NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
आंदोलन
भारत
राजनीति
असम में हालात लगातार खराब, लोगों ने किया कर्फ्यू का उल्लंघन, पुलिस ने चलाई गोलियां
असम में नागरिकता संशोधन विधेयक (कैब) के खिलाफ विरोध प्रदर्शन का दौर और तेज हो गया है। राज्‍य के कुछ स्‍थानों पर पुलिस को गोली भी चलानी पड़ी है। इस बीच सीएम ने प्रदर्शनकारियों से शांति बनाए रखने की अपील की है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
12 Dec 2019
CAB
Image courtesy: NewIndianexpress

गुवाहाटी: असम में नागरिकता विधेयक को लेकर विरोध और तेज हो गया है। गुवाहाटी में हजारों लोग कर्फ्यू का उल्लंघन करते हुए बृहस्पतिवार को सड़क पर उतर आए और कई स्थानों पर स्थिति को काबू में करने के लिए पुलिस को गोलियां भी चलानी पड़ी।

पुलिस ने बताया कि लालुंग गांव में उन्हें गोलियां भी चलानी पड़ी क्योंकि प्रदर्शनकारियों ने उन पर पत्थरबाजी की। प्रदर्शनकारियों का दावा है कि इस घटना में चार लोग घायल हो गए। यही नहीं पुलिस को गुवाहाटी-शिलांग रोड सहित अन्य इलाकों में भी गोलियां चलानी पड़ी। ये क्षेत्र युद्ध क्षेत्र में तब्दील हो चुके हैं क्योंकि प्रदर्शनकारियों ने दुकानों और इमारतों में तोड़फोड़ करने के साथ ही सड़कों पर टायर जलाए। प्रदर्शकारियों और सुरक्षाबलों के बीच झड़प भी हुई है।

छात्र संगठन आसू और किसान संगठन केएमएसएस ने लताशील मैदान में लोगों को जुटने के लिए आह्वान किया था। इसमें सैकड़ों लोगों ने हिस्सा लिया। प्रतिबंध के बावजूद भी इस रैली में फिल्म और संगीत क्षेत्र की कई हस्तियों ने हिस्सा लिया। कॉलेज और विश्वविद्यालय के छात्रों के साथ जुबिन गर्ग भी सभा में शामिल हुए।

आसू के सलाहकार सामूजल भट्टाचार्य ने इस सभा में कहा, ‘प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने इस विधेयक का पारित होना सुनिश्चित कराके असम के लोगों के साथ धोखा किया है।’

आसू और नॉर्थ ईस्ट स्टूडेंट्स ऑर्गेनाइजेशन (एनईएसओ) के नेताओं ने कहा कि वह हर साल 12 दिसंबर को ‘काला दिवस’ के रूप में मनाएंगे। कामरूप जिले में कार्यालय, स्कूल और कॉलेज पूरी तरह से बंद रहे। यहां दुकानें बंद हैं और राष्ट्रीय राजमार्ग 31 सहित विभिन्न मार्गों पर सड़कों से गाड़ियां नदारद है क्योंकि इसे बंद किया जा रहा है।

पुलिस ने बताया कि उन्हें रंगिया शहर में तीन गोलियां चलानी पड़ी क्योंकि प्रदर्शनकारियों ने उन पर पत्थर और जले हुए टायर फेंके। शहर के कई स्थानों पर प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज भी हुआ।

अधिकारियों ने बताया कि पुलिस को गोलाघाट जिले में भी हवा में गोलियां चलानी पड़ी क्योंकि प्रदर्शकारियों ने राष्ट्रीय राजमार्ग 39 बंद कर रखा था और पुलिस उन्हें तितर-बितर करने का प्रयास कर रही थी।

लखीमपुर और चराईदेव जिलों के चाय बागानों में श्रमिकों ने काम करना बंद कर दिया है। इसके अलावा गोलाघाट के नुमालीगढ़ और तिनसुकिया जिलों के कुछ इलाकों में भी श्रमिकों ने काम करना बंद कर दिया है।

राज्य के सभी शैक्षणिक संस्थान बंद हैं। राज्य के विभिन्न इलाकों में सेना के पांच कॉलम तैनात हैं और वे गुवाहाटी, तिनसुकिया, जोरहाट और डिब्रूगढ़ में फ्लैग मार्च कर रहे हैं।
असम से आने-जाने वाली कई ट्रेनें और उड़ानें निलंबित कर दी गई है।

