NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
ब्लैक लाइव्स मैटर यूके ने इज़रायल की एनेक्सेशन योजना का विरोध किया
एक के बाद एक ट्वीट में नस्लवाद-विरोधी इस आंदोलन ने 1 जुलाई से शुरू होने वाली इज़रायल की योजना की निंदा की।
पीपल्स डिस्पैच
29 Jun 2020
ब्लैक लाइव्स मैटर

ब्लैक लाइव्स मैटर आंदोलन के यूनाइटेड किंगडम (यूके) चैप्टर ने जॉर्डन घाटी सहित क़ब्ज़े वाले वेस्ट बैंक के बड़े हिस्से के एनेक्सेशन के इज़रायल की योजनाओं को ख़ारिज करते हुए रविवार 28 जून को फिलिस्तीनियों के साथ अपना समर्थन और एकजुटता की घोषणा की

आधिकारिक BlackLivesMatterUK ट्विटर अकाउंट पर रविवार को पोस्ट किए गए एक ट्वीट में इस आंदोलन ने लिखा, "चूंकि इज़रायल वेस्ट बैंक के एनेक्सेशन की योजना के साथ आगे बढ़ रहा है और मुख्यधारा की ब्रिटिश राजनीति यहूदीवाद और इज़रायल के बसने वाले औपनिवेशिक लक्ष्य की आलोचना से ग्रस्त है ऐसे में हम पुरजोर तरीके से और स्पष्ट रूप से कहते हैं कि हम फिलिस्तीनी साथियों के साथ खड़े हैं। फ्री पैलेस्टाइन।"

इस मुद्दे पर ब्रिटिश राजनीति की चुप्पी पर भी इस आंदोलन ने चिंता व्यक्त की। उस पर "यहूदीवाद और इज़रायल के बसने वाले औपनिवेशिक लक्ष्यों की आलोचना से ग्रस्त" होने का आरोप लगाया गया।

फिलिस्तीन के समर्थन को लेकर विभिन्न प्रमुख ब्रिटिश यहूदी व्यक्तियों सहित यूके बोर्ड ऑफ डिप्यूटीज के अध्यक्ष की तरफ से आलोचना सामने आने के बाद इन्होंने BlackLivesMattersUK’s को "निराश करने वालों से परे" और "एंटी-सेमेटिक ट्रोप" का इस्तेमाल करने के रूप में वर्णित करते हुए ट्विट किया। नस्लवाद-विरोधी इस आंदोलन ने फिलिस्तीन को अपने समर्थन की पुष्टि करने के लिए और अधिक ट्वीट करते हुए प्रतिक्रिया व्यक्त की। ट्वीट में लिखा कि "सुनियोजित नस्लवाद के ख़िलाफ़ लड़ाई में फिलिस्तीनियों से एकजुटता और जानकारी हासिल करना हमेशा हमारे साझा संघर्ष और साझा ताकत का हिस्सा रहा है।"

इज़रायल 1 जुलाई से शुरू होने वाले वेस्ट बैंक और जॉर्डन घाटी के पर्याप्त हिस्सों को मिलाने के लिए तैयार है और क़ब्ज़े वाले उन ज़मीनों में बनी अवैध इज़रायली बस्तियों को मान्यता देने के प्रयास में इन क्षेत्रों पर अपनी संप्रभुता जाहिर करता है। अंतर्राष्ट्रीय क़ानून और संयुक्त राष्ट्र के प्रस्तावों का उल्लंघन करते हुए इन बस्तियों का निर्माण किया गया और इसे वार क्राइम (युद्ध अपराध) माना जाता है। कई लोग फिलिस्तीनियों और इज़रायल राष्ट्र के बीच द्विराष्ट्र समाधान को एक विनाश के दस्तक के रूप में इस एनेक्सेशन योजना भी देखते हैं क्योंकि यह एक स्वतंत्र, व्यवहार्य, फिलीस्तीनी राष्ट्र की स्थापना को लगभग असंभव बना देगा।

प्रधानमंत्री नेतन्याहू के नेतृत्व में नई गठबंधन सरकार के गठन के बाद से उन्होंने यूएनएससी और अन्य अंतरराष्ट्रीय संगठनों द्वारा उठाए गए चिंताओं के बावजूद मिलाने की अपनी योजना को बार बार दोहराया है। यूरोपीय संघ और अरब लीग सहित कई देशों और समूहों ने इज़रायली सरकार को अपनी योजना से दूर रहने के लिए कहा है। फिलिस्तीनी प्रस्तावित एनेक्सेशन के ख़िलाफ़ क़ब्ज़े वाले क्षेत्रों में इस फैसले के खिलाफ बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन करते रहे हैं।

Black Lives Matter
UK
Palestine
Palestine Election
Benjamin Netanyahu

Related Stories

जॉर्ज फ्लॉय्ड की मौत के 2 साल बाद क्या अमेरिका में कुछ बदलाव आया?

