NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
अपराध
आंदोलन
उत्पीड़न
भारत
राजनीति
दिल्ली: सिविल डिफेंस वालंटियर की निर्मम हत्या शासन-प्रशासन के दावों की पोल खोलती है!
परिवार, स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम के गठन और मामले की हाई लेवल जांच की मांग कर रहा है, तो वहीं कई समाजिक संगठन और आम लोग भी महिला सुरक्षा को लेकर अपने- अपने तरीके से आवाज़ बुलंद कर रहे हैं।
सोनिया यादव
11 Sep 2021
दिल्ली: सिविल डिफेंस वालंटियर की निर्मम हत्या शासन-प्रशासन के दावों की पोल खोलती है!

सड़क से सोशल मीडिया तक बीते कई दिनों से दिल्ली सिविल डिफेंस वालंटियर की हत्या और कथित सामूहिक बलात्कार का मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। खबरों के मुताबिक 21 साल की सिविल डिफेंस वालंटियर का शव बीते 26 अगस्त को फरीदाबाद के सूरजकुंड इलाके में मिला था। परिवार का आरोप है कि उनकी बेटी का ना केवल यौन उत्पीड़न किया गया, बल्कि उसके शरीर को क्षत-विक्षत भी कर दिया गया। परिवार ने दावा किया कि इस अपराध में एक से अधिक लोग शामिल थे और अब पुलिस उन्हें बचाने की कोशिश कर रही है।

देशभर में पीड़िता को इंसाफ दिलाने के लिए जगह-जगह प्रदर्शन से लेकर कैंडल मार्च निकाले जा रहे हैं। परिवार, स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम के गठन और मामले की हाई लेवल जांच की मांग कर रहा है, तो वहीं कई सामाजिक संगठन और आम लोग भी महिला सुरक्षा को लेकर अपने- अपने तरीके से आवाज़ बुलंद कर रहे हैं।

आपको बता दें कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के मुताबिक युवती के शरीर पर कुल 15 घाव थे। जिसमें से 14 नुकीली चीज से हुए थे, वहीं एक जलने का भी छोटा सा निशान पाया गया था। पीएमआर रिपोर्ट में मौत का कारण महत्वपूर्ण अंगों, यानी गर्दन, सिर, छाती और अन्य पर चोट के कारण सदमा लगना और खून का बहना बताया गया है। हालांकि ऑटोप्सी रिपोर्ट में रेप की बात सामने नहीं आई है।

क्या है पूरा मामला?

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक ये मामला 27 अगस्त को उस वक्त सामने आया जब जैतपुर एक्सटेंशन का रहने वाला एक 25 साल का शख्स निजामुद्दीन, कालिंदी कुंज पुलिस थाने पहुंचा और उसने खुद कुबूल किया कि उसने अपनी पत्नी का कत्ल कर दिया है। उस शख्स ने दिल्ली पुलिस को ये भी बताया कि 26 अगस्त को उसने लाजपत नगर से अपनी पत्नी को बाइक पर पिक किया था और उसके बाद दोनों सूरजकुंड की ओर पहुंचे, जहां उसने बेवफाई के शक में पत्नी का कत्ल कर दिया और उसका शव फरीदाबाद के सूरजकुंड-पाली रोड के पास झाड़ी में फेंक दिया।

इसके बाद दिल्ली पुलिस ने फरीदाबाद पुलिस को इस बात की जानकारी दी। फरीदाबाद पुलिस की टीम जब निजामुद्दीन के उस बताए हुए लोकेशन पर पहुंची तो पाया कि वहां एक लड़की का शव अस्त-व्यस्त हालात में पड़ा हुआ था। फिर फरीदाबाद पुलिस ने दिल्ली पुलिस से संपर्क किया और दिल्ली पुलिस ने उस शख्स को हिरासत में ले लिया।

