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भारत
राजनीति
कार्टून क्लिक: ...हमारी मौत की उनको ख़बर भी नहीं
लोकसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में श्रम एवं रोजगार मंत्री संतोष गंगवार ने कहा है कि लॉकडाउन के दौरान मारे गए मज़दूरों के संदर्भ में आंकड़ा सरकार के पास उपलब्ध नहीं है।
आज का कार्टून
15 Sep 2020
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यह दौर ऐसा है कि “हम वहाँ हैं जहाँ से हम को भी/ कुछ हमारी ख़बर नहीं आती”। शायर मिर्ज़ा ग़ालिब ने अपने अंदाज़ में यह शेर कहा था लेकिन ये आज के हालात पर बिल्कुल सटीक बैठता है। हमारी सरकारों को हमारी हरेक हरकत की ख़बर है, बस हमारे दुख-दर्द की ख़बर नहीं है। सत्तारूढ़ पार्टी को चुनाव और मतदाताओं की हरेक ख़बर है बस उनकी ज़रूरतों की नहीं। इसी तरह मीडिया को कंगना और सुशांत मामले में हरेक ख़बर है बस बेरोज़गारी और जीडीपी की नहीं।

यही मज़दूरों की मौत के मामले में हुआ। लोकसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में श्रम एवं रोजगार मंत्री संतोष गंगवार ने कहा है कि लॉकडाउन के दौरान मारे गए मजदूरों के संदर्भ में आंकड़ा सरकार के पास उपलब्ध नहीं है।

दरअसल संगीता कुमारी सिंह देव, भोला सिंह, कलानिधि वीरस्वामी तथा कुछ अन्य सदस्यों ने सवाल किया था कि क्या लॉकडाउन के दौरान हजारों मजदूरों की मौत हो गई और अगर ऐसा है तो उसका विवरण दें। लेकिन सरकार ने कहा कि उनके पास ऐसा कोई आंकड़ा नहीं है।

इसी पर कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने मंगलवार को कटाक्ष करते हुए कहा कि श्रमिकों की मौत होना सभी ने देखा, लेकिन सरकार को इसकी खबर नहीं हुई।

उन्होंने ट्वीट किया, ‘‘ मोदी सरकार नहीं जानती कि लॉकडाउन में कितने प्रवासी मज़दूर मरे और कितनी नौकरियां गयीं।’’

कांग्रेस नेता ने शायराना अंदाज में तंज किया, ‘‘तुमने ना गिना तो क्या मौत ना हुई? हां मगर दुख है सरकार पे असर ना हुआ, उनका मरना देखा ज़माने ने, एक मोदी सरकार है जिसे ख़बर ना हुई।’’

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Narendra modi
BJP
Congress
Rahul Gandhi

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