NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
स्वास्थ्य
भारत
राजनीति
दिल्ली : हवा में प्रदूषण स्तर कुछ कम हुआ लेकिन एक्यूआई अब भी ‘गंभीर’
मौसम विशेषज्ञों ने कहा कि हवा की गति में थोड़ा सुधार है और धीरे-धीरे यह बढ़ सकती है। रविवार से मंगलवार तक इस क्षेत्र में 20-25 किलोमीटर प्रति घंटे तक हवाएं चलने की संभावना है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
02 Nov 2019
delhi smog
Image Courtesy: independent

दिल्ली। देश की राजधानी दिल्ली के प्रदूषण को लेकर राजनीति तेज़ हो गई है और मुद्दा लोगों की सेहत से ज़्यादा अगले साल की शुरुआत में होने वाले विधानसभा चुनावों में वोट हासिल करने का बन गया है। हालांकि दिल्ली और आसपास के शहरों पर छायी जहरीली धुंध की चादर से शनिवार को लोगों को थोड़ी सी राहत मिली और वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 407 रहा लेकिन अब भी यह ‘गंभीर’ श्रेणी में ही है। शुक्रवार शाम चार बजे एक्यूआई 484 था।

राष्ट्रीय राजधानी में प्रदूषण के बढ़ते प्रकोप को देखते हुए सरकार पहले ही पांच नवम्बर तक सभी स्कूलों के बंद रहने का एलान कर चुकी है। वहीं पांच नवम्बर तक सभी प्रकार के निर्माण कार्यों पर भी रोक लगी है।

पर्यावरण प्रदूषण (रोकथाम व नियंत्रण) प्राधिकरण (ईपीसीए) ने दिल्ली-एनसीआर में जन स्वास्थ्य आपातकाल की घोषणा भी की है। पूरी ठंड में पटाखे फोड़ने पर भी प्रतिबंध है।

केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के अनुसार राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) के गाजियाबाद और ग्रेटर नोएडा में एक्यूआई सुबह 10 बजे क्रमश: 459 और 452 रहा। कल शुक्रवार शाम चार बजे यह 496 था।

मौसम विशेषज्ञों ने कहा कि हवा की गति में थोड़ा सुधार है और धीरे-धीरे यह बढ़ सकती है। रविवार से मंगलवार तक इस क्षेत्र में 20-25 किलोमीटर प्रति घंटे तक हवाएं चलने की संभावना है।

मौसम कार्यालय ने कहा कि चक्रवात ‘महा’ और ताजा पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से पंजाब, हरियाणा, राजस्थान और दिल्ली में सात और आठ नवम्बर को बारिश होने की संभावना है।

उन्होंने कहा कि हालांकि हल्की बारिश होगी लेकिन यह जल रही पराली के प्रभाव को कम करने के संदर्भ में महत्वपूर्ण होगी और प्रदूषकों को भी दूर करेगी।

इस साल जनवरी से पहली बार गुरुवार रात दिल्ली में एक्यूआई ‘बेहद गंभीर’ या ‘आपात’ स्तर में पहुंचा था।

एक्यूआई 0-50 के बीच ‘अच्छा’, 51-100 के बीच ‘संतोषजनक’, 101-200 के बीच ‘मध्यम’, 201-300 के बीच ‘खराब’, 301-400 के बीच ‘अत्यंत खराब’, 401-500 के बीच ‘गंभीर’ और 500 के पार ‘बेहद गंभीर एवं आपात’ माना जाता है।

दिल्ली के मुख्यमंत्री केजरीवाल ने भी ट्वीट कर हरियाणा और पंजाब में पराली जलाने से होने वाले धुएं की वजह से दिल्ली के गैस चेंबर में तब्दील होने की बात कही थी।

खट्टर और कैप्टन सरकारें अपने किसानों को पराली जलाने पर मजबूर कर रहीं हैं जिसकी वजह से दिल्ली में भारी प्रदूषण है

कल पंजाब और हरियाणा भवन पर लोगों ने प्रदर्शन कर वहां की सरकारों के प्रति अपना रोष प्रकट किया। https://t.co/p4MfgVND4C

— Arvind Kejriwal (@ArvindKejriwal) November 1, 2019

सरकारी एजेंसी ‘सफर’ ने कहा था कि दिल्ली में प्रदूषण में पंजाब और हरियाणा में पराली जलाने की हिस्सेदारी शुक्रवार को बढ़कर 46 प्रतिशत हो गई।

सम-विषम योजना के दौरान ओला-उबर में ‘सर्ज प्राइसिंग’ नहीं

दिल्ली में चार नवंबर से शुरू हो रही सम-विषम (odd-even) योजना के दौरान ओला और उबर जैसी कैब संचालित करने वाली कंपनियां सर्ज प्राइसिंग (मांग बढ़ने के साथ किराये में बढ़ोतरी) लागू नहीं करेंगी।

 

ओला ने शनिवार को जारी एक बयान में कहा कि वह प्रदूषण नियंत्रण के लिये दिल्ली सरकार की पहल में सहयोग देगी। सम-विषम योजना को लागू करने से साझा गतिशीलता की सुविधा को परखने का भी अवसर मिलेगा।