वैसे ये मामला इतना भी सीधा नहीं है, जितना दिखाई दे रहा है। खुद को मृतका का पति बताने वाले शख्स का कहना है कि उसकी पत्नी सिविल डिफेंस वालंटियर के रूप में काम करती थी और पहचान पत्र बनवाने में उसने युवती की मदद की थी, जिसके बाद से दोनों की बातें होने लगी थीं।

आरोपी शख्स का दावा है कि 11 जून को साकेत कोर्ट में उन्होंने शादी की थी। हालांकि मृतक युवती के परिजन किसी भी शादी की बात से साफ इंकार कर रहे हैं। एफआईआर में पीड़ित परिवार ने बताया है कि आरोपी शख्स ने सहकर्मी के तौर पर उनकी बेटी की मदद की थी, लेकिन शादी की कोई बात कभी सामने नहीं आई।

वैसे इस निर्मम हत्या की खबर शुरुआती कुछ दिनों तक मुख्यधारा की मीडिया से बिल्कुल गायब रही। लेकिन ट्विटर पर मृतक पीड़िता के न्याय के लिए हैशटैग लगातार ट्रेंड करते रहे। आम लोगों तक ये खबर सोशल मीडिया के जरिए तेज़ी से पहुंची, जिसके बाद देश के अलग-अलग हिस्सों में न्याय की मांग उठने लगी। हालांकि इस हत्या और बलात्कार में एक ऐंगल सांप्रदायिकता से भी जोड़ा गया, पूरे मामले को देखते हुए कई लोगों ने ये कहा कि क्योंकि लड़की एक अल्पसंख्यक समुदाय से आती है, इसलिए इस मामले में कोई बड़ा एक्शन नहीं लिया जा रहा।

पुलिस का क्या कहना है?

शुक्रवार 3 सितंबर को फरीदाबाद की डीसीपी डॉक्टर अंशु सिंगला ने मीडिया को बताया कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में यौन उत्पीड़न की बात सामने नहीं आई है। शव भी क्षत-विक्षत नहीं है। शरीर पर किसी नुकीली चीज से कई चोटें आई हैं और चाकू से कई वार किए गए हैं।

द हिंदुस्तान टाइम्स के मुताबिक, पुलिस उपायुक्त (दक्षिण-पूर्व) आरपी मीणा ने इस मामले में कहा, "निजामुद्दीन, शुक्रवार की सुबह कालिंदी कुंज पुलिस थाने में आया और उसने 26 अगस्त को फरीदाबाद के सूरजकुंड में अपनी पत्नी को घातक चोट पहुंचाने की बात कुबूल की। जिसके बाद उसका बयान दर्ज किया गया।"

फिलहाल आरोपी पुलिस की गिरफ्त में है और जांच जारी है। हालांकि अभी तक किसी ओर शख्स के इस मामले में शामिल होने की कोई बात सामने नहीं आई है, जैसा कि परिवार ने दावा किया है। पुलिस के हाथ भी अभी खाली ही हैं, उसे न तो हत्या का हथियार मिला है और न ही निजामुद्दीन के अलावा कोई और ठोस सुबूत।

लड़की के परिवार का क्या कहना है?

पीड़ित परिवार लगातार इंसाफ की गुहार लगा रहा है। परिजन पुलिस की कार्रवाई को लेकर भी लगातार सवाल उठा रहे हैं और सरकार से इस मामले में सीबीआई जांच की मांग कर रहे हैं। साथ ही हत्यारों को फांसी देने का बात भी लड़की के माता-पिता द्वारा कही जा रही है। उनके मुताबिक मृतका अपने परिवार की आर्थिक स्थिति संभालने वाली इकलौती सदस्य थी, उसके जाने के बाद परिवार पूरी तरह टूट गया है।

दिल्ली सरकार क्या कर रही है

दिल्ली सरकार के मंत्री इमरान हुसैन और प्रवक्ता सौरभ भारद्वाज ने पीड़ित परिवार से मुलाकात की थी। दिल्ली सरकार की ओर से पीड़ित परिवार को 10 लाख रुपये की आर्थिक सहायता की घोषणा भी की गई है।

