NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
48 घंटे पहले खुफिया इनपुट मिलने के बाद भी हो गया हमला?
खुफिया इनपुट में बताया गया था, "बातचीत के इनपुट से खुलासा हुआ कि जैश-ए-मोहम्मद (जेईएम) ने जम्मू एवं कश्मीर में जिन मार्गो से होकर सुरक्षा बलों का काफिला गुजरता है, वहां आईईडी हमलों को अंजाम देने का संकेत दिया है...।"
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
15 Feb 2019
KASHMIR
Image Courtesy : Kamran Yousuf

कश्मीर के पुलवामा में गुरुवार को हुए आत्मघाती हमले में घायल दो और जवानों ने दम तोड़ दिया है। इसी के साथ शहीद जवानों की संख्या बढ़कर 45 हो गई है। खुफिया विभाग द्वारा 48 घंटे पहले ही हमले की संभावना के बारे में चेतावनी देने के बाद भी यह हमला हुआ। 
उधर केंद्र सरकार ने पाकिस्तान से 'मोस्ट फेवर्ड नेशन' वापस ले लिया है। इस हमले के लिए पाकिस्तान को ज़िम्मेदार माना जा रहा है, हालांकि पाकिस्तान ने हमले में अपना हाथ होने से इंकार करते हुए इस हमले पर चिंता जताई है। इसके अलावा इस हमले के विरोध में आज जम्मू बंद है।

शहीद जवानों की संख्या बढ़कर 45 हुई

जम्मू एवं कश्मीर में गुरुवार को केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के काफिले पर हुए हमले में दो और जवानों के दम तोड़ने के साथ शहीद जवानों की संख्या बढ़कर 45 हो गई है।

सीआरपीएफ के एक अधिकारी ने कहा, "आत्मघाती बम विस्फोट में बस में सवार 44 सीआरपीएफ जवानों में से कोई भी जीवित नहीं बचा।"

उन्होंने कहा, "एक अन्य बस में सवार एक घायल व्यक्ति ने भी दम तोड़ दिया, जिससे संख्या बढ़कर 45 हो गई है।" इसके अलावा हमले में 38 अन्य घायल भी हुए हैं। 

खुफिया विभाग द्वारा 48 घंटे पहले ही हमले की संभावना के बारे में चेतावनी देने के बाद भी यह हमला हुआ। 

खुफिया इनपुट में बताया गया था, "बातचीत के इनपुट से खुलासा हुआ कि जैश-ए-मोहम्मद (जेईएम) ने जम्मू एवं कश्मीर में जिन मार्गो से होकर सुरक्षा बलों का काफिला गुजरता है, वहां आईईडी हमलों को अंजाम देने का संकेत दिया है। संगठन द्वारा अपलोड किया गया एक वीडियो भी साझा किया गया। विभाग ने सलाह दी थी कि आतंकवादियों के ऐसे किसी भी प्रयास को विफल करने के लिए सुरक्षा बलों को अलर्ट पर रखने की जरूरत है।"

जानकार सूत्रों ने कहा कि खुफिया इनपुट को जम्मू एवं कश्मीर में सभी सुरक्षा बलों के साथ साझा किया गया था।

हमले के बाद जेईएम द्वारा जारी किए गए एक वीडियो में आत्मघाती हमलावर की पहचान पुलवामा जिले के काकापोरा के रहने वाले आदिल अहमद डार उर्फ वकास कमांडो के रूप में हुई है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को गुरुवार को राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल ने घटना के बारे में जानकारी दी। 

केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह शुक्रवार को केंद्रीय गृह सचिव और मंत्रालय के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के साथ यहां पहुंच रहे हैं।

हमले के संबंध में पुलिस को जांच में सहयोग करने के लिए 12 सदस्यीय राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) और राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड (एनएसजी) की अन्य टीम भी यहां पहुंच रही है।  

पाकिस्तान अब 'मोस्ट फेवर्ड नेशन' नहीं : भारत

केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली ने शुक्रवार को कहा कि पाकिस्तान को दिया गया 'मोस्ट फेवर्ड नेशन' का दर्जा वापस ले लिया गया है। जम्मू एवं कश्मीर में गुरुवार को हुए भयावह आतंकवादी हमले के एक दिन बाद हुई सुरक्षा पर कैबिनेट कमेटी की बैठक में यह फैसला लिया गया। 

