द ही टेंडर जारी करेगा।

स्रोतों के अनुसार चूंकि यह देश में पहली बार हो रहा है कि सार्वजनिक ट्रांसपोर्टर निजी ट्रेन ऑपरेटरों को यात्री सेवा चलाने की अनुमति दे रहे हैं, इसलिए दस्तावेज़ को अंतिम रूप देने से पहले कई कारकों पर ध्यान में रखा जा रहा है।

जबकि निजी खिलाड़ी यानी पूंजीपति अनुकूलित गाड़ियों को लेने को इच्छुक हैं और समय की पाबंदी बनाए रखने के लिए समर्पित मार्ग तलाश रहे हैं, अब रेलवे को इस मुद्दे पर अंतिम फैसला लेना है।

जबकि सिग्नलिंग प्रणाली, लोको पायलट और प्लेटफॉर्म रेलवे के अधीन रहेंगे और खानपान, रेल में हाउसकीपिंग, टिकट चेकिंग, इन्फोटेनमेंट ( सूचना और प्रसारण) और अन्य सुविधाएं ट्रेन ऑपरेटर की जिम्मेदारी होंगी।

आई.आर.सी.टी.सी या भारतीय रेलवे केटरिंग एंड टूरिज्म कॉरपोरेशन रेलवे की सहायक कंपनी है। इसे दिल्ली-लखनऊ और मुंबई-अहमदाबाद मार्गों पर तेजस एक्सप्रेस चलाने के लिए राज्य द्वारा संचालित ट्रांसपोर्टर ने चुना है, ताकि यात्री गाड़ी को पूरी तरह से निजी हाथों में सौंपन के  लिए बाजार का आकलन किया जा सके।  

आई.आर.सी.टी.सी दिल्ली-लखनऊ तेजस एक्सप्रेस रूट के लिए ढुलाई भाड़े और लीज शुल्क के रुप में प्रति दिन लगभग 13 लाख रुपये का भुगतान रेलवे को करेगी और इस रूट से कुल राजस्व तकरीबन 16 लाख से 17 लाख रुपये प्रति दिन होने की उम्मीद है।

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ 4 अक्टूबर को लखनऊ-दिल्ली तेजस एक्सप्रेस को हरी झंडी दिखाएंगे। यह ट्रेन शताब्दी सेवा से एक घंटे कम यानी छह घंटे और 15 मिनट में रूट पर पड़ने वाले शहरों के बीच यात्रा को कवर करेगी। यह लखनऊ से सुबह 6.10 बजे शुरू होगी और 12.25 बजे दिल्ली पहुंचेगी। कानपुर और गाजियाबाद में भी यह रुकेगी।

तेजस एक्सप्रेस में 56 सीटों वाली एक एक्जिक्यूटिव क्लास की एसी चेयर कार होगी और 78 यात्रियों की क्षमता वाली नौ एसी चेयर कार होंगी।

यात्रियों को आकर्षित करने के लिए, आई.आर.सी.टी.सी ने कई मूल्य वर्धित सेवा यानी दुसरी सेवाओं के मुकाबले बेहतर सेवाओं की पेशकश की है जिसमें यात्रियों को टैक्सी किराए पर उपलब्ध कराना, उनके लिए होटल बुकिंग करना आदि शामिल है और इन सभी सेवाओं का भुगतान यात्रियों को खुद करना होगा।
हालांकि, तत्काल टिकट बुक करने की सुविधा दिल्ली-लखनऊ तेजस एक्सप्रेस के लिए उपलब्ध नहीं होगी।

जबकि रेलवे नेटवर्क पर 120 दिन अग्रिम बुकिंग की जा सकती है लेकिन तेजस एक्सप्रेस में यह सुविधा यात्रा के दिन से 60 दिन पहले ही उपलब्ध होगी।
आई.आर.सी.टी.सी की तेजस एक्सप्रेस की लखनऊ से नई दिल्ली की टिकट की कीमत एसी चेयर कार के लिए  1,125 रूपए और एक्जिक्यूटिव चेयर कार के लिए  2,310 रूपए होगी।