इस मामले में देश में कई जगहों पर पीड़ित को इंसाफ दिलाने के लिए प्रदर्शन हुए और सोशल मीडिया पर भी मुहिम चलाई जा रही है। पीड़िता के नाम के साथ हैशटैग चलाए जा रहे हैं। कई नेता भी इस मामले को लेकर ट्विटर पर मृतका के लिए इंसाफ की मांग कर रहे हैं। सुप्रीम कोर्ट के नियमानुसार पीड़िता की पहचान नहीं उज़ागर की जा सकती। इसलिए हम आपको हैशटैग के साथ नाम नहीं बता रहे।

अन्य नेताओं का क्या कहना है

दिल्ली कांग्रेस की उपाध्यक्ष शिवानी चोपड़ा ने ट्वीट किया, "रेप कैपिटल दिल्ली में एक और हीनियस क्राइम हुआ है। 21 साल की एक सिविल डिफेंस वर्कर के साथ रेप किया गया और क्रूरतापूर्वक उसका मर्डर कर दिया गया। पुलिस ने शिकायत दर्ज करने से इंकार कर दिया। मीडिया ने उसकी खबर दिखाने से इंकार कर दिया। अरविंद केजरीवाल और अमित शाह ने अपनी चुप्पी तोड़ने से इंकार कर दिया। महिलाओं के लिए कोई देश नहीं है।"

वहीं एआईएमआईएम के नेता असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि पीड़ित परिवार के साथ उनकी दुआएं हैं। अपराधियों को सख्त सजा मिलनी चाहिए।

उन्होंने लिखा, "उसकी फैमिली को जानने का हक है कि उसे किसने और क्यों मारा। हम पहले दिन से पीड़ित परिवार के साथ हैं। मृतका दिल्ली सरकार के साथ काम करती थी। वह सरकार के दिए टोकन से बेहतर की हकदार थी।”

शासन-प्रशासन के दावों पर सवाल

गौरतलब है कि आज की डिजिटल दुनिया में किसी घटना या अपराध को सोशल मीडिया के जरिए लोगों तक तो पहुंचाया जा सकता है। लेकिन ऐसे न्याय नहीं दिलाया जा सकता, क्योंकि कुछ दिनों तक सुर्खियां बटोरने के बाद ये मामले कहीं दूर गायब हो जाते हैं। इसलिए ये जरूरी है कि ऐसी घटनाओं का एकजुट होकर लगातार विरोध किया जाए। धर्म, जाति समुदाय से ऊपर उठकर, महिलाओं के सम्मान के लिए उनकी सुरक्षा के लिए आवाज़ उठाएं।

अगर आंकड़ों की बात करें तो देश में प्रतिदिन लगभग 87 बलात्कार की घटनाएं सामने आती हैं। ऐसे में महिला सुरक्षा को लेकर शासन-प्रशासन के दावों पर सवाल उठना तो लाज़मी है। इस केस की बात करें तो एक सिविल डिफेंस वालंटियर जो खुद दुसरों की सुरक्षा में तैनात थी उसकी ऐसी निर्मम हत्या, अन्य महिलाओं के अंदर डर और आशंकाएं तो पैदा करती ही है, साथ ही व्यवस्था से कई सवाल भी कर रही है।

Civil defense volunteer
murder case
Rape and Murder
delhi police
crimes against women
women safety
Faridabad police

Related Stories

हैदराबाद : मर्सिडीज़ गैंगरेप को क्या राजनीतिक कारणों से दबाया जा रहा है?

दिल्ली: रामजस कॉलेज में हुई हिंसा, SFI ने ABVP पर लगाया मारपीट का आरोप, पुलिसिया कार्रवाई पर भी उठ रहे सवाल

क्या पुलिस लापरवाही की भेंट चढ़ गई दलित हरियाणवी सिंगर?

तेलंगाना एनकाउंटर की गुत्थी तो सुलझ गई लेकिन अब दोषियों पर कार्रवाई कब होगी?

