NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
कोविड-19
फिल्में
कोरोना महामारी के कारण बॉलीवुड उद्योग को भी हुआ हजारों करोड़ का नुकसान
‘सालाना हिंदी फिल्मों की कमाई लगभग 3,000 करोड़ रुपये रहती होगी, लेकिन इस साल केवल 500-600 करोड़ रुपये की आमदनी हुई है। इसलिए हमें कम से कम 1,700-2,000 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। यह अनुमानित नुकसान है क्योंकि 2020 में रिलीज होने वाली फिल्में अब 2021 में रिलीज होंगी।’’
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
29 Dec 2020
कोरोना महामारी के कारण बॉलीवुड उद्योग को भी हुआ हजारों करोड़ का नुकसान

मुंबई : पिछले कई सालों से देश की अर्थव्यवस्था कमज़ोर पड़ती दिखी परन्तु इस कोरोना माहमारी ने पूरी अर्थव्यवथा के कमर तोड़  कर रख दी।  इससे देश का कोई भी उद्योग बच नहीं पाया।  देश आर्थिक सभी क्षेत्रों की तरह यह साल भारतीय फिल्म उद्योग के लिए बहुत मुश्किल भरा रहा है। कोरोना वायरस महामारी के कारण लागू लॉकडाउन में निर्माण रुक गए, सिनेमाघरों के दरवाजे बंद हो गए, जिससे हजारों करोड़ रुपये के राजस्व का नुकसान हुआ और इस उद्योग से जुड़े हजारों लोग बेरोजगार हो गए।

कोरोना वायरस महामारी ने इस  उद्योग के लिये साल 2020 में अप्रत्याशित चुनौती पेश की, जिससे मनोरंजन उद्योग पूरी तरह ठहर गया। हालांकि, कितना नुकसान हुआ है इसके कोई सटीक आंकड़े नहीं हैं लेकिन कुछ अंदरूनी सूत्रों का अनुमान है कि नुकसान 1500 करोड़ रुपये से लेकर ‘हजारों करोड़’ रुपये तक का हो सकता है। उन्होंने कहा कि सिंगल स्क्रीन थिएटरों को महीने का नुकसान 25 से 75 लाख रुपये के बीच हुआ होगा।

ट्रेड एनालिस्ट अमूल मोहन के मुताबिक, एक साल में करीब 200 हिंदी फिल्में बनती हैं और बॉलीवुड की सालाना बॉक्स ऑफिस कमाई 3,000 करोड़ रुपये से कुछ ज्यादा ही होती है।

उन्होंने पीटीआई-भाषा से कहा,“हालांकि यह साल कुछ अलग रहा है और चीजें योजना के अनुसार नहीं हुई हैं।”

यह दोहरी मुश्किल की घड़ी है। एक ओर जहां फिल्में या अन्य मनोरंजन सामग्रियों का प्रदर्शन या तो टालना पड़ रहा है या फिर मजबूरन उन्हें ओटीटी प्लेटफॉर्म पर रिलीज किया जा रहा है। वहीं, दूसरी ओर नौ महीनों बाद देश के कई हिस्सों में सिनेमाघर खुल तो गए हैं लेकिन अब भी लोग वहां फिल्में देखने जाने से कतरा रहे हैं। इस समस्या से निपटने के लिए दर्शकों को लुभाने के लिये कोई नयी फिल्म भी नहीं है।

इसकी एक वजह जहाँ लोगो को महामारी का भय है तो दूसरी तरफ़ गंभीर आर्थिक संकट भी इसकी एक वजह है ,जिससे लोगो सिनेमा या अन्य विलासिता के उपभोग से बच रहे है।
  
एफडब्ल्यूआईसीई के अध्यक्ष बी एन तिवारी ने कहा कि यह उद्योग के लिए तबाही लेकर आया है, जिसमें लाखों लोग काम करते हैं। उन्होंने कहा कि लगभग पाँच लाख लोग फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लॉइज (एफडब्ल्यूआईसीई) के साथ पंजीकृत हैं, जिनमें अभिनेता, निर्देशक और निर्माता भी शामिल हैं। इनमें से 2.5 लाख 'श्रमिक' हैं, जिनमें जूनियर कलाकार, मेकअप आर्टिस्ट, सेट डिजाइनर, बढ़ई और बैकग्राउंड डांसर शामिल हैं, व्यापार पर्यवेक्षक हिमेश मांकड के अनुसार, यह नुकसान अगले साल भी हो सकता है।

