NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
भोपाल: आख़िर सैक्स रैकेट का आरोपी प्यारे मियां अब तक कैसे बचा था!
बच्चियों के यौन शोषण का आरोपी प्यारे मियां अब पुलिस की गिरफ़्त में है। लेकिन विपक्ष इस मामले को लकर शिवराज सरकार से सवाल कर रहा है कि आख़िरकार इतने सालों तक प्यारे ये सब करता रहा, तो क्या इसके पीछे उसे कोई राजनीतिक संरक्षण मिला था?
सोनिया यादव
18 Jul 2020
प्यारे मियां

“बेटियों के विरुद्ध अपराध करने वाले मानवता के दुश्मन हैं और मैं उन्हें छोडूंगा नहीं।”

ये बयान मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने प्यारे मियां के सैक्स रैकेट का भांडाफोड़ होने पर दिया। मुख्यमंत्री भले ही अब अपराधी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की दो टूक बात कर रहे हों लेकिन विपक्ष इस मामले को लेकर शिवराज सरकार से सवाल कर रहा है कि आखिरकार इतने सालों तक प्यारे ये सब करता रहा, तो क्या इसके पीछे उसे कोई राजनीतिक संरक्षण मिला था?

क्या है पूरा मामला?

प्राप्त जानकारी के मुताबिक राजधानी भोपाल में रहने वाला प्यारे मियां, जो इस सैक्स रैकेट का मुख्य आरोपी है एक स्थानीय अखबार का मालिक है। ये अखबार उर्दू में प्रकाशित होता है। खबरों की मानें तो ये अखबार प्यारे मियां की कमाई का केवल एक नाममात्र जरिया है। असली कमाई तो प्यारे की उस गैरकानूनी काले धंधें से होती थी जिसमें वो कथित तौर पर कम उम्र की गरीब लड़कियों को रसूखदारों के यहां भेजकर अपना काम निकलवाया करता था, जिससे आज उसका कारोबार करोड़ों का है। पूर्व मंत्रियों से लेकर अफसरों से भी प्यारे के घनिष्ठ संबंध होने की बातें सामने आ रही हैं।

68 साल के प्यारे मियां का मामला तब सामने आया, जब 12 जुलाई की रात करीब तीन बजे रातीबड़ पुलिस की टीम गश्त कर रही थी और उन्हें कुछ नाबालिग लड़कियां सड़क पर संदिग्ध हालात में घूमते हुए दिखाई दीं। ये पांच लड़कियां थी और सभी शराब के नशे में थीं, इसलिए पुलिस ने उन्हें उस समय चाइल्ड हेल्प लाइन के हवाले कर दिया। जिसके बाद इन सभी से वहां पूछताछ हुई।

पूछताछ में लड़कियों ने प्यारे मियां के बारे में बताना शुरू किया। लड़कियों ने बताया कि वो शाहपुरा इलाके के विष्णु हाइट्स के एक फ्लैट में बर्थडे पार्टी में शामिल होने के लिए गईं थी। जहां प्यारे मियां ने उन्हें शराब पिलाई और पांचों में से एक का रेप भी किया। जिसके बाद लड़कियां नशे की हालत में वहीं से लौट रही थीं। कई लड़कियों ने ये भी खुलासा किया कि इस पार्टी में अलावा भी प्यारे मियां पहले कई बार पार्टियों में उन्हें बुला चुका है, जहां शराब पिलाकर वो इनका रेप करता रहा है।

मामला खुलने के बाद ही प्यारे मियां फरार हो गया। उस पर तीस हज़ार रुपये का इनाम भी रखा गया। पुलिस ने मामले की जांच के लिए एक SIT (स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम) बनाई। जिसने गुरुवार, 15 जुलाई को स्थानीय पुलिस की मदद से उसे श्रीनगर से गिरफ्तार किया।

SIT की जांच में क्या कुछ सामने आया है?

पुलिस के मुताबिक SIT ने जांच में पाया कि प्यारे करीब आठ बरस से नाबालिग लड़कियों का शोषण कर रहा था। जिसमें वो अपने साथियों की मदद से गरीब परिवार की लड़कियों को पैसे का लालच देता था, उनके खर्चे यहां तक की शादी कराने की भी ज़िम्मेदारी लेता था, और बदले में रेप करता था। हैरानी की बात है कि वो बच्चियों से खुद को ‘अब्बू’ कहलवाता था।

अब तक क्या-क्या एक्शन लिए गए?