कर्फ्यू के कारण हवाई अड्डे पर फंसे लोग

नागरिकता विधेयक को लेकर असम में हालात लगातार चिंताजनक बने हुए हैं और अनिश्चितकालीन कर्फ्यू तथा इंटरनेट सेवाएं बंद होने से सैकड़ों यात्री गुवाहाटी हवाई अड्डे पर फंसे हुए हैं।

शहर से 30 किलोमीटर दूर बोरझार स्थित लोकप्रिय गोपीनाथ बारदोलोई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के भीतर और बाहर छात्रों से लेकर कामकाजी पेशेवर, बुजुर्गों से लेकर महिलाओं तक की भीड़ देखी जा सकती है।

सुरक्षाबल हवाई अड्डे पर कड़ी नजर रखे हुए हैं। असम पुलिस और कमांडो की तैनाती की गई है। हवाई अड्डा परिसर के भीतर प्रीपेड टैक्सी काउंटर पर सेवायें बंद हैं। आईआईटी गुवाहाटी से सिविल इंजीनियरिंग में एमटेक कर रही पूजा शर्मा और पीएचडी कर रहे हर्षल कावले भी हवाई अड्डे पर फंसे हुए हैं।

पूजा ने कहा, ‘पता नहीं अमीनगांव में मैं कैंपस तक कैसे पहुंचूंगी । मैंने आईआईटी गुवाहाटी अधिकारियों से बात करने की भी कोशिश की लेकिन सड़कों पर वाहनों का प्रवेश निषेध है तो मैं यहां फंसी हुई हूं।’

सुबह की फ्लाइट से जयपुर से यहां आई कंचन पारीख ने कहा, ‘मेरे माता-पिता गुवाहाटी में रहते हैं। दो साल पहले शादी के बाद मैं जयपुर बस गई।’

उसने कहा, ‘मैंने कुछ दिन पहले अपने टिकट बुक किये थे लेकिन मेरी मां ने शहर के हालात को देखते हुए मुझे टिकट रद्द कराने को कहा। मैंने टिकट रद्द नहीं कराये क्योंकि विमान सेवायें चालू थीं। मुझे नहीं पता था कि यहां हालात इतने खराब हैं। मैंने अपने पिता से संपर्क किया जो यहां दुपहिया वाहन से आये।’

यात्रियों की परेशानी और बढ़ गई है क्योंकि स्थानीय टैक्सी चालक उनसे मनमाने किराये वसूल रहे हैं। ईटानगर, दीमापुर और आइजोल जाने वाले कई यात्रियों के पास इंतजार के अलावा कोई चारा नहीं है।

सैनिक उस्मान साब अपनी पत्नी और साढे़ तीन साल के बच्चे के साथ बेंगलुरू से आये हैं। उन्होंने कहा, ‘मैं दीमापुर में रहता हूं लेकिन पता नहीं गुवाहाटी रेलवे स्टेशन कैसे पहुंचूं।’

दीमापुर के रहने वाले और जयपुर से एक शादी में शिरकत करके आये एक चार्टर्ड अकाउंटेंट अजीत जैन ने कहा, ‘मैं एक शादी के लिये जयपुर गया था लेकिन ट्रेन रद्द हो गई। मैंने गुवाहाटी की फ्लाइट की टिकट कराई। अब मैं दीमापुर जाने का जरिया तलाश रहा हूं।’

नागरिकता (संशोधन) विधेयक बुधवार को राज्यसभा में पारित हो गया। इससे पहले यह विधेयक सोमवार को लोकसभा में पारित हो चुका है। इसमें अफगानिस्तान, बांग्लादेश और पाकिस्तान से धार्मिक प्रताड़ना के कारण 31 दिसंबर 2014 तक भारत आए गैर मुस्लिम शरणार्थी- हिन्दू, सिख, बौद्ध, जैन, पारसी और ईसाई समुदायों के लोगों को भारतीय नागरिकता देने का प्रावधान है।

(समाचार एजेंसी भाषा इनपुट के साथ)

CAB
CAB Protests
Citizenship Amendment Bill
Supreme Court
Firing in Assam
Army's flagmarch
CAB Protest In all over India
Narendra modi
कर्फ्यू
हवाई अड्डे पर फंसे लोग

Related Stories

गैर-लोकतांत्रिक शिक्षानीति का बढ़ता विरोध: कर्नाटक के बुद्धिजीवियों ने रास्ता दिखाया

छात्र संसद: "नई शिक्षा नीति आधुनिक युग में एकलव्य बनाने वाला दस्तावेज़"

दलितों पर बढ़ते अत्याचार, मोदी सरकार का न्यू नॉर्मल!