फ़िनलैंड-स्वीडन का नेटो भर्ती का सपना हुआ फेल, फ़िलिस्तीनी पत्रकार शीरीन की शहादत के मायने

न नकबा कभी ख़त्म हुआ, न फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध

अल-जज़ीरा की वरिष्ठ पत्रकार शिरीन अबु अकलेह की क़ब्ज़े वाले फ़िलिस्तीन में इज़रायली सुरक्षाबलों ने हत्या की

इज़रायली सुरक्षाबलों ने अल-अक़्सा परिसर में प्रार्थना कर रहे लोगों पर किया हमला, 150 से ज़्यादा घायल

लैंड डे पर फ़िलिस्तीनियों ने रिफ़्यूजियों के वापसी के अधिकार के संघर्ष को तेज़ किया

प्रधानमंत्री ने गलत समझा : गांधी पर बनी किसी बायोपिक से ज़्यादा शानदार है उनका जीवन 

युद्ध के प्रचारक क्यों बनते रहे हैं पश्चिमी लोकतांत्रिक देश?

शता ओदेह की गिरफ़्तारी फ़िलिस्तीनी नागरिक समाज पर इस्राइली हमले का प्रतीक बन गया है

141 दिनों की भूख हड़ताल के बाद हिशाम अबू हव्वाश की रिहाई के लिए इज़रायली अधिकारी तैयार


बाकी खबरें

  • up elections
    न्यूज़क्लिक टीम
    यूपी में न Modi magic न Yogi magic
    06 Mar 2022
    Point of View के इस एपिसोड में पत्रकार Neelu Vyas ने experts से यूपी में छठे चरण के मतदान के बाद की चुनावी स्थिति का जायज़ा लिया। जनता किसके साथ है? प्रदेश में जनता ने किन मुद्दों को ध्यान में रखते…
  • poetry
    न्यूज़क्लिक डेस्क
    इतवार की कविता : 'टीवी में भी हम जीते हैं, दुश्मन हारा...'
    06 Mar 2022
    पाकिस्तान के पेशावर में मस्जिद पर हमला, यूक्रेन में भारतीय छात्र की मौत को ध्यान में रखते हुए पढ़िये अजमल सिद्दीक़ी की यह नज़्म...
  • yogi-akhilesh
    प्रेम कुमार
    कम मतदान बीजेपी को नुक़सान : छत्तीसगढ़, झारखण्ड या राजस्थान- कैसे होंगे यूपी के नतीजे?
    06 Mar 2022
    बीते कई चुनावों में बीजेपी को इस प्रवृत्ति का सामना करना पड़ा है कि मतदान प्रतिशत घटते ही वह सत्ता से बाहर हो जाती है या फिर उसके लिए सत्ता से बाहर होने का खतरा पैदा हो जाता है।
  • modi
    डॉ. द्रोण कुमार शर्मा
    तिरछी नज़र: धन भाग हमारे जो हमें ऐसे सरकार-जी मिले
    06 Mar 2022
    हालांकि सरकार-जी का देश को मिलना देश का सौभाग्य है पर सरकार-जी का दुर्भाग्य है कि उन्हें यह कैसा देश मिला है। देश है कि सरकार-जी के सामने मुसीबत पर मुसीबत पैदा करता रहता है।
  • 7th phase
    रवि शंकर दुबे
    यूपी चुनाव आख़िरी चरण : ग़ायब हुईं सड़क, बिजली-पानी की बातें, अब डमरू बजाकर मांगे जा रहे वोट
    06 Mar 2022
    उत्तर प्रदेश में अब सिर्फ़ आख़िरी दौर के चुनाव होने हैं, जिसमें 9 ज़िलों की 54 सीटों पर मतदान होगा। इसमें नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी समेत अखिलेश का गढ़ आज़मगढ़ भी शामिल है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License