मांकड ने कहा, ‘‘सालाना हिंदी फिल्मों की कमाई लगभग 3,000 करोड़ रुपये रहती होगी, लेकिन इस साल केवल 500-600 करोड़ रुपये की आमदनी हुई है। इसलिए हमें कम से कम 1,700-2,000 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। यह अनुमानित नुकसान है क्योंकि 2020 में रिलीज होने वाली फिल्में अब 2021 में रिलीज होंगी।’’

मांकड ने कहा, ‘‘(लेकिन) ब्याज लागत, ओवरहेड लागत भी होगी, जिसके कारण प्रत्येक फिल्म का बजट 5 से 15 करोड़ रुपये तक बढ़ सकता है। इसे अतिरिक्त खर्च कहा जा सकता है।’’ उन्होंने कहा कि इसका प्रभाव कुछ समय के लिए महसूस किया जाएगा।

(समाचार एजेंसी भाषा इनपुट के साथ )

COVID-19
Coronavirus
bollywood

Related Stories

कोरोना अपडेट: देश में कोरोना ने फिर पकड़ी रफ़्तार, 24 घंटों में 4,518 दर्ज़ किए गए 

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 3,962 नए मामले, 26 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: देश में 84 दिन बाद 4 हज़ार से ज़्यादा नए मामले दर्ज 

कोरोना अपडेट: देश में कोरोना के मामलों में 35 फ़ीसदी की बढ़ोतरी, 24 घंटों में दर्ज हुए 3,712 मामले 

कोरोना अपडेट: देश में पिछले 24 घंटों में 2,745 नए मामले, 6 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: देश में नए मामलों में करीब 16 फ़ीसदी की गिरावट

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में कोरोना के 2,706 नए मामले, 25 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 2,685 नए मामले दर्ज

कोरोना अपडेट: देश में पिछले 24 घंटों में कोरोना के 2,710 नए मामले, 14 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: केरल, महाराष्ट्र और दिल्ली में फिर से बढ़ रहा कोरोना का ख़तरा


बाकी खबरें

  • covid
    न्यूज़क्लिक टीम
    कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटे में 12,729 नए मामले, 221 मरीज़ों की मौत
    05 Nov 2021
    देश में कोरोना संक्रमण के मामलों की संख्या बढ़कर 3 करोड़ 43 लाख 33 हज़ार 754 हो गयी है।
  • Diagnosis and Recovery Long
    दित्सा भट्टाचार्य
    अध्ययन बताता है कि मल्टीड्रग-रेसिस्टेंट ट्यूबरकुलोसिस रोगियों की पहचान और इलाज का सफ़र लंबा और महंगा है
    05 Nov 2021
    इस रिपोर्ट में ज़िक़्र किया गया है कि कैसे एमडीआर-टीबी के 128 (49%) रोगियों में से 62 रोगियों के होने वाले ख़र्च के आकलन से पता चला कि औसत ख़र्च 10,000 रुपये था, और 14 (23%) रोगियों ने बताया कि यह…
  • akhilesh
    अरुण कुमार त्रिपाठी
    उत्तर प्रदेशः छोटी छोटी पार्टियों की बड़ी बेचैनी
    05 Nov 2021
    ध्यान से देखा जाए तो यह होड़ उत्तर प्रदेश की विभिन्न जातियों की सामाजिक-राजनीतिक हलचल है। यह छोटी जातियों का राजनीतिकरण है जो हिंदुत्व और समाजवाद के बड़े बड़े आख्यानों के बीच अपने लिए सम्मान और सत्ता…
  • kisan diwali
    लाल बहादुर सिंह
    उपचुनाव नतीजों के बाद पैनिक मोड में आई मोदी सरकार क्या किसान-आंदोलन पर भी यू-टर्न लेगी? 
    05 Nov 2021
    अगले 1-2 महीने बेहद निर्णायक हैं आंदोलन के भविष्य के लिए। इस दौरान  एक ओर सरकार किसी न किसी तरह आंदोलन खत्म कराने के अधिकतम दबाव में रहेगी, दूसरी ओर आंदोलन के सामने न सिर्फ अपने को मजबूती से टिकाए…
  • diwali crackers
    शंभूनाथ शुक्ल
    दिवाली, पटाख़े और हमारी हवा
    04 Nov 2021
    दशहरा या दिवाली पर पटाख़े फोड़ने का कोई भी धार्मिक विधि-विधान नहीं है लेकिन जिनके पास अतिरिक्त धन है, उनको दिवाली पर पटाख़ों को फोड़ने में आनंद मिलता है। शायद इस तरह वे अपने वैभव का प्रदर्शन करते हों।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License