जबकि वापसी यात्रा का टिकट एसी चेयर कार यात्रियों के लिए 1,280 रूपए का होगा और एक्जिक्यूटिव चेयर कार के लिए 2,450 रूपए होगा।

( लेखक दिल्ली स्थित स्वतंत्र पत्रकार हैं।)

tejas express
Rail Privatisation
Private Trains
IRCTC Tender
Rail Passenger Segment
indian railways

Related Stories

ट्रेन में वरिष्ठ नागरिकों को दी जाने वाली छूट बहाल करें रेल मंत्री: भाकपा नेता विश्वम

केंद्र का विदेशी कोयला खरीद अभियान यानी जनता पर पड़ेगा महंगी बिजली का भार

कोयले की किल्लत और बिजली कटौती : संकट की असल वजह क्या है?

रेलवे में 3 लाख हैं रिक्तियां और भर्तियों पर लगा है ब्रेक

भारतीय रेल के निजीकरण का तमाशा

निजी ट्रेनें चलने से पहले पार्किंग और किराए में छूट जैसी समस्याएं बढ़ने लगी हैं!

भारत में नौकरी संकट जितना दिखता है उससे अधिक भयावह है!

रेलवे के निजीकरण के ख़िलाफ़ रेल कर्मियों का राष्ट्रव्यापी प्रदर्शन कल!

कोलकाता मेट्रो ने 2500 से अधिक अस्थायी कर्मचारियों की छंटनी की

तमिलनाडु: विकलांगता से ग्रस्त लोगों की केन्द्र से 'विशेष ट्रेनों' के दर्जे को ख़त्म करने और रियायतें बहाल करने की मांग


बाकी खबरें

  • एम.ओबैद
    एमपी : ओबीसी चयनित शिक्षक कोटे के आधार पर नियुक्ति पत्र की मांग को लेकर आमरण अनशन पर बैठे
    26 Apr 2022
    चयनित शिक्षक पिछले एक महीने से नियुक्ति पत्र को लेकर प्रदेश भर में धरना प्रदर्शन कर रहे हैं लेकिन मांग पूरी न होने पर अंत में आमरण अनशन का रास्ता चयन किया।
  • अखिलेश अखिल
    यह लोकतांत्रिक संस्थाओं के पतन का अमृतकाल है
    26 Apr 2022
    इस पर आप इतराइये या फिर रुदाली कीजिए लेकिन सच यही है कि आज जब देश आज़ादी का अमृतकाल मना रहा है तो लोकतंत्र के चार प्रमुख स्तम्भों समेत तमाम तरह की संविधानिक और सरकारी संस्थाओं के लचर होने की गाथा भी…
  • विजय विनीत
    बलिया पेपर लीक मामला: ज़मानत पर रिहा पत्रकारों का जगह-जगह स्वागत, लेकिन लड़ाई अभी बाक़ी है
    26 Apr 2022
    "डबल इंजन की सरकार पत्रकारों को लाठी के जोर पर हांकने की हर कोशिश में जुटी हुई है। ताजा घटनाक्रम पर गौर किया जाए तो कानपुर में पुलिस द्वारा पत्रकारों को नंगाकर उनका वीडियो जारी करना यह बताता है कि…
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    जन आंदोलनों के आयोजन पर प्रतिबंध अलोकतांत्रिक, आदेश वापस लें सरकार : माकपा
    26 Apr 2022
    माकपा ने सवाल किया है कि अब जन आंदोलन क्या सरकार और प्रशासन की कृपा से चलेंगे?
  • ज़ाहिद खान
    आग़ा हश्र काश्मीरी: गंगा-ज़मुनी संस्कृति पर ऐतिहासिक नाटक लिखने वाला ‘हिंदोस्तानी शेक्सपियर’
    26 Apr 2022
    नाट्य लेखन पर शेक्सपियर के प्रभाव, भारतीय रंगमंच में महत्वपूर्ण योगदान और अवाम में उनकी मक़बूलियत ने आग़ा हश्र काश्मीरी को हिंदोस्तानी शेक्सपियर बना दिया।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License