NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
अफ़ग़ानिस्तान के सांसद कार बम विस्फोट में सुरक्षित, 10 नागरिकों की मौत
विस्फोटक से लदी कार ने सांसद हाजी खान मोहम्मद वारदक के वाहन को निशाना बनाया लेकिन निशाना चूक गया। इस हमले में कई कारों और आसपास के घरों को नुकसान पहुंचा।
पीपल्स डिस्पैच
22 Dec 2020
अफ़ग़ानिस्तान

21 दिसंबर को राजधानी काबुल में एक सांसद के काफिले के पास विस्फोटकों से लदी कार के विस्फोट से कम से कम 10 नागरिकों की मौत हो गई और बच्चों तथा बुजुर्गों सहित अन्य 52 लोग घायल हो गए। सांसद हाजी खान मोहम्मद वारदक के वाहन को निशाना बनाकर विस्फोट किया गया था। हालांकि यह निशाने से चूक गया और इससे कई कारों तथा आसपास के घरों को नुकसान पहुंचा।

जैसा ही सांसद वारदक का काफिला शहर के पीडी5 में स्पिन केले स्क्वायर की ओर बढ़ रहा था वैसे ही विस्फोटक से निशाना लगाया गया। सांसद के रास्ते में कार में रखे गए विस्फोटक के बारे में जानकारी अभी स्पष्ट नहीं है कि क्या ये आत्मघाती हमलावर थे। इस बीच, अधिकारियों ने पुष्टि की है कि छह नागरिकों को अस्पताल में भर्ती कराया गया जबकि अन्य को छुट्टी दे दी गई है।

किसी भी उग्रवादी संगठन ने इस हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है। सरकार के आंकड़ों के मुताबिक, तालिबान ने पिछले तीन महीनों में लगभग 37 आत्मघाती हमले और 510 विस्फोट किए हैं।

इस घटना से पहले 18 दिसंबर को मध्य अफगानिस्तान के गजनी प्रांत में एक बम विस्फोट में 15 नागरिक मारे गए जिसमें ज़्यादातर बच्चे थें। ऐसी ही घटना 15 दिसंबर को हुई जिसमें अफगान सैनिकों के 13 जवान मारे गए जब पुल ए खुमरी शहर में तालिबान विद्रोहियों ने दो सुरक्षा चौकियों पर हमला किया था।

उधर राष्ट्रपति अशरफ गनी की अगुवाई वाली अफगान सरकार दोहा में 5 जनवरी को फिर से शुरू होने वाले इंट्रा-अफगान वार्ता में सर्वोच्च प्राथमिकता के रूप में पूर्ण रूप से युद्ध विराम को अमली जामा पहनाने की कोशिश कर रही है। पिछले सप्ताह 15 दिसंबर को एक विस्फोट में काबुल के डिप्टी गवर्नर महबूबुल्लाह मुहिब्बी के साथ उनके सचिव की जिम्मेदारी लेने के बाद से हिंसा वृद्धि हुई है।

Afghanistan
kabul
Afghanistan Bomb Blast
Ashraf Ghani

Related Stories

भोजन की भारी क़िल्लत का सामना कर रहे दो करोड़ अफ़ग़ानी : आईपीसी

तालिबान को सत्ता संभाले 200 से ज़्यादा दिन लेकिन लड़कियों को नहीं मिल पा रही शिक्षा

रूस पर बाइडेन के युद्ध की एशियाई दोष रेखाएं

काबुल में आगे बढ़ने को लेकर चीन की कूटनीति

तालिबान के आने के बाद अफ़ग़ान सिनेमा का भविष्य क्या है?

अफ़ग़ानिस्तान हो या यूक्रेन, युद्ध से क्या हासिल है अमेरिका को

बाइडेन का पहला साल : क्या कुछ बुनियादी अंतर आया?

सीमांत गांधी की पुण्यतिथि पर विशेष: सभी रूढ़िवादिता को तोड़ती उनकी दिलेरी की याद में 

अफ़ग़ानिस्तान में सिविल सोसाइटी और अधिकार समूहों ने प्रोफ़ेसर फ़ैज़ुल्ला जलाल की रिहाई की मांग की

पाकिस्तान को मिला अफ़ग़ानिस्तान से झटका


बाकी खबरें

  • covid
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 2,067 नए मामले, 40 मरीज़ों की मौत
    20 Apr 2022
    देश की राजधानी दिल्ली में आज फिर कोरोना के नए मामले में बढ़ोतरी हुई है | दिल्ली में 24 घंटों में कोरोना के 632 नए मामले सामने आए हैं। साथ ही देश के अन्य राज्यों में कोरोना के मामलों में धीरे-धीरे बढ़ने…
  • जेनिफ़र हॉलेस
    यूक्रेन युद्ध: क्या गेहूं का संकट मध्य पूर्व के देशों को अधिक खाद्य स्वतंत्र बनाएगा?
    20 Apr 2022
    मध्य पूर्वी देश आने वाले गेहूं की कमी का मुकाबला करने के लिए अपनी खाद्य क्षमता को बढ़ा रहे हैं। लेकिन कुछ उत्साहजनक पहलों के बावजूद, मौजूदा चुनौतियां खाद्य संप्रभुता को लगभग असंभव बना रही हैं – ख़ास…
  • शारिब अहमद खान
    तालिबान को सत्ता संभाले 200 से ज़्यादा दिन लेकिन लड़कियों को नहीं मिल पा रही शिक्षा
    20 Apr 2022
    अफ़ग़ानिस्तान में लड़कियों की शिक्षा हासिल करने पर तालिबानी सरकार द्वारा रोक लगाए हुए 200 दिनों से ज़्यादा बीत चुके हैं। यह रोक अभी भी बदस्तूर जारी है।
  • जितेन्द्र कुमार
    मुसलमानों के ख़िलाफ़ हो रही हिंसा पर अखिलेश व मायावती क्यों चुप हैं?
    20 Apr 2022
    समाजवादी पार्टी या बहुजन समाज पार्टी के नेताओं की सबसे बड़ी परेशानी यही है कि वे संस्कृति के सवाल को ठीक से समझ ही नहीं पा रहे हैं। सामाजिक न्याय व हिन्दुत्व एक दूसरे का विरोधी है फिर भी मुसलमानों के…
  • jahangirpuri
    न्यूज़क्लिक टीम
    खोज ख़बर : VHP की दिल्ली पुलिस को धमकी, गृह मंत्री रहे चुप, प्रतिरोध में हुईं आवाज़ें तेज़
    19 Apr 2022
    खोज ख़बर में वरिष्ठ पत्रकार भाषा सिंह ने नफ़रती राजनीति के बेशर्म राजनीतिक कनेक्शन को कुछ तस्वीरों-घटनाओं के साथ सामने रखा। साथ ही इसके विरोध में उठे विपक्षी दलों के स्वरों को लोकतंत्र को जिंदा रखने…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License