NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
आंदोलन
स्वास्थ्य
भारत
राजनीति
दिल्ली: शाहीन बाग़ समेत सभी प्रदर्शन स्थलों को पुलिस ने खाली कराया
कोरोना वायरस के ख़तरे को देखते हुए दिल्ली के शाहीन बाग़ प्रदर्शनस्थल को खाली करवाया गया। हालांकि प्रदर्शनस्थल के खाली होने के बाद भी प्रदर्शनकारी और स्थानीय निवासी बड़ी संख्या में एकत्र हो गए। वे धरना जारी रखना चाहते हैं।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
24 Mar 2020
shaheen bagh
Image courtesy: Twitter

दिल्ली: नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ दिल्ली के शाहीन बाग़ में पिछले 101 दिन से चल रहे लगातार प्रदर्शन को खत्म कर दिया गया है। बड़ी संख्या में पुलिस मंगलवार सुबह प्रदर्शन स्थल पर पहुंची और प्रदर्शन स्थल को खाली करवाया। हालांकि इसके कुछ देर बाद फिर बड़ी संख्या में लोग प्रदर्शन स्थल के करीब जुटने लगे। फिलहाल पुलिस उन्हें किसी तरह सड़क से हटा घर भेजने की कोशिश में जुटी है। दिल्ली में फिलहाल कोरोना वायरस की वजह से लॉकडाउन है, धारा 144 भी लगाई गई है। लोगों से घर में रहने को कहा गया है जिससे कोरोना ज्यादा न फैल पाए। पुलिस ने इसके साथ हौजरानी, जामिया, जाफराबाद, तुर्कमान गेट समेत सभी प्रदर्शन स्थलों को खाली करवा दिया है।

इससे पहले दिल्ली पुलिस के दक्षिण पूर्वी ज़िले के डीसीपी ने समाचार एजेंसी एएनआई से बताया, 'शाहीन बाग़ के प्रदर्शनकारियों से लॉकडाउन के चलते जगह खाली करने की अपील की गई थी लेकिन वे इसके लिए तैयार नहीं हुए। इसके बाद उन पर कार्रवाई करनी पड़ी। प्रदर्शन स्थल को पूरी तरह खाली करा लिया गया है। हालांकि इस कार्रवाई में हमें कुछ प्रदर्शनकारियों को हिरासत में भी लेना पड़ा है।'

वहीं, ज्वाइंट सीपी देवेश श्रीवास्तव ने कहा, 'कोरोना वायरस के बढ़ने के कारण लोगों से अपील की जा रही थी। लोकल भी हमसे मांग कर रहे थे। आज सुबह हमने इस कार्रवाई की शुरुआत की सात बजे। शुरुआत में कुछ शरारती तत्व माहौल को बिगाड़ना चाहते थे। वे नहीं माने, तो उन्हें हिरासत में लिया गया है।'

फिलहाल पुलिस ने धरने वाली जगह से टेंट पूरी तरह हटा दिया है। साथ ही पुलिस लगातार गलियों में जमा भीड़ को समझाने की कोशिश कर रही है। शाहीन बाग़ के एक स्थानीय निवासी ने बताया कि पूरे शाहीन बाग़ में ही सुरक्षा बल तैनात है। इसके अलावा प्रदर्शन स्थल पर भारी संख्या में सुरक्षा बल की तैनाती है। बड़ी संख्या में महिला सुरक्षा बल भी प्रदर्शन स्थल पर तैनात हैं। अभी तक मिली जानकारी के अनुसार, शाहीन बाग़ से कुल 9 लोग हिरासत में लिए गए। जिसमें 6 महिलाएं और 3 पुरुष हैं।

आपको बता दें कि शाहीन बाग़ में बीते साल 15 दिसंबर से ही नागरिकता संशोधन कानून के विरोध में प्रदर्शन हो रहे हैं। इस प्रदर्शन का नेतृत्व महिलाएं कर रही थी। इससे पहले रविवार को जनता कर्फ्यू के दिन शाहीन बाग़ में पेट्रोल बम फेंके गए थे। हालांकि हमले में कोई घायल नहीं हुआ था। उस दिन लोग सांकेतिक प्रदर्शन के तौर पर अपनी चप्पलों को प्रदर्शन स्थल पर छोड़कर गए थे और कुछ एक बुर्जुग महिलाएं ही वहां मौजूद थीं।

गौरतलब है कि इससे पहले कोरोना वायरस के बढ़ते संक्रमण को देखते हुए शाहीन बाग़ में प्रदर्शन कर रही महिलाओं से कहा गया था कि वो अपना प्रदर्शन समाप्त कर दें लेकिन उनका कहना था कि प्रदर्शन जारी रहेगा। प्रदर्शन के आयोजकों ने यह जरूर कहा था कि संक्रमण का ध्यान रखते हुए कम संख्या में ही महिलाएं प्रदर्शन में शामिल होगी।

हालांकि कोरोना वायरस के चलते प्रदर्शनकारियों में मतभेद की खबरें भी लगातार सामने आ रही थीं। खबरों के मुताबिक इसे लेकर रविवार को दो गुट आपस में भिड़ गए थे। दोनों पक्षों में करीब आधे घंटे तक मारपीट और गालीगलौज हुई। एक पक्ष चाहता था कि पीएम के जनता कर्फ्यू के ऐलान का समर्थन किया जाए जबकि दूसरा पक्ष इसे मानने को तैयार नहीं था। इसी बात पर दोनों पक्षों में कहासुनी हो गई। हालांकि, बाद में मामला शांत करवा दिया गया था।

