NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
अपराध
आधी आबादी
उत्पीड़न
महिलाएं
भारत
राजनीति
दिल्ली गैंगरेप: निर्भया कांड के 9 साल बाद भी नहीं बदली राजधानी में महिला सुरक्षा की तस्वीर
भारत के विकास की गौरवगाथा के बीच दिल्ली में एक महिला को कथित तौर पर अगवा कर उससे गैंग रेप किया गया। महिला का सिर मुंडा कर, उसके चेहरे पर स्याही पोती गई और जूतों की माला पहनाकर सड़क पर तमाशा बनाया गया है।
सोनिया यादव
29 Jan 2022
No more rape
'प्रतीकात्मक फ़ोटो' साभार: flickr

देश में महिला सुरक्षा की स्थिति ये है कि जिस दिन देश की राजधानी दिल्ली में गणतंत्र का पर्व जोर-शोर से मनाया जा रहा था, दुनिया को भारत के विकास की गौरवगाथा दिखाई जा रही थी, उसी दिन उसी दिल्ली के शाहदरा में इंसानियत शर्मसार हो रही थी। खबरों के मुताबिक कस्तूरबा नगर इलाके में एक महिला को कथित तौर पर अगवा कर उससे गैंग रेप किया गया। इतना ही नहीं आरोप है कि महिला का सिर मुंडा कर, उसके चेहरे पर स्याही पोती गई और जूतों की माला पहनाकर सड़क पर तमाशा बनाया गया है। इस मामले में पुलिस ने अब तक 11 लोगों को गिरफ़्तार किया है। जिसमें नौ महिलाएं भी शामिल हैं।

बता दें कि पुलिस ने आईपीसी की विभिन्न धाराओं के तहत केस रजिस्टर किया है। इसमें गैंग रेप, मार-पीट, यौन हमला, आपराधिक साज़िश के आरोप भी शामिल हैं। पुलिस का कहना है कि इस मामले में नामजद किए गए सभी 11 अभियुक्त अवैध शराब के कारोबार से जुड़े हुए हैं और गिरफ़्तार किए गए लोगों में दो किशोर उम्र के भी हैं जिन पर रेप का आरोप है।

क्या है पूरा मामला?

प्राप्त जानकारी के मुताबिक पीड़िता की उम्र 20 साल बताई जा रही है। साल 2018 में इस महिला की शादी हुई थी और वे दिल्ली के आनंद विहार इलाके में एक किराये के घर में अपने तीन साल के बेटे के साथ रहती हैं।

महिला की बहन ने समाचार एजेंसी पीटीआई को बताया कि पड़ोस के एक लड़के ने पिछले साल नवंबर महीने में खुदकुशी कर ली थी। लड़के का दावा था कि वो उसकी बहन से प्यार करता है। उन्होंने बताया कि "उस लड़के के घर वाले मेरी बहन को अपने बेटे की मौत के लिए जिम्मेदार बताते थे।"

महिला की छोटी बहन ने कहा है कि उन्हें पिछले साल नवंबर से ही डराया-धमकाया और परेशान किया जा रहा था। नवंबर में ही अभियुक्तों में से एक के बेटे ने पीड़िता के द्वारा कथित तौर पर ठुकराये जाने के बाद रेलवे ट्रैक पर खुदकुशी कर ली थी। पीटीआई की रिपोर्ट के अनुसार, उस परिवार ने कथित तौर पर बदले की कसम खाई थी।

महिला की बहन ने बताया कि बुधवार, 26 जनवरी को वो अपनी बहन को गेहूं देने आ रही थीं। उन्हें पता नहीं था कि कुछ लोग उनका पीछा कर रहे थे। कुछ के हाथों में डंडे थे और एक महिला के हाथ में कैंची भी थी। जब पीड़िता अपनी बहन के घर पहुंची और उन्होंने अपनी बहन को नीचे आने के लिए कहा तभी एक ऑटो रिक्शा में उन्हें अगवा कर लिया गया।

बहन ने कहा - डर के मारे किसी ने नहीं कहा

उन्होंने बताया, "उन्होंने मेरा मोबाइल फोन छीन लिया ताकि मैं पुलिस को इसकी रिपोर्ट न कर सकूं। उन्होंने मेरी आंखों के सामने मेरी बहन को एक ऑटो में अगवा कर लिया। गाड़ी के भीतर ही वे मेरी बहन के बाल काटने लगे। वे लोग उन्हें अपने घर के भीतर ले गए और बंद कर दिया। उनका सिर मुंडा दिया गया। उन्हें बुरी तरह से पीटा गया और ग़लत काम किया मेरी बहन के साथ।"