आईपीओ लॉन्च के विरोध में एलआईसी कर्मचारियों ने की हड़ताल

लंबे संघर्ष के बाद आंगनवाड़ी कार्यकर्ता व सहायक को मिला ग्रेच्युटी का हक़, यूनियन ने बताया ऐतिहासिक निर्णय

सार्वजनिक संपदा को बचाने के लिए पूर्वांचल में दूसरे दिन भी सड़क पर उतरे श्रमिक और बैंक-बीमा कर्मचारी

झारखंड: केंद्र सरकार की मज़दूर-विरोधी नीतियों और निजीकरण के ख़िलाफ़ मज़दूर-कर्मचारी सड़कों पर उतरे!

दो दिवसीय देशव्यापी हड़ताल को मिला व्यापक जनसमर्थन, मज़दूरों के साथ किसान-छात्र-महिलाओं ने भी किया प्रदर्शन

देशव्यापी हड़ताल का दूसरा दिन, जगह-जगह धरना-प्रदर्शन

मोदी सरकार की वादाख़िलाफ़ी पर आंदोलन को नए सिरे से धार देने में जुटे पूर्वांचल के किसान


बाकी खबरें

  • corona
    भाषा
    कोविड-19 संबंधी सभी पाबंदियां 31 मार्च से हटाई जाएंगी, मास्क लगाना रहेगा अनिवार्य
    23 Mar 2022
    गृह मंत्रालय ने करीब दो साल बाद, 31 मार्च से कोविड-19 संबंधी सभी पाबंदियों को हटाने का फैसला किया है। हालांकि, मास्क लगाने और सामाजिक दूरी बनाए रखने के नियम लागू रहेंगे।
  • birbhum violence
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    बंगाल हिंसा मामला : न्याय की मांग करते हुए वाम मोर्चा ने निकाली रैली
    23 Mar 2022
    मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) के राज्य सचिव मोहम्मद सलीम के साथ रैली का नेतृत्व करने वाले वाम मोर्चा के अध्यक्ष बिमान बोस ने कहा कि राज्य में ‘सामूहिक हत्या’ की घटना को छिपाने के किसी भी…
  • NHRC
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    पुरानी पेंशन बहाली मुद्दे पर हरकत में आया मानवाधिकार आयोग, केंद्र को फिर भेजा रिमाइंडर
    23 Mar 2022
    राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने इस मुद्दे को मानवाधिकारों का हनन मानते हुए केंद्र के खिलाफ पिटीशन फाइल की थी। दो माह से ज्यादा बीतने के बाद भी केंद्र सरकार द्वारा इस मसले पर कोई पहल नहीं की गई, तो आयोग…
  • dyfi-citu
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    नोएडा : प्राइवेट कोचिंग सेंटर पर ठगी का आरोप, सीटू-डीवाईएफ़आई ने किया प्रदर्शन
    23 Mar 2022
    सीटू व डीवाईएफ़आई के लोगो ने संयुक्त रूप से अमेरिका स्थित हेनरी हैवलिन की नोएडा शाखा के बाहर विरोध प्रदर्शन किया। जिसके बाद प्रबंधकों ने अनियमितताओं को दूर करने का आश्वासन दिया और कथित ठगी के शिकार…
  • bhagat singh
    दिनीत डेंटा
    भगत सिंह: देशप्रेमी या राष्ट्रवादी
    23 Mar 2022
    राष्ट्रवाद और देशप्रेम दो अलग विचार हैं, एक दूसरे के पर्यायवाची नहीं हैं। वर्तमान दौर में भगत सिंह के नाम का उपयोग शासक वर्ग व आरएसएस, भाजपा, आम आदमी पार्टी जैसे अन्य राजनीतिक दल अपनी सुविधा अनुसार…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License