मनासा में "जागे हिन्दू" ने एक जैन हमेशा के लिए सुलाया

‘’तेरा नाम मोहम्मद है’’?... फिर पीट-पीटकर मार डाला!

यूपी : महिलाओं के ख़िलाफ़ बढ़ती हिंसा के विरोध में एकजुट हुए महिला संगठन

चंदौली: कोतवाल पर युवती का क़त्ल कर सुसाइड केस बनाने का आरोप

बिहार: आख़िर कब बंद होगा औरतों की अस्मिता की क़ीमत लगाने का सिलसिला?

बिहार: 8 साल की मासूम के साथ बलात्कार और हत्या, फिर उठे ‘सुशासन’ पर सवाल


बाकी खबरें

  • किसान संसद ने सर्वसम्मति से मोदी सरकार के ख़िलाफ़ पास किया अविश्वास प्रस्ताव, कॉरपोरेट छोड़ें भारत
    न्यूज़क्लिक टीम
    किसान संसद ने सर्वसम्मति से मोदी सरकार के ख़िलाफ़ पास किया अविश्वास प्रस्ताव, कॉरपोरेट छोड़ें भारत
    09 Aug 2021
    ग्राउंड रिपोर्ट में वरिष्ठ पत्रकार भाषा सिंह ने 13 दिन से दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रही किसान संसद के आख़िरी दिन मोदी सरकार के ख़िलाफ़ पारित किये गये प्रस्ताव पर रिपोर्ट की। आज 9 अगस्त के ऐतिहासिक…
  • भारत बचाओ: जन-विरोधी नीतियों के खिलाफ राष्ट्रव्यापी आंदोलन
    न्यूज़क्लिक टीम
    भारत बचाओ: जन-विरोधी नीतियों के खिलाफ राष्ट्रव्यापी आंदोलन
    09 Aug 2021
    कृषि कानून, लेबर कोड और देश में मौजूद तमाम अधिकारों पर जारी हमले के खिलाफ आज मज़दूर, किसान और तमाम जनसंगठन भारत बचाओ दिवस के तहत देश भर में प्रदर्शन कर रहे हैं । पेश है न्यूज़क्लिक की दिल्ली से…
  • किसान संसद : महिला किसानों की ललकार, गद्दी छोड़े मोदी सरकार
    भाषा सिंह
    किसान संसद : महिला किसानों की ललकार, गद्दी छोड़े मोदी सरकार
    09 Aug 2021
    बात बोलेगी: महिला किसान नेताओं ने महात्मा गांधी द्वारा 1942 में 9 अगस्त को दिए गए ‘अंग्रेजों भारत छोड़ो’ के नारे को याद करते हुए ‘मोदी गद्दी छोड़ो, कॉरपोरेट देश छोड़ो’ के नारे के साथ मोदी सरकार के…
  • बच्चों को लॉन्ग कोविड होने की संभावना काफ़ी कम : लैंसेट अध्ययन
    संदीपन तालुकदार
    बच्चों को लॉन्ग कोविड होने की संभावना काफ़ी कम : लैंसेट अध्ययन
    09 Aug 2021
    द लैंसेट में छपे हालिया अध्ययन में बताया गया है कि कोविड से संक्रमित हुए बच्चे 1 हफ़्ते से भी कम समय में ठीक हो रहे हैं, और उनमें लॉन्ग कोविड होने की संभावना काफ़ी कम है।
  • नीरज चोपड़ा : एक अपवाद, जिसे हमें सामान्य बनाने की जरूरत है
    लेस्ली ज़ेवियर
    नीरज चोपड़ा : एक अपवाद, जिसे हमें सामान्य बनाने की जरूरत है
    09 Aug 2021
    नीरज चोपड़ा का स्वर्ण पदक एक जश्न का मौक़ा है, लेकिन यह हमें याद दिलाता है कि जब खेलों की बात होती है, तो हमें और क्या करने की ज़रूरत है। हमें बेहतर अवसंरचना, भीतरी इलाकों तक ज़्यादा नेटवर्किंग और…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License