प्रधानमंत्री की सभाएं रद्द

सुरक्षा बलों पर हुए आतंकवादी हमले के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मध्य प्रदेश में आज, शुक्रवार और शनिवार को होने वाली सभाएं रद्द कर दी गई हैं।

भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश मीडिया प्रभारी लोकेंद्र पराशर ने आईएएनएस को बताया, "शुक्रवार को इटारसी और शनिवार को धार में होने वाली सभाओं को रद्द कर दिया गया है। यह निर्णय जम्मू कश्मीर में सुरक्षा बलों पर गुरुवार को हुए आतंकी हमले के कारण लिया गया है।"

उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री शुक्रवार से मध्य प्रदेश में चुनावी अभियान की शुरुआत करने वाले थे। 

बंद से जनजीवन प्रभावित

हमले के विरोध में आहूत जम्मू बंद के कारण जनजीवन पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है।
बंद का आह्वान जम्मू चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री (जेसीसीआई) द्वारा किया गया है जो स्थानीय व्यापारियों और उद्योगपतियों की एक प्रभावशाली संस्था है। 

जेसीसीआई के अध्यक्ष बी. राजेश गुप्ता ने आईएएनएस को बताया, "हम इस वीभत्स हमले की निंदा करते हैं और इस हमले में अपने प्रियजनों को खोने वालों परिवारों के साथ एकजुटता से खड़े हैं।" 

उन्होंने कहा, "हम समाज के सभी वर्गो से पारंपरिक सौहार्द और भाईचारे को बनाए रखने की भी अपील करते हैं।" 

जेसीसीआई बंद की अपील के जवाब में शहर की सभी दुकानें, व्यापारिक प्रतिष्ठान और सार्वजनिक परिवहन बंद हैं।

प्रशासन ने शहर में मोबाइल इंटरनेट सेवाओं को निलंबित कर दिया है जबकि फिक्स्ड लाइन ब्रॉडबैंड कनेक्शन की गति को धीमा कर दिया गया है। 

प्रशासन ने जम्मू के संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है।


कश्मीर आतंकी हमला आतंकवादियों की सबसे बड़ी गलती : मोदी

हमले के एक दिन बाद शुक्रवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि आतंकवादियों ने अपनी 'सबसे बड़ी गलती' की है और इस कृत्य के लिए जिम्मेदार लोगों को इसका अंजाम भुगताना होगा। 

प्रधानमंत्री ने नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर स्वदेशी ट्रेन 18 जिसका नाम बदलकर वंदे भारत एक्सप्रेस कर दिया गया है, को हरी झंडी दिखाने के एक कार्यक्रम के दौरान कहा, "हमने देश के सुरक्षा बलों को पूरी आजादी दे दी है। हमें उनकी बहादुरी और वीरता पर पूरा भरोसा है।" 

सीधे आतंकवादी समूहों को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा, "यहां तक कि जो लोग उन्हें आश्रय दे रहे हैं..वे जिम्मेदार हैं और उन्होंने सबसे बड़ी गलती की है। उन्हें इसकी बहुत बड़ी कीमत चुकानी होगी।" 

पाकिस्तान का नाम लिए बिना उसपर निशाना साधते हुए मोदी ने कहा, "हमारे पड़ोसी देश को पहले ही अंतर्राष्ट्रीय समुदाय द्वारा दरकिनार कर दिया गया है। इसके बावजूद अगर उसे लगता है कि वह अस्थिरता पैदा कर भारत के लिए समस्या पैदा कर सकता है तो यह उसकी गलती है।" 

पाकिस्तान का हमले में हाथ होने से इंकार

उधर इस्लामाबाद से ख़बर है कि पाकिस्तान ने जम्मू एवं कश्मीर के पुलवामा में सीआरपीएफ के काफिले पर हुए हमले में अपना हाथ होने से इनकार किया है। पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि यह हमला 'गंभीर चिंता का विषय' है।