13 जुलाई - पुलिस ने आरोपी प्यारे मियां की कई संपत्तियों को जमीनदोंज कर दिया। इसमें राजधानी के तलैया थाना क्षेत्र में स्थित प्यारे मियां का मैरिज हॉल भी शामिल था। एक अपार्टमेंट, जो कथित तौर पर सरकारी ज़मीन पर बना था, जिसमें कई सारे फ्लैट्स थे, उसे भी तोड़ दिया गया। प्यारे मियां को पत्रकार की हैसियत से मिली राज्य स्तरीय अधिमान्यता रद्द कर दी गई है। पत्रकार कोटे में अलाॅट ई श्रेणी के आवास का आवंटन भी रद्द कर दिया गया है।

pyare miyan 2.png

14 जुलाई - श्यामला हिल्स के अंसल अपार्टमेंट में प्यारे के फ्लैट पर छापा पड़ा। जहां से पुलिस ने बाहर से आयात की गई लाखों की शराब बरामद की। साथ ही पुलिस को चाइल्ड पॉर्नोग्राफिक मटेरियल और सेक्स वीडियो भी मिले।

15 जुलाई- SIT ने लोकेशन ट्रेसिंग और श्रीनगर पुलिस की मदद से प्यारे को गिरफ्तार कर लिया। जिसके बाद उसे हवाई मार्ग से श्रीनगर से भोपाल लाया गया।

16 जुलाई- प्यारें मियां को जिला कोर्ट में पेश किया गया। जहां उसे 5 दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया। राज्य सरकार के आदेश पर प्यारे के अखबार के लाइसेंस को रद्द करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

पुलिस का क्या कहना है?

भोपाल पुलिस के मुताबिक प्यारे मियां के खिलाफ शुरुआती जांच में पांच बच्चियों ने रेप के आरोप लगाए थे। लेकिन बाद में दो और बच्चियां सामने आईं, और बताया कि प्यारे उनका भी रेप करता था।

रातीबढ़ थाना क्षेत्र के इंचार्ज सुरेश तिवारी ने बताया कि रविवार सुबह जब प्यारे की पोल खुली तो वो थाने आया था, उसने लड़कियों को छोड़ने को लेकर पुलिस को धौंस जमाई थी। चूँकि तब तक एफ़आईआर दर्ज नहीं हुई थी, लिहाज़ा उसे पकड़ा नहीं गया था।

तिवारी के अनुसार मामले को रफा-दफा करने के लिये प्यारे की ओर से एक करोड़ रुपये की रिश्वत भी थाने को ऑफ़र हुई थी। इसकी सूचना पुलिस अफ़सरों को वक़्त पर दे दी गई थी।

भोपाल पुलिस के एक अधिकारी ने न्यूज़क्लिक से नाम न छापने की शर्त पर बताया कि इस केस में अब तक पांच गिरफ्तारियां हुई हैं। प्यारे मियां के अलावा उसके काम में साथ देने वाली उसकी 21 वर्षीय सेक्रेटरी, ड्राइवर अनस, प्यारे का साथी ओवैसी और एक पीड़ित बच्ची की दादी भी है। जिस पर आरोप है कि वो बच्ची को पैसों का लालच देकर प्यारे के लिए काम करने पर मजबूर करती थी।

बता दें कि स्थानीय पत्रकारों के मुताबिक पुलिस आरोपी प्यारे मियां को वीआईपी ट्रीटमेंट दे रही है। भोपाल जिला कोर्ट में पेश होने से पहले आरोपी अपने सिर पर पुलिस की टोपी लगाए हुए था। मीडिया का कैमरा देखने के बाद पुलिस ने उसके सिर पर लगी कैप को हटाया। पुलिस पर सवाल उठ रहा है कि पुलिस क्या आरोपी को वीआईपी ट्रीटमेंट दे रही है। पुलिस के बड़े अधिकारी क्या आरोपियों से मिले हुए हैं।