जाफराबाद, हौजरानी, तुर्कमान गेट समेत अन्य प्रदर्शन स्थल को भी पुलिस ने कराया बंद

दिल्ली के शाहीन बाग़ को खाली कराने के बाद नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ चल रहे जाफराबाद, तुर्कमान गेट, जामिया, हौजरानी पर विरोध प्रदर्शन को भी पुलिस ने कोरोना वायरस के चलते बंद करा दिया है। इन जगहों पर भी कुछ लोगों को हिरासत में भी लिया गया। यहां भी लंबे समय से प्रोटेस्ट चल रहा था। ज्यादातर जगहों पर पुलिस ने सुबह करीब 7 बजे से कार्रवाई शुरू की थी।

Shaheen Bagh
CAA
NRC
NPR
Shaheen bagh protest over
Jafrabad
Turkman Gate Protest
CAA Protest over
delhi police
Coronavirus

Related Stories

शाहीन बाग से खरगोन : मुस्लिम महिलाओं का शांतिपूर्ण संघर्ष !

CAA आंदोलनकारियों को फिर निशाना बनाती यूपी सरकार, प्रदर्शनकारी बोले- बिना दोषी साबित हुए अपराधियों सा सुलूक किया जा रहा

मुस्लिम विरोधी हिंसा के ख़िलाफ़ अमन का संदेश देने के लिए एकजुट हुए दिल्ली के नागरिक

दिल्ली दंगों के दो साल: इंसाफ़ के लिए भटकते पीड़ित, तारीख़ पर मिलती तारीख़

देश बड़े छात्र-युवा उभार और राष्ट्रीय आंदोलन की ओर बढ़ रहा है

सड़क पर अस्पताल: बिहार में शुरू हुआ अनोखा जन अभियान, स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए जनता ने किया चक्का जाम

दिल्ली: प्रदर्शन कर रहे डॉक्टरों पर पुलिस का बल प्रयोग, नाराज़ डॉक्टरों ने काम बंद का किया ऐलान

किसान आंदोलन@378 : कब, क्या और कैसे… पूरे 13 महीने का ब्योरा

दिल्ली: ऐक्टू ने किया निर्माण मज़दूरों के सवालों पर प्रदर्शन

सुप्रीम कोर्ट को दिखाने के लिए बैरिकेड हटा रही है सरकार: संयुक्त किसान मोर्चा


बाकी खबरें

  • sedition
    भाषा
    सुप्रीम कोर्ट ने राजद्रोह मामलों की कार्यवाही पर लगाई रोक, नई FIR दर्ज नहीं करने का आदेश
    11 May 2022
    पीठ ने कहा कि राजद्रोह के आरोप से संबंधित सभी लंबित मामले, अपील और कार्यवाही को स्थगित रखा जाना चाहिए। अदालतों द्वारा आरोपियों को दी गई राहत जारी रहेगी। उसने आगे कहा कि प्रावधान की वैधता को चुनौती…
  • बिहार मिड-डे-मीलः सरकार का सुधार केवल काग़ज़ों पर, हक़ से महरूम ग़रीब बच्चे
    एम.ओबैद
    बिहार मिड-डे-मीलः सरकार का सुधार केवल काग़ज़ों पर, हक़ से महरूम ग़रीब बच्चे
    11 May 2022
    "ख़ासकर बिहार में बड़ी संख्या में वैसे बच्चे जाते हैं जिनके घरों में खाना उपलब्ध नहीं होता है। उनके लिए कम से कम एक वक्त के खाने का स्कूल ही आसरा है। लेकिन उन्हें ये भी न मिलना बिहार सरकार की विफलता…
  • मार्को फ़र्नांडीज़
    लैटिन अमेरिका को क्यों एक नई विश्व व्यवस्था की ज़रूरत है?
    11 May 2022
    दुनिया यूक्रेन में युद्ध का अंत देखना चाहती है। हालाँकि, नाटो देश यूक्रेन को हथियारों की खेप बढ़ाकर युद्ध को लम्बा खींचना चाहते हैं और इस घोषणा के साथ कि वे "रूस को कमजोर" बनाना चाहते हैं। यूक्रेन
  • assad
    एम. के. भद्रकुमार
    असद ने फिर सीरिया के ईरान से रिश्तों की नई शुरुआत की
    11 May 2022
    राष्ट्रपति बशर अल-असद का यह तेहरान दौरा इस बात का संकेत है कि ईरान, सीरिया की भविष्य की रणनीति का मुख्य आधार बना हुआ है।
  • रवि शंकर दुबे
    इप्टा की सांस्कृतिक यात्रा यूपी में: कबीर और भारतेंदु से लेकर बिस्मिल्लाह तक के आंगन से इकट्ठा की मिट्टी
    11 May 2022
    इप्टा की ढाई आखर प्रेम की सांस्कृतिक यात्रा उत्तर प्रदेश पहुंच चुकी है। प्रदेश के अलग-अलग शहरों में गीतों, नाटकों और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का मंचन किया जा रहा है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License