NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
नेतन्याहू की विफलता के बाद इज़रायली राष्ट्रपति ने याइर लापिड को अगली सरकार बनाने का न्यौता दिया
याइर लापिड मुख्य विपक्षी पार्टी येश एटिड के नेता हैं। उनके पास गठबंधन बनाने और बहुमत प्राप्त करने के लिए 28 दिन का समय है।
पीपल्स डिस्पैच
06 May 2021
Yair Lapid

इजरायल के दक्षिणपंथी येश एटिड पार्टी के नेता याइर लापिड को अगले 28 दिनों के भीतर गठबंधन सरकार बनाने के लिए इजरायल के राष्ट्रपति रियूवेन रिवलिन द्वारा बुधवार 5 मई को कहा गया है। सत्तासीन प्रधानमंत्री बेंजमिन नेतन्याहू की मंगलवार आधी रात को समय सीमा समाप्त होने के बाद उन्हें बुलाया गया।

दो साल से कम समय में देश में चौथे आम चुनाव होने के बाद राष्ट्रपति ने पहले नेतन्याहू को सरकार बनाने के लिए 28 दिन की समय सीमा दी थी। नेतन्याहू की अतिदक्षिणपंथी लिकुड पार्टी ने 23 मार्च 2021 को हुए चुनावों में 30 सीटें जीती थीं। अप्रैल 2019 के बाद से दो वर्षों में इजरायल में हुए चौथे चुनाव में किसी भी पार्टी या राजनीतिक गठबंधन ने 120-सदस्यीय इजरायली केसेट (संसद) में बहुमत हासिल नहीं किया है।

इजरायल के सबसे लंबे समय तक प्रधानमंत्री रहे नेतन्याहू को 52 इजरायली सांसदों का समर्थन प्राप्त था लेकिन सरकार बनाने के लिए आवश्यक बहुमत (61 सीटों) को हासिल करने में विफल रहे।

लापिड को केसेट के 120 सदस्यों में से 56 सदस्यों का समर्थन प्राप्त है और 61 के बहुमत के आंकड़े तक पहुंचने के लिए सिर्फ 5 और सदस्यों की जरूरत है।

लापिड ने न केवल वामपंथी लेबर एंड मेरेट्ज पार्टी, दक्षिणपंथी पार्टी इसरायल बीटेनु पार्टी और सेंटर-राइट ब्लू एंड व्हाइट पार्टी जैसी पार्टियों का समर्थन हासिल है बल्कि दिलचस्प बात यह है कि उन्हें ज्वाइंट अरब लिस्ट के छह में से पांच सदस्यों का समर्थन भी प्राप्त हुआ।

लापिड को अब सरकार बनाने के लिए 61 सीटों के बहुमत की सीमा को पार करने के लिए पूर्व रक्षा मंत्री और नेतन्याहू के पूर्व सहयोगी नफ़तली बेनेट की अध्यक्षता वाली दक्षिणपंथी अल्ट्रानेशनलिस्ट यामिना पार्टी के सात सांसदों के समर्थन की आवश्यकता है। यदि यह सफल हुआ तो यह इजरायल के राजनीतिक इतिहास में पहली सरकार होगी जिसमें गठबंधन सरकार में अल्ट्रानेशनलिस्ट, जियोनिस्ट, दक्षिणपंथी पार्टियों के साथ साथ वामपंथी लेबर पार्टी और अरब पार्टियों को शामिल होता हुआ देखा जाएगा। अरब पार्टियां इज़रायल में 20 प्रतिशत अरब अल्पसंख्यक आबादी का प्रतिनिधित्व करती हैं।

Israel
Yair Lapid
Benjamin Netanyahu

Related Stories

न नकबा कभी ख़त्म हुआ, न फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध

अल-जज़ीरा की वरिष्ठ पत्रकार शिरीन अबु अकलेह की क़ब्ज़े वाले फ़िलिस्तीन में इज़रायली सुरक्षाबलों ने हत्या की

अमेरिका ने रूस के ख़िलाफ़ इज़राइल को किया तैनात

इज़रायली सुरक्षाबलों ने अल-अक़्सा परिसर में प्रार्थना कर रहे लोगों पर किया हमला, 150 से ज़्यादा घायल

लैंड डे पर फ़िलिस्तीनियों ने रिफ़्यूजियों के वापसी के अधिकार के संघर्ष को तेज़ किया

अमेरिका ने ईरान पर फिर लगाम लगाई

ईरान नाभिकीय सौदे में दोबारा प्राण फूंकना मुमकिन तो है पर यह आसान नहीं होगा

शता ओदेह की गिरफ़्तारी फ़िलिस्तीनी नागरिक समाज पर इस्राइली हमले का प्रतीक बन गया है

141 दिनों की भूख हड़ताल के बाद हिशाम अबू हव्वाश की रिहाई के लिए इज़रायली अधिकारी तैयार

2021: अफ़ग़ानिस्तान का अमेरिका को सबक़, ईरान और युद्ध की आशंका


बाकी खबरें

  • Indian Economy
    न्यूज़क्लिक टीम
    पूंजी प्रवाह के संकेंद्रण (Concentration) ने असमानता को बढ़ाया है
    31 Jan 2022
    पिछले एक दशक में, सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों द्वारा उधार देने का तरीका बदल गया है, क्योंकि बड़े व्यापारिक घराने भारत से बाहर पूंजी जुटाने की कोशिश कर रहे हैं। रोहित चंद्रा, जो आईआईटी दिल्ली में…
  • unemployment
    सोनिया यादव
    देश में बढ़ती बेरोज़गारी सरकार की नीयत और नीति का नतीज़ा
    31 Jan 2022
    बेरोज़गारी के चलते देश में सबसे निचले तबके में रहने वाले लोगों की हालत दुनिया के अधिकतर देशों के मुक़ाबले और भी ख़राब हो गई। अमीर भले ही और अमीर हो गए, लेकिन गरीब और गरीब ही होते चले जा रहे हैं।
  •  Bina Palikal
    राज वाल्मीकि
    हर साल दलित और आदिवासियों की बुनियादी सुविधाओं के बजट में कटौती हो रही है :  बीना पालिकल
    31 Jan 2022
    काफी सालों से देखते आ रहे हैं कि हर साल सोशल सेक्टर बजट- जो शिक्षा का बजट है, जो स्वास्थ्य का बजट है या जो बजट लोगों के उद्योग के लिए है, इस बजट की कटौती हर साल हम लोग देखते आ रहे हैं। आशा है कि इस…
  • abhisar
    न्यूज़क्लिक टीम
    एक चुटकी गाँधी गिरी की कीमत तुम क्या जानो ?
    31 Jan 2022
    न्यूज़ चक्र में आज अभिसार शर्मा राष्ट्रपिता महात्मा गाँधी को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए बता रहे हैं कि कैसे गाँधी देश को प्रेरित करते रहेंगे।
  • nirmala sitharaman
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट/भाषा
    2022-23 में वृद्धि दर 8-8.5 प्रतिशत रहेगी : आर्थिक समीक्षा
    31 Jan 2022
    समीक्षा के मुताबिक, 2022-23 का वृद्धि अनुमान इस धारणा पर आधारित हैं कि आगे कोई महामारी संबंधी आर्थिक व्यवधान नहीं आएगा, मानसून सामान्य रहेगा, कच्चे तेल की कीमतें 70-75 डॉलर प्रति बैरल के दायरे में…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License