बच्चियों की लगातार हो रही है काउंसलिंग

स्थानीय पत्रकार कोमल सिंह के मुताबिक चाइल्ड हेल्पलाइन की टीम लगातार बच्चियों की काउंसलिंग कर रही है। जिसमें राज्य के कई बड़े और नामी-गिरामी लोगों के नाम सामने आने की उम्मीद जताई जा रही है। हालांकि अभी तक किसी रसूखदार का नाम सामने नहीं आया है।

कोमल ने न्यूज़क्लिक से बातचीत में बताया, 'प्यारे मियां के और भी कई मामलों का खुलासा पुलिस के सामने हुआ है। देश के अलावा वो विदेशों में भी लड़कियों को लेकर जाता था। कई देश जैसे दुबई, सिंगापुर और थाईलैंड के कनेक्शन भी सामने आ रहे हैं, जहां वह अपने दोस्तों के साथ उनका रेप करता था। हालांकि पुलिस अभी किसी का सीधे तौर पर नाम लेने से बच रही है।'

खबरों के मुताबिक इंदौर की रहने वाली एक 13 साल की बच्ची ने जिसे प्यारे ने गोद लिया था। उसने भी पुसिल के सामने गवाही दी है। जिसमें उसने भोपाल के शाहजहांनाबाद के एक निजी क्लीनिक में अबॉर्शन होने की बात भी बताई है।

विपक्ष ने क्या कहा?

कांग्रेस मीडिया विभाग के प्रभारी जीतू पटवारी ने इस मामले में शिवराज सरकार पर सवाल उठाते हुए इतने सालों से चले आ रहे इस सैक्स रैकेट की सांठ-गांठ को लेकर जांच की मांग की है।

एक बयान में जीतू पटवारी ने कहा, “अभी हाल ही में जो गिरफ्तारियां हुई हैं, उनसे इस आदमी की गलत हरकतों के बारे में हमें पता चला है। वो जो भी है, उसे लेकर ये जांच भी होनी चाहिए कि इतने बरसों से वो ये काम कैसे आसानी से कर ले रहा था।”

प्यारे के परिवार वालों का क्या कहना है?

आरोपी पत्रकार प्यारे मियां की बेटियों ने पुलिस पर उनके पिता को फंसाने का आरोप लगाया है। बेटियों का कहना है कि उनके पिता ने कोई अपराध नहीं किया, उन्हें फंसाया जा रहा है।

गौरतलब है मध्य प्रदेश में हनी ट्रैप और सेक्स रैकेट का ये कोई पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी प्यारे मियां कांड के पहले तत्कालीन कमलनाथ सरकार में हनी ट्रैप का एक अन्य सनसनीखेज मामला खुला था। कई पत्रकारों और सफेदपोशों के नाम उस कांड में आये थे। लड़कियाँ जेल में हैं। हनी ट्रैप का शिकार होने वालों में अनेक रसूख़दारों के अलावा कई आईएएस-आईपीएस अफ़सरों के नाम आये थे। ऑडियो-वीडियो भी सामने आये थे। इस मामले की जाँच भी एसआईटी कर रही है।

आखिर अभी तक प्यारे पर कार्रवाई क्यों नहीं हुई?

समाजिक कार्यकर्ता और पत्रकार ऋचा सिंह के अनुसार प्यारे को राजनीति से लेकर पुलिस और प्रशासन सबसे संरक्षण प्राप्त था। अपने इन्हीं कॉनटेक्ट के दम पर उसने अरबों की वैध संपत्ति हासिल की।

ऋचा कहती हैं, “लगभग 40 साल पहले जो आदमी अखबार में फोरमैन हुआ करता था, अब उसके पास करोड़ो-अरबों की संपत्ति है। सुंदरलाल पटवा सरकार में जब लॉटरी शुरू हुई तो उसके घोटालों की शुरुआत हुई। ‘खाईबाज़’ के तौर पर इसने जमकर दौलत कमाई। लेकिन सबसे जरूरी सवाल है कि आखिरकार अभी तक ये किसी भी सरकार की आंखों में चुभा क्यों नहीं?”

ऋचा आगे बताती हैं, “प्यारे पर पिछले पच्चीस साल से करीब 10 करोड़ रुपए से अधिक इनकम टैक्स बकाया है। उसके पास प्रदेश के कई शहरों में बंगले हैं। कई बार उसकी शिकायतें भी सामने आई हैं। फिर अब तक किसी ने कोई कार्रवाई क्यों नहीं की गई? वो अब तक कैसे बचा था? जाहिर है कुछ तो बात है।”

Madhya Pradesh
Bhopal
Pyare Miyan
Pyare Miyan Case
crimes against women
violence against women
Sexual abuse
Sexual abuse of Girl
Shivraj Singh Chauhan

Related Stories

हैदराबाद : मर्सिडीज़ गैंगरेप को क्या राजनीतिक कारणों से दबाया जा रहा है?

मायके और ससुराल दोनों घरों में महिलाओं को रहने का पूरा अधिकार

परिक्रमा वासियों की नज़र से नर्मदा

कड़ी मेहनत से तेंदूपत्ता तोड़ने के बावजूद नहीं मिलता वाजिब दाम!  

तेलंगाना एनकाउंटर की गुत्थी तो सुलझ गई लेकिन अब दोषियों पर कार्रवाई कब होगी?

मनासा में "जागे हिन्दू" ने एक जैन हमेशा के लिए सुलाया

‘’तेरा नाम मोहम्मद है’’?... फिर पीट-पीटकर मार डाला!

मध्य प्रदेश : खरगोन हिंसा के एक महीने बाद नीमच में दो समुदायों के बीच टकराव

कॉर्पोरेटी मुनाफ़े के यज्ञ कुंड में आहुति देते 'मनु' के हाथों स्वाहा होते आदिवासी

एमपी ग़ज़ब है: अब दहेज ग़ैर क़ानूनी और वर्जित शब्द नहीं रह गया


बाकी खबरें

  • parliament
    एम श्रीधर आचार्युलु
    भारतीय संसदीय लोकतंत्र का 'क़ानून' और 'व्यवस्था'
    03 Dec 2021
    बिना चर्चा या बहस के संसद से वॉकआउट, टॉक-आउट, व्यवधान और शासन ने 100 करोड़ से अधिक भारतीय नागरिकों की आकांक्षाओं को चोट पहुंचाई है।
  • covid
    न्यूज़क्लिक टीम
    कोरोना अपडेट: देश में आज दूसरे दिन भी एक्टिव मामले में हुई बढ़ोतरी  
    03 Dec 2021
    देश में 24 घंटों में कोरोना के 9,216 नए मामले दर्ज किए गए हैं। देश भर में अब एक्टिव मामलों की संख्या बढ़कर 0.29 फ़ीसदी यानी 99 हज़ार 976 हो गयी है।
  • abhisar
    न्यूज़क्लिक टीम
    संबित को पर्यटन विभाग का जिम्मा देने पर उठे सवाल
    02 Dec 2021
    बोल के लब आज़ाद हैं तेरे के इस अंक में वरिष्ठ अभिसार शर्मा बात कर रहे हैं भारतीय जनता पार्टी के प्रवक्ता संबित पात्रा को कैबिनेट की नियुक्ति समिति द्वारा भारत पर्यटन विकास निगम का अध्यक्ष नियुक्त किए…
  • daily
    न्यूज़क्लिक टीम
    यूपी चुनाव से पहले उठ रहा मथुरा के मंदिर का मुद्दा, UN ने किया ख़ुर्रम परवेज़ का समर्थन और अन्य ख़बरें
    02 Dec 2021
    न्यूज़क्लिक के डेली राउंडअप में आज हमारी नज़र रहेगी यूपी में घुल रहे सांप्रदायिक ज़हर, कार्यकर्ता ख़ुर्रम परवेज़ का UN ने किया समर्थन और अन्य ख़बरों पर।
  • bihar protest
    अनिल अंशुमन
    बिहार : शिक्षा मंत्री के कोरे आश्वासनों से उकताए चयनित शिक्षक अभ्यर्थी फिर उतरे राजधानी की सड़कों पर  
    02 Dec 2021
    शिक्षा मंत्री के कोरे आश्वासनों से उकताए चयनित शिक्षक अभ्यर्थी फिर राजधानी की सड़कों पर प्रदर्शन करने के लिए मजबूर हुए हैं। इनकी एक सूत्री मांग है कि सरकार नियुक्ति की तिथि बताए, वरना जारी रहेगा…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License