NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
चिली के लोगों ने सेबेस्टियन पिनेरा और पुलिस के ख़िलाफ़ विरोध प्रदर्शन तेज़ किया
विभिन्न सामाजिक संगठनों, छात्रों के समूहों, ट्रेड यूनियनों और महिलाओं के संगठनों ने इस महीने दक्षिणपंथी सरकार के राष्ट्रपति सेबेस्टियन पिनेरा के ख़िलाफ़ लगातार कई विरोध प्रदर्शन करने का आह्वान किया है।
पीपल्स डिस्पैच
05 Mar 2021
चिली के लोगों ने सेबेस्टियन पिनेरा और पुलिस के ख़िलाफ़ विरोध प्रदर्शन तेज़ किया

चिली के कई सामाजिक संगठनों, छात्रों के संगठनों, ट्रेड यूनियनों और महिलाओं के संगठनों ने राष्ट्रपति सेबेस्टियन पिनेरा की दक्षिणपंथी सरकार के खिलाफ मार्च भर विरोध प्रदर्शन करने आह्वान किया है।

1 और 2 मार्च को राजधानी सैंटियागो और पोर्ट सिटी वलपरासियो में सरकार विरोधी इन प्रदर्शनों की शुरुआत के मद्देनजर कई प्रदर्शन हुए। आदिवासी मापुचे कैदियों और अक्टूबर 2019 के जन विद्रोह के दौरान गिरफ्तार किए गए सभी राजनीतिक कैदियों को तुरंत रिहा करने की मांग को लेकर इन शहरों में सैकड़ों युवाओं और छात्रों ने सड़कों पर प्रदर्शन किए।

नवंबर 2020 से इन प्रदर्शनकारियों की रिहाई की मांग करते हुए कई विरोध प्रदर्शन किए गए हैं। इन प्रदर्शनकारियों ने सड़कों पर प्रदर्शन के लिए लगभग डेढ़ साल जेल में बिता लिया है। प्रदर्शनकारियों पर राष्ट्रीय पुलिस बल काराबिनेरोस द्वारा हिंसात्मक कार्रवाई की गई। सोमवार और मंगलवार को भी इसी तरह की कार्रवाई की गई।

काराबिनेरोस बल की राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय मानवाधिकार संगठनों द्वारा कई बार उनकी क्रूरता को लेकर निंदा की गई है। इस संबंध में 5 मार्च यानी आज काराबिनेरोस को समाप्त करने और सरकारी हिंसा को समाप्त करने की मांग करने के लिए राष्ट्रीय हड़ताल का आह्वान किया है। इस सरकार के खिलाफ सड़कों पर प्रदर्शन करने वाले के मानवाधिकार का उल्लंघन काराबिनेरोस करता रहा है और निर्दोष लोगों की हत्या करता रहा है।

अगले हफ्ते 8 मार्च को अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर महिला संगठनों ने लैंगिक भेदभाव समाप्त करने की मांग को लेकर महिला की आम हड़ताल और देशव्यापी लामबंदी का आह्वान किया है। सभी क्षेत्रों में लिंग समानता, गैर-यौन शिक्षा और मुफ्त एवं कानूनी गर्भपात का अधिकार उनकी मांगों में शामिल है।

इसके अलावा, "फॉर हेल्थ, हाउसिंग, वर्क एंड एडुकेशन" के बैनर तले 11 मार्च को राष्ट्रीय विरोध दिवस का भी आह्वान किया गया है। विभिन्न संगठनों और यूनियनों ने नागरिकों से पिनेरा के इस्तीफे की मांग करने और उनकी नवउदारवादी सरकार द्वारा लागू की गई सख्त नियमों को वापस लेने की मांग को लेकर सामूहिक रुप से लामबंद होने का आह्वान किया है।

Chile
Sebastian Piñera
social organisation
trade unions

Related Stories

मुंडका अग्निकांड: सरकारी लापरवाही का आरोप लगाते हुए ट्रेड यूनियनों ने डिप्टी सीएम सिसोदिया के इस्तीफे की मांग उठाई

क्या चिली की प्रगतिशील सरकार बोलीविया की समुद्री पहुंच के रास्ते खोलेगी?

ट्रेड यूनियनों की 28-29 मार्च को देशव्यापी हड़ताल, पंजाब, यूपी, बिहार-झारखंड में प्रचार-प्रसार 

यूक्रेन पर रूसी हमला जारी, क्या निकलेगी शांति की राह, चिली-कोलंबिया ने ली लाल करवट

दुनिया भर की: दक्षिण अमेरिका में वाम के भविष्य की दिशा भी तय करेंगे बोरिक

केंद्रीय बजट-2022: मजदूर संगठनों ने कहा- ये कॉर्पोरेटों के लिए तोहफ़ा है

2021 : जन प्रतिरोध और जीत का साल

2.2 करोड़ अफ़ग़ानियों को भीषण भुखमरी में धकेला अमेरिका ने, चिले में वाम की ऐतिहासिक जीत

नज़रिया : ग्रेबिएल बोरिक की जीत चिली के वामपंथ के लिए बड़ा मौक़ा

लैटिन अमेरिका दर्शा रहा है कि दक्षिणपंथी उभार स्थायी नहीं है


बाकी खबरें

  • भाषा
    अदालत ने कहा जहांगीरपुरी हिंसा रोकने में दिल्ली पुलिस ‘पूरी तरह विफल’
    09 May 2022
    अदालत ने कहा कि 16 अप्रैल को हनुमान जयंती पर हुए घटनाक्रम और दंगे रोकने तथा कानून एवं व्यवस्था बनाए रखने में स्थानीय प्रशासन की भूमिका की जांच किए जाने की आवश्यकता है।
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    कोरोना अपडेट: देश में पिछले 24 घंटों में कोरोना के 3,207 नए मामले, 29 मरीज़ों की मौत 
    09 May 2022
    राज्यों में कोरोना जगह-जगह पर विस्पोट की तरह सामने आ रहा है | कोरोना ज़्यादातर शैक्षणिक संस्थानों में बच्चो को अपनी चपेट में ले रहा है |
  • Wheat
    सुबोध वर्मा
    क्या मोदी सरकार गेहूं संकट से निपट सकती है?
    09 May 2022
    मोदी युग में पहली बार गेहूं के उत्पादन में गिरावट आई है और ख़रीद घट गई है, जिससे गेहूं का स्टॉक कम हो गया है और खाद्यान्न आधारित योजनाओं पर इसका असर पड़ रहा है।
  • राजेंद्र शर्मा
    कटाक्ष: एक निशान, अलग-अलग विधान, फिर भी नया इंडिया महान!
    09 May 2022
    क्या मोदी जी के राज में बग्गाओं की आज़ादी ही आज़ादी है, मेवाणियों की आज़ादी अपराध है? क्या देश में बग्गाओं के लिए अलग का़ानून है और मेवाणियों के लिए अलग क़ानून?
  • एम. के. भद्रकुमार
    सऊदी अरब के साथ अमेरिका की ज़ोर-ज़बरदस्ती की कूटनीति
    09 May 2022
    सीआईए प्रमुख का फ़ोन कॉल प्रिंस मोहम्मद के साथ मैत्रीपूर्ण बातचीत के लिए तो नहीं ही होगी, क्योंकि सऊदी चीन के बीआरआई का अहम साथी है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License