ओला के मुख्य बिक्री एवं विपणन अधिकारी अरुण श्रीनिवास ने कहा, “यात्रियों को अधिकतम और निर्बाध सुविधा उपलब्ध कराने के अपने सतत प्रयास के तहत हमने तय किया है कि सम-विषम योजना के दौरान ओला पर बुक की गई कैब के लिये सर्ज प्राइसिंग नहीं होगी। हम सभी चालकों-साझेदारों, यात्रियों और नागरिकों से अनुरोध करते हैं कि वह इस योजना के तीसरे संस्करण को सफल बनाने के लिये इसमें भागीदारी करें।”

पिछले महीने उबर ने भी ऐलान किया था कि वह राष्ट्रीय राजधानी में सम-विषम योजना के दौरान सर्ज प्राइसिंग को लागू नहीं करेगी।
उबर के प्रवक्ता ने पीटीआई-भाषा से कहा था, “हम सुनिश्चित करना चाहते हैं कि सम-विषम योजना के दौरान हमारी ओर से आवाजाही सुगम रहे और हमनें इस दौरान सर्ज प्राइसिंग को निष्क्रिय रखने का फैसला किया है। हम दिल्ली सरकार के कदम का पूर्ण समर्थन करते हैं और इसकी सफलता की कामना करते हैं।”

(समाचार एजेंसी भाषा के इनपुट के साथ)

Delhi smog
Pollution in Delhi
Central Pollution Control Board
Delhi-NCR
Arvind Kejriwal
Odd-Even

Related Stories

दिल्ली: क्या कोरोना के नए मामलों में आई है कमी? या जाँच में कमी का है असर? 

चुनावी कुंभ:  उत्तराखंड के डॉक्टरों की अपील, चुनावी रैलियों पर लगे रोक

दिल्ली में ओमीक्रॉन के बढ़ते मामलों के मद्देनज़र शनिवार-रविवार का कर्फ़्यू

वायु प्रदूषण: दिल्ली में स्कूल, कॉलेज, सरकारी कार्यालय 29 नवंबर से फिर खुलेंगे

दिल्ली की स्वास्थ्य सेवाएं और संरचनाएं: 2013 से कितना आगे बढ़े हम

संकट: दिल्ली में लगातार बढ़ते संक्रमण के बीच कम हुई कोरोना जांच की रफ़्तार

कोविड-19: सरकारों ने महामारी के एक साल बाद भी कुछ नहीं सीखा

…इस बार भी लोगों ने प्रदूषण चुना

कोविड-19 और वायु प्रदूषण: दो त्रासदियों के बीच 'हांफती' दिल्ली सरकार!

दिल्ली में कोरोना संकट के बीच बढ़ा वायु प्रदूषण, आरोप-प्रत्यारोप का दौर शुरू


बाकी खबरें

  • fertilizer
    तारिक अनवर
    उप्र चुनाव: उर्वरकों की कमी, एमएसपी पर 'खोखला' वादा घटा सकता है भाजपा का जनाधार
    04 Feb 2022
    राज्य के कई जिलों के किसानों ने आरोप लगाया है कि सरकार द्वारा संचालित केंद्रों पर डीएपी और उर्वरकों की "बनावटी" की कमी की वजह से इन्हें कालाबाजार से उच्च दरों पर खरीदने के लिए मजबूर होना पड़ा है।
  • corona
    न्यूज़क्लिक टीम
    कोरोना अपडेट: देश में कोरोना से मौत का आंकड़ा 5 लाख के पार
    04 Feb 2022
    देश में 24 घंटों में कोरोना के 1,49,394 नए मामले सामने आए और 1,072 मरीज़ों की मौत हुई है। देश में कोरोना से अब तक 5 लाख 55 लोगों की मौत हो चुकी है।
  • SKM
    रौनक छाबड़ा
    यूपी चुनाव से पहले एसकेएम की मतदाताओं से अपील: 'चुनाव में बीजेपी को सबक़ सिखायें'
    04 Feb 2022
    एसकेएम ने गुरुवार को अपने 'मिशन यूपी' अभियान को फिर से शुरू करने का ऐलान करते हुए कहा कि 57 किसान संगठनों ने मतदाताओं से आगामी यूपी चुनावों में भाजपा को वोट नहीं देने का आग्रह किया है।
  • unemployment
    अजय कुमार
    क्या बजट में पूंजीगत खर्चा बढ़ने से बेरोज़गारी दूर हो जाएगी?
    03 Feb 2022
    बजट में पूंजीगत खर्चा बढ़ जाने से क्या बेरोज़गारी का अंत हो जाएगा या ज़मीनी हक़ीक़त कुछ और ही बात कह रही है?
  • farmers SKM
    रवि कौशल
    कृषि बजट में कटौती करके, ‘किसान आंदोलन’ का बदला ले रही है सरकार: संयुक्त किसान मोर्चा
    03 Feb 2022
    मोर्चा ने इस बात पर भी जोर दिया कि केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने एक बार भी किसानों की आय को दुगुना किये जाने का उल्लेख नहीं किया है क्योंकि कई वर्षों के बाद भी वे इस परिणाम को हासिल कर…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License