बयान में कहा गया है, "हम ऐसे आक्षेप को खारिज करते हैं जिसमें भारत सरकार और मीडिया हलकों ने बिना किसी जांच के इस आतंकवादी हमले का संबंध पाकिस्तान से जोड़ दिया।"
(आईएएनएस के इनपुट के साथ)

संबंधित ख़बर: कश्मीर : आत्मघाती हमले में सीआरपीएफ के 40 से ज़्यादा जवान शहीद

Jammu and Kashmir
Pulwama
terrorist attack
millitants attack
CRPF Jawan Killed
Modi government
India and Pakistan

Related Stories

भाजपा के इस्लामोफ़ोबिया ने भारत को कहां पहुंचा दिया?

कश्मीर में हिंसा का दौर: कुछ ज़रूरी सवाल

कश्मीर में हिंसा का नया दौर, शासकीय नीति की विफलता

कटाक्ष: मोदी जी का राज और कश्मीरी पंडित

मोहन भागवत का बयान, कश्मीर में जारी हमले और आर्यन खान को क्लीनचिट

भारत में धार्मिक असहिष्णुता और पूजा-स्थलों पर हमले को लेकर अमेरिकी रिपोर्ट में फिर उठे सवाल

गैर-लोकतांत्रिक शिक्षानीति का बढ़ता विरोध: कर्नाटक के बुद्धिजीवियों ने रास्ता दिखाया

PM की इतनी बेअदबी क्यों कर रहे हैं CM? आख़िर कौन है ज़िम्मेदार?

कश्मीरी पंडितों के लिए पीएम जॉब पैकेज में कोई सुरक्षित आवास, पदोन्नति नहीं 

आख़िर फ़ायदे में चल रही कंपनियां भी क्यों बेचना चाहती है सरकार?


बाकी खबरें

  • राज वाल्मीकि
    सीवर में मौतों (हत्याओं) का अंतहीन सिलसिला
    01 Apr 2022
    क्यों कोई नहीं ठहराया जाता इन हत्याओं का जिम्मेदार? दोषियों के खिलाफ दर्ज होना चाहिए आपराधिक मामला, लेकिन...
  • अजय कुमार
    अगर हिंदू अल्पसंख्यक हैं, मतलब मुस्लिमों को मिला अल्पसंख्यक दर्जा तुष्टिकरण की राजनीति नहीं
    01 Apr 2022
    भाजपा कहती थी कि मुस्लिमों को अल्पसंख्यक कहना तुष्टिकरण की राजनीति है लेकिन केंद्र की भाजपा सरकार के सुप्रीम कोर्ट में दाखिल हलफनामे ने इस आरोप को खुद ख़ारिज कर दिया।  
  • एजाज़ अशरफ़
    केजरीवाल का पाखंड: अनुच्छेद 370 हटाए जाने का समर्थन किया, अब एमसीडी चुनाव पर हायतौबा मचा रहे हैं
    01 Apr 2022
    जब आम आदमी पार्टी की नेता आतिशी कहती हैं कि लोकतंत्र ख़तरे में है, तब भी इसमें पाखंड की बू आती है।
  • आज का कार्टून
    कार्टून क्लिक: क्या कुछ चर्चा महंगाई और बेरोज़गारी पर भी हो जाए
    01 Apr 2022
    सच तो ये है कि परीक्षा पर चर्चा अध्यापकों का काम होना चाहिए। ख़ैर हमारे प्रधानमंत्री जी ने सबकी भूमिका खुद ही ले रखी है। रक्षा मंत्री की भी, विदेश मंत्री की और राज्यों के चुनाव के दौरान मुख्यमंत्री…
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट/भाषा
    श्रीलंका में भी संकट गहराया, स्टालिन ने श्रीलंकाई तमिलों की मानवीय सहायता के लिए केंद्र की अनुमति मांगी
    01 Apr 2022
    पाकिस्तान के अलावा भारत के एक और पड़ोसी मुल्क श्रीलंका में भारी उथल-पुथल। आर्थिक संकट के ख़िलाफ़ जनता सड़कों पर उतरी। राष्ट्रपति गोटबाया राजपक्षे का इस्तीफ़ा मांगा।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License