उन्होंने बताया कि अभियुक्त ने उनके भतीजे को भी अगवा कर लिया था लेकिन वो किसी तरह से उन्हें छुड़ाने में कामयाब रहीं। उन्होंने अपने भतीजे को एक घर में छुपाकर रखा है और उनका कहना है कि उनकी जान को ख़तरा है।

पीड़िता की बहन ने बताया कि जब उनकी बहन के साथ ये सब कुछ हो रहा था तब कोई मदद के लिए नहीं आया। डर से कोई भी पड़ोसी उन्हें बचाने के लिए नहीं आया। उन्होंने बताया कि किसी तरह को पुलिस को इस घटना की जानकारी दे पाईं और पुलिस ने उनकी बहन को छुड़ाया।

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने गुरुवार, 27 जनवरी को इस घटना को शर्मनाक बताते हुए केंद्र सरकार से पुलिस को कड़ी कार्रवाई करने का निर्देश देने की अपील की। उन्होंने अपने ट्वीट में लिखा, "ये बेहद शर्मनाक है। अपराधियों की इतनी हिम्मत हो कैसे गई? केंद्रीय गृहमंत्री जी और उपराज्यपाल जी से मैं आग्रह करता हूं कि पुलिस को सख़्त एक्शन लेने के निर्देश दें, क़ानून व्यवस्था पर ध्यान दें। दिल्लीवासी इस तरह के जघन्य अपराध और अपराधियों को किसी भी क़ीमत पर बर्दाश्त नहीं करेंगे।"

ये बेहद शर्मनाक है। अपराधियों की इतनी हिम्मत हो कैसे गई? केंद्रीय गृहमंत्री जी और उपराज्यपाल जी से मैं आग्रह करता हूँ कि पुलिस को सख़्त एक्शन लेने के निर्देश दें, क़ानून व्यवस्था पर ध्यान दें। दिल्लीवासी इस तरह के जघन्य अपराध और अपराधियों को किसी भी क़ीमत पर बर्दाश्त नहीं करेंगे। https://t.co/aAinx2Sbti

— Arvind Kejriwal (@ArvindKejriwal) January 27, 2022

मालूम हो कि दिल्ली की कानून व्यवस्था केंद्र सरकार के अंतर्गत आती है, जिसमें दिल्ली पुलिस भी शामिल है। दिल्ली पुलिस केंद्र के दिशा निर्देशों पर ही काम करती है और उसी के प्रति जवाबदेह भी है।

पुलिस का क्या कहना है?

पुलिस के मुताबिक इस घटना को निजी दुश्मनी के लिए अंजाम दिया गया है। इस मामले की जांच के आदेश दे दिए गए हैं। साथ ही पीड़िता को हर तरह की मदद और काउंसिलिंग मुहैया कराई जा रही है।

इससे पहले शाहदरा क्षेत्र के लिए दिल्ली पुलिस के उपायुक्त आर सथ्यसुदंरम ने सोशल मीडिया के जरिए बताया था, "आपसी रंज़िश के कारण शाहदरा ज़िले में एक महिला पर यौन हमले की दुर्भाग्यपूर्ण घटना हुई है। पुलिस ने चार अभियुक्तों को गिरफ़्तार किया है और घटना की जांच की जा रही है। पीड़िता को काउंसिलिंग और हर संभव मदद दी जा रही है।"

An unfortunate incident of sexual assualt on a woman due to personal enmity happened in Shahdara District today .
Police has nabbed four accused and probe is on. All possible help and counselling is being provided to the victim. @CPDelhi @DCP_SHAHDARA #DelhiPoliceUpdates pic.twitter.com/Num74VqgVO

— Delhi Police (@DelhiPolice) January 26, 2022

महिला आयोग ने लिया संज्ञान

दिल्ली महिला आयोग की अध्यक्ष स्वाति मालीवाल ने इस घटना पर संज्ञान लिया साथ ही पुलिस से कड़ी कार्रवाई की अपील भी की। स्वाति मालीवाल ने इस घटना का वीडियो शेयर करते हुए दिल्ली पुलिस को नोटिस जारी कर लड़की और उसके परिवार के लिए सुरक्षा की मांग की।

मालीवाल ने मीडिया से कहा कि वे पीड़िता से मिली हैं और उसने बताया कि किस तरह से उसके साथ 3 लोगों ने गैंगरेप किया। उसके शरीर पर अमानवीय घाव हैं। उन्होंने कहा कि शराब बेचने वालों ने लड़की का अपहरण कर उससे गैंगरेप किया था।

कस्तूरबा नगर में 20 साल की लड़की का अवैध शराब बेचने वालों द्वारा गैंगरेप किया गया, उसे गंजा कर, चप्पल की माला पहना पूरे इलाक़े में मुँह काला करके घुमाया। मैं दिल्ली पुलिस को नोटिस जारी कर रही हूँ। सब अपराधी आदमी औरतों को अरेस्ट किया जाए और लड़की और उसके परिवार को सुरक्षा दी जाए। pic.twitter.com/4ExXufDaO3

— Swati Maliwal (@SwatiJaiHind) January 27, 2022

गौरतलब है कि अभी बीते दिसंबर में ही निर्भया कांड के नौ साल पूरे हुए हैं। ऐसे में आए दिन दुष्कर्म की वारदातें, हर 18 मिनट में बलात्कार का एक मामला, निर्भया कांड के न्यायिक नतीजे से आने वाले व्यापक सामाजिक बदलावों की उम्मीद पर कई सवाल खड़े करता है। इस मामले के बाद महिला सुरक्षा और सशक्तिकरण को लेकर बड़े-बड़े वादे हुए, क़ानून में संशोधन हुए, महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए 2013 में जस्टिस वर्मा कमेटी गठित की गई। सरकारें बदली लेकिन आज नौ साल बाद भी महिला सुरक्षा की तस्वीर नहीं बदली।

आज भी देश के जाने-माने काशी हिंदू विश्वविद्यालय में लड़कियों को अपनी सुरक्षा के लिए आंदोलन करना पड़ता है। प्रशासन से यौन हिंसा के खिलाफ कार्रवाई के लिए सड़कों पर उतरना पड़ता है। ये हाल सिर्फ बीएचयू का नहीं है, जेएनयू, जामिया समेत देश के कई प्रतिष्ठित विश्वविद्यालयों का है। हाथरस, बिजनौर, मुंबई, हैदराबाद, गुजरात सहित लगभग सभी राज्यों का भी है। अब आप समझ सकते हैं कि देश में कानून सख्त होने के बाद महिलाएं कितनी सशक्त हुई हैं और अपराधी कितने बेखौफ।

नहीं है सुरक्षित देश की महिलाएं

नेशनल क्राइम रिकॉर्ड्स ब्यूरो यानी एनसीआरबी के आंकड़ों को देखें तो पूरे देश में साल 2020 में बलात्कार के हर दिन औसतन करीब 77 मामले दर्ज किए गए और कुल संख्या 28 हजार 46 रही। इनमें से 295 मामलों में पीड़िताओं की उम्र 18 साल से कम थी। यानी हर 18 मिनट में एक लड़की यौन हिंसा और बलात्कार का शिकार होती है।

जानकारों और खुद महिला आयोग के अनुसार ये संख्या असल मामलों से कहीं दूर है क्योंकि कोरोना और लॉकडाउन के चलते पुलिस और सहायता दोनों महिलाओं से दूर हो गईं थी।

वहीं साल 2019 की बात करें तो प्रतिदिन बलात्कार के औसतन 87 मामले दर्ज हुए और साल भर के दौरान महिलाओं के खिलाफ अपराध के कुल 4,05,861 मामले दर्ज हुए जो 2018 की तुलना में सात प्रतिशत अधिक थे।

हालांकि महिलाओं से जुड़े अपराधों के ख़िलाफ़ मुहिम चलाने वालों का कहना है कि रेप और यौन हिंसा के हज़ारों मामले पुलिस के पास तक पहुंचते ही नहीं हैं। असल में इसके वास्तविक आंकड़ें कहीं ज्यादा हैं। ऐसे में सवाल उठता है कि जनाक्रोश को सड़कों पर लाने वाला निर्भया कांड, आख़िर देश में महिला सुरक्षा के विमर्श को कितना आगे ले गया? जस्टिस वर्मा कमेटी की सिफ़ारिशें कितनी कारगर रहीं? और आख़िर में सवाल ये भी कि निर्भया कांड के दोषियों को फांसी देने के बाद देश में महिलाओं के ख़िलाफ़ हो रहे अपराधों में कितनी कमी आई?

इसे भी पढ़ें: निर्भया कांड के नौ साल : कितनी बदली देश में महिला सुरक्षा की तस्वीर?

Vigilantism
republic day
Harassment
Indian Penal Code
Marital Rape
sexual crimes
crimes against women
violence against women
Nirbhaya gang rape
Crimes in Delhi
Arvind Kejriwal
delhi police

Related Stories

हैदराबाद : मर्सिडीज़ गैंगरेप को क्या राजनीतिक कारणों से दबाया जा रहा है?

दिल्ली: रामजस कॉलेज में हुई हिंसा, SFI ने ABVP पर लगाया मारपीट का आरोप, पुलिसिया कार्रवाई पर भी उठ रहे सवाल

क्या पुलिस लापरवाही की भेंट चढ़ गई दलित हरियाणवी सिंगर?

तेलंगाना एनकाउंटर की गुत्थी तो सुलझ गई लेकिन अब दोषियों पर कार्रवाई कब होगी?

यूपी : महिलाओं के ख़िलाफ़ बढ़ती हिंसा के विरोध में एकजुट हुए महिला संगठन

बिहार: आख़िर कब बंद होगा औरतों की अस्मिता की क़ीमत लगाने का सिलसिला?

बिहार: 8 साल की मासूम के साथ बलात्कार और हत्या, फिर उठे ‘सुशासन’ पर सवाल

मध्य प्रदेश : मर्दों के झुंड ने खुलेआम आदिवासी लड़कियों के साथ की बदतमीज़ी, क़ानून व्यवस्था पर फिर उठे सवाल

बिहार: मुज़फ़्फ़रपुर कांड से लेकर गायघाट शेल्टर होम तक दिखती सिस्टम की 'लापरवाही'

यूपी: बुलंदशहर मामले में फिर पुलिस पर उठे सवाल, मामला दबाने का लगा आरोप!


बाकी खबरें

  • Sitaram Yechury
    संदीप चक्रवर्ती
    स्वतंत्रता दिवस को कमज़ोर करने एवं हिंदू राष्ट्र को नए सिरे से आगे बढ़ाने की संघ परिवार की योजना को विफल करें: येचुरी 
    25 Feb 2022
    माकपा महासचिव ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार का “फोकस 5 अगस्त को देश की वास्तविक स्वतंत्रता की तारीख के रूप में बढ़ावा देने पर है।"  
  • russia ukrain
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    यूक्रेन पर रूस के हमले से जुड़ा अहम घटनाक्रम
    25 Feb 2022
    यूरोपीय संघ रूस पर और आर्थिक एवं वित्तीय प्रतिबंध लगाने को सहमत। तो वहीं संयुक्त राष्ट्र ने यूक्रेन में मानवीय सहायता के लिए दो करोड़ डॉलर देने की घोषणा की।
  • ASHA Workers
    अनिल अंशुमन
    बिहार : आशा वर्कर्स 11 मार्च को विधानसभा के बाहर करेंगी प्रदर्शन
    25 Feb 2022
    आशा कार्यकर्ताओं का कहना है कि बिहार सरकार हाई कोर्ट के आदेश का पालन करने में भी टाल मटोल कर रही है। कार्यकर्ताओं ने ‘भूखे रहकर अब और नहीं करेंगी बेगारी’ का ऐलान किया है।
  • covid
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 13 हज़ार से ज़्यादा नए मामले, 302 मरीज़ों की मौत
    25 Feb 2022
    देश में कोरोना संक्रमण के मामलों की संख्या बढ़कर 4 करोड़ 28 लाख 94 हज़ार 345 हो गयी है।
  • up elections
    तारिक़ अनवर
    यूपी चुनाव : अयोध्या के प्रस्तावित  सौंदर्यीकरण में छोटे व्यापारियों की नहीं है कोई जगह
    25 Feb 2022
    अयोध्या के व्यापारियों ने आरोप लगाया है कि प्रस्तावित लेआउट के परिणामस्वरूप दुकानों और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को बड़े पैमाने पर ध्वस्त या उन दुकानों का ज़्यादातर हिस्सा तोड़ दिया जाएगा।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License