NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
COVID-19 की चिंताओं के बीच डेमोक्रेट ने प्राइमरी का चुनाव किