NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
बिहार चुनाव: आरजेडी और कांग्रेस का नीतीश पर जनादेश के अपहरण का आरोप
महागठबंधन का आरोप है कि कई बेहद कम मार्जिन वाली सीटों पर सत्ता के दबाव में हार-जीत बदल दी गई। हालांकि चुनाव आयोग ने ऐसी सभी आरोपों का खंडन करते हुए किसी भी तरह के पक्षपात या अनियमितता से इंकार किया है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
11 Nov 2020
Bihar-elections-RJD-and-Congress-accused-of-kidnapping-mandate-on-Nitish

दिल्ली/पटना: महागठबंधन की ओर से राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) और कांग्रेस ने बिहार विधानसभा चुनाव की मतगणना में गड़बड़ी का आरोप लगाया है। इन दलों ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में सत्तारूढ़ एनडीए पर ‘‘सत्ता का दुरुपयोग’’ करने का आरोप लगाया।

आरजेडी के राज्यसभा सदस्य और प्रवक्ता मनोज झा ने मंगलवार को कई बार मीडिया के सामने आकर मतगणना में धांधली का आरोप लगाया। उनका आरोप ख़ासकर उन सीटों को लेकर था जहां, हार-जीत का अंतर बेहद कम था। मनोज झा के मुताबिक कम मार्जिन की कई सीटों पर उन्हें पहले जीता हुआ बताकर बाद में हारा हुआ घोषित कर दिया गया। इसके लिए कई सीटों पर सत्ता पक्ष के इशारे पर री-काउंटिंग की गई, जबकि उनके प्रत्याशी की ओर से कहने पर री-काउंटिंग से इंकार कर दिया गया। उनके मुताबिक महागठबंधन को 119 सीटों पर जीतने के बावजूद सर्टिफिकेट नहीं दिए गए।

हालांकि बाद में चुनाव आयोग ने उनके आरोपों का खंडन करते हुए किसी भी तरह के पक्षपात या अनियमितता से इंकार किया।

आरजेडी की तरह ही कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने कहा कि किशनगंज और सकरा में पार्टी के उम्मीदवार जीते हैं लेकिन उन्हें जीत का प्रमाण पत्र नहीं दिया गया।

उन्होंने दावा किया कि किशनगंज में कांग्रेस उम्मीदवार 1,266 मतों से विजयी रहा।

सुरजेवाला ने कहा, ‘‘बिहार चुनाव में हम कितना फर्जीवाड़ा देखेंगे? किशनगंज से कांग्रेस उम्मीदवार 1,266 मतों से जीता लेकिन उसे जीत का प्रमाण पत्र नहीं दिया गया। लोकतंत्र की हत्या हुई है और जनादेश का अपहरण किया गया।’’

सुरजेवाला ने दावा किया कि सकरा में कांग्रेस उम्मीदवार 600 मतों से जीता लेकिन उसे 1,700 मतों के अंत से हारा हुआ घोषित किया गया।

वाम दलों ख़ासकर भाकपा माले ने भी एक-दो सीटों को लेकर इसी तरह की आपत्ति जताई।

निर्वाचन आयोग ने कहा: हम कभी दबाव में नहीं रहे

नयी दिल्ली: बिहार में कुछ विधानसभा सीटों पर मतगणना में कथित गड़बड़ी के कांग्रेस एवं राजद के आरोपों की पृष्ठभूमि में निर्वाचन आयोग ने मंगलवार को कहा कि वह कभी भी किसी के दबाव में नहीं रहा है।

आयोग के महासचिव उमेश सिन्हा ने यह भी कहा कि मतगणना में सभी प्रक्रियाओं का पालन किया जा रहा है।

उन्होंने संवाददाताओं से कहा, ‘‘आयोग पूरी तरह से मुस्तैद है और मतगणना सही ढंग से हो रही है। आयोग कभी भी किसी के दबाव में नहीं रहा है। जो प्रक्रियाएं हैं, उनका पालन हो रहा है। इन प्रक्रियाओं को पूरा करने के बाद नतीजों की घोषणा की जाएगी।’’

सिन्हा ने कहा कि जिन सीटों पर हार और जीत का अंतर खारिज किए गए डाक मत पत्रों से कम है वहां पुन: सत्यापन किया जाएगा।

निर्वाचन आयोग ने रात एक बजे फिर किए गए अपने संवाददाता सम्मेलन में कहा कि 223 सीटों का परिणाम घोषित कर दिया गया है और अंतिम परिणाम ‘‘एक घंटे में’’ आ जाएगा।

आयोग की वेबसाइट पर रात पौने दो बजे कहा गया कि 234 सीटों पर परिणाम घोषित कर दिया गया है और अब केवल नौ सीटों का परिणाम आना ही बाकी है।

इससे पहले कांग्रेस और राजद के नेताओं के एक प्रतिनिधिमंडल ने पटना में चुनाव आयोग के अधिकारियों से मुलाकात कर कुछ सीटों पर उनके उम्मीदवारों को हराए जाने का आरोप लगाया और कुछ सीटों पर फिर से मतगणना की मांग की।

आयोग के अधिकारियों का कहना है कि विभिन्न सरकारी सेवाओं से जुड़े लोगों से 1.6 लाख मत पत्र इलेक्ट्रानिक रूप से स्थानांतरित किए गए थे। करीब 52,000 डाक पत्रों का इस्तेमाल 80 वर्ष से अधिक आयु के लोगों और दिव्यांगजनों ने किया।

अधिकारियों ने इन आरोपों को खारिज कर दिया कि डाक पत्रों की गणना को बीच में ही रोक दिया गया।

कोविड-19 वैश्विक महामारी के मद्देनजर सामाजिक दूरी बनाए रखने के नियम के पालन के लिए आयोग ने 2015 विधानसभा चुनाव की तुलना में इस बार मतदान केन्द्रों की संख्या बढ़ा दी थी। इससे पहले, 2015 चुनाव में करीब 65,000 मतदान केन्द्र स्थापित किए गए थे, जिन्हें बढ़ाकर इस बार 1.06 लाख कर दिया गया था। इसके चलते इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) भी अधिक इस्तेमाल करनी पड़ीं।

इस बार हर मतदान केंद्र पर मतदाताओं की संख्या 1,000 से 1,500 तक तय की गई थी, ताकि सामाजिक दूरी सुनिश्चित की जा सके। इसके लिए मतदान केंद्रों की संख्या बढ़ानी पड़ी।

 (समाचार एजेंसी भाषा के इनपुट के साथ)

Bihar Elections
RJD
Congress accused
Nitish Kumar

Related Stories

बिहार: पांच लोगों की हत्या या आत्महत्या? क़र्ज़ में डूबा था परिवार

मंडल राजनीति का तीसरा अवतार जाति आधारित गणना, कमंडल की राजनीति पर लग सकती है लगाम 

बिहार : दृष्टिबाधित ग़रीब विधवा महिला का भी राशन कार्ड रद्द किया गया

बिहार : नीतीश सरकार के ‘बुलडोज़र राज’ के खिलाफ गरीबों ने खोला मोर्चा!   

बिहार : सरकारी प्राइमरी स्कूलों के 1.10 करोड़ बच्चों के पास किताबें नहीं

सवर्णों के साथ मिलकर मलाई खाने की चाहत बहुजनों की राजनीति को खत्म कर देगी

बिहार : गेहूं की धीमी सरकारी ख़रीद से किसान परेशान, कम क़ीमत में बिचौलियों को बेचने पर मजबूर

तेजप्रताप यादव की “स्टाइल ऑफ पॉलिटिक्स” महज मज़ाक नहीं...

बिहारः मुज़फ़्फ़रपुर में अब डायरिया से 300 से अधिक बच्चे बीमार, शहर के विभिन्न अस्पतालों में भर्ती

कहीं 'खुल' तो नहीं गया बिहार का डबल इंजन...


बाकी खबरें

  • Forest
    विजय विनीत
    EXCLUSIVE: सोती रही योगी सरकार, वन माफिया चर गए चंदौली, सोनभद्र और मिर्ज़ापुर के जंगल
    19 Jan 2022
    चंदौली, सोनभद्र और मिर्ज़ापुर के जंगलों में अब शेर, बाघ, मोर और काले हिरणों का शोर नहीं सुनाई देता। अब यहां कुछ सुनाई देता है तो धूल उड़ाते भारी वाहनों का भोपू और नदियों का सीना चीरकर बालू निकालती…
  • Cartoon
    आज का कार्टून
    कार्टून क्लिक: पर्यटन की हालत पर क्यों मुस्कुराई अर्थव्यवस्था!
    19 Jan 2022
    ऐसा क्या हुआ कि पर्यटन की हालत देख अर्थव्यवस्था की हंसी छूट गई!
  • Taliban
    एम के भद्रकुमार
    पाकिस्तान-तालिबान संबंधों में खटास
    19 Jan 2022
    अमेरिका इस्लामाबाद के साथ तालिबान के संबंध में उत्पन्न तनाव का फायदा उठाने की तैयारी कर रहा है।
  • JNU protest
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    जेएनयू में छात्रा से छेड़छाड़, छात्र संगठनों ने निकाला विरोध मार्च
    19 Jan 2022
    जेएनयू परिसर में पीएचडी कर रही एक छात्रा के साथ सोमवार रात कथित तौर पर छेड़खानी की गई। मामला सामने आने के बाद मंगलवार को छात्रों और शिक्षकों ने परिसर में सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं होने का आरोप…
  • census
    अनिल जैन
    जनगणना जैसे महत्वपूर्ण कार्य को क्यों टाल रही है सरकार?
    19 Jan 2022
    सवाल है कि कोरोना महामारी के चलते सरकार का कोई काम नहीं रूका है, तो फिर जनगणना जैसे बेहद महत्वपूर्ण कार्य को हल्के में लेते हुए क्यों टाला जा रहा है?
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License