NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
स्वास्थ्य
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
कोविड-19 : फ़िलिस्तीनी मानवाधिकार कार्यकर्ताओं ने इज़रायल से सभी क़ैदियों को रिहा करने की मांग की
क़ैदी जेलों के अंदर बेहद असुरक्षित, गंदी और बीमार करने वाली स्थिति में रहते हैं जिसकी वजह से उनमें इस जानलेवा बीमारी के फैलने के आसार बहुत ज़्यादा हैं।
पीपल्स डिस्पैच
03 Apr 2020
 फ़िलिस्तीनी

पिछले कुछ दिनों में इज़रायल के लीगल सेंटर फॉर अरब माइनॉरिटी राइट्स(अदालाह), अदामीर प्रिज़नर सपोर्ट और ह्यूमन राइट्स असोशिएशन, फ़िलिस्तीनी प्रिज़नर्स सोसाइटी और इज़रायल-फ़िलिस्तीन के अन्य मानवाधिकार संगठनों ने संयुक्त राष्ट्र, इंटरनेशनल कमेटी ऑफ़ द रेड क्रॉस(आईसीआरसी), इज़रायली प्रिज़न औथोरीटीज़ और यहाँ तक कि इज़रायली हाई कोर्ट ऑफ़ जस्टिस में इज़रायल में क़ैद किए सभी फ़िलिस्तीनीयों को रिहा किया जाए। उन्होंने यह भी मांग की है कि क़ैदियों को उचित स्वास्थ्य सुविधाएं और सुरक्षा मुहैया करवाई जाए।

इज़रायल में कोरोना वायरस के 2 अप्रैल तक 6000 मामले आ चुके हैं जिसमें से 33 लोगों की मौत हो चुकी है। इज़रायल ने अभी तक क़ैदियों को रिहा करने की मांग पर कोई जवाब नहीं दिया है। बल्कि वह अभी भी वैश्विक महामारी के दौरान भी फ़िलिस्तीनीयों को गिरफ़्तार कर रहा है।

एक फ़िलिस्तीनी क़ैदी जिसे कोरोना वायरस पॉज़िटिव पाया गया था, उसकी रिहाई के बाद जेल प्रशासन से तत्काल प्रभाव से उन सभी क़ैदियों को सुरक्षा मुहैया कराने की मांग की गई थी, जो भी उस क़ैदी के संपर्क में आए थे।

विभिन्न संगठनों ने उन क़ैदियों पर संक्रमण फैलने की ज़्यादा संभावनाओं को लेकर चिंता जताई है जो बीमार, बूढ़े, बच्चे हैं या जिन्हें डाईबीटीज़, या दिल से जुड़ी गंभीर बीमारियाँ हैं।

फ़िलिस्तीनी क़ैदी अधिकार संगठनों के अनुसार इज़रायल में मौजूदा समय में 7000 फ़िलिस्तीनी क़ैदी हैं। उसमें से करीब 10 प्रतिशत क़ैदी बीमार हैं, जिसमें से 200 को क्रोनिक समस्याएँ हैं। क़ैदियों में 180 बच्चे और 41 महिलाएं हैं।

फ़िलिस्तीनी क़ैदियों को जेलों के अंदर बेहद कड़े नियमों का सामना करना पड़ता है। कोरोना वायरस के मद्देनज़र जारी किए गए हालिया निर्देशों से यह और भी कड़े हो गए हैं। जेल प्रशासन ने क़ैदियों को परिवार और वकीलों से मिलने से मना कर दिया है। कोर्ट सभी जारी कार्यवाहियों को भी अनिश्चितकाल तक स्थगित कर दिया गया है, जिससे क़ैदियों को अपनी बेगुनाही साबित करने का आख़िरी मौक़ा भी गँवाना पड़ा है।

साभार : पीपल्स डिस्पैच

COVID-19
Palestine
Palestinian Human Rights Activists
Release All Prisoners

Related Stories

कोरोना अपडेट: देश में कोरोना ने फिर पकड़ी रफ़्तार, 24 घंटों में 4,518 दर्ज़ किए गए 

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 3,962 नए मामले, 26 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: देश में 84 दिन बाद 4 हज़ार से ज़्यादा नए मामले दर्ज 

कोरोना अपडेट: देश में कोरोना के मामलों में 35 फ़ीसदी की बढ़ोतरी, 24 घंटों में दर्ज हुए 3,712 मामले 

कोरोना अपडेट: देश में नए मामलों में करीब 16 फ़ीसदी की गिरावट

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में कोरोना के 2,706 नए मामले, 25 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 2,685 नए मामले दर्ज

कोरोना अपडेट: देश में पिछले 24 घंटों में कोरोना के 2,710 नए मामले, 14 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: केरल, महाराष्ट्र और दिल्ली में फिर से बढ़ रहा कोरोना का ख़तरा

कोरोना अपडेट: देश में आज फिर कोरोना के मामलों में क़रीब 27 फीसदी की बढ़ोतरी


बाकी खबरें

  • CISCE announces result
    भाषा
    सीआईएससीई ने 10वीं, 12वीं कक्षा के पहले टर्म की बोर्ड परीक्षा के परिणाम की घोषणा की
    07 Feb 2022
    परीक्षाएं ऑफलाइन आयोजित की गईं और कोविड-19 महामारी के मद्देनजर पिछले साल बोर्ड परीक्षा आयोजित नहीं किए जाने के बाद शैक्षणिक सत्र को दो टर्म में विभाजित किया गया था और एक वैकल्पिक मूल्यांकन योजना का…
  • Shantisree Pandit
    भाषा
    शांतिश्री पंडित जेएनयू की पहली महिला कुलपति नियुक्त की गईं
    07 Feb 2022
    शांतिश्री अभी महाराष्ट्र के सावित्रीबाई फुले विश्वविद्यालय के राजनीति व लोक प्रशासन विभाग में राजनीति विज्ञान की प्रोफेसर हैं।
  • amit shah
    भाषा
    शाह ने ओवैसी से बुलेट प्रूफ गाड़ी और जेड श्रेणी की सुरक्षा स्वीकार करने का किया आग्रह
    07 Feb 2022
    राज्यसभा में एक बयान में शाह ने उत्तर प्रदेश में ओवैसी के काफिले पर हुए हमले की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने कहा कि मामले में विभिन्न धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है और इसकी विवेचना की जा रही…
  • up elections
    सत्यम श्रीवास्तव
    यूपी चुनाव: धन-बल और सत्ता की ताक़त के शीर्ष पर बैठी भाजपा और विपक्ष का मुक़ाबला कितना? 
    07 Feb 2022
    संसाधनों के मामले में और विशेष रूप से बेनामी संसाधनों के मामले में भारतीय जनता पार्टी का मुक़ाबला करने की हैसियत अभी दूर दूर तक किसी भी दल में नहीं है, लेकिन इस बार तस्वीर 2017 में हुए विधानसभा…
  • dharm sansad
    पुण्य उपाध्याय
    विचार: राजनीतिक हिंदुत्व के दौर में सच्चे साधुओं की चुप्पी हिंदू धर्म को पहुंचा रही है नुक़सान
    07 Feb 2022
    हम सभी ने नक़ली "साधुओं" की कहानियाँ सुनी हैं। लेकिन वर्तमान दौर में इनके ख़िलाफ़ असली महात्माओं की चुप्पी पूरी दुनिया में हिंदू धर्म की छवि को नुक़सान पहुँचा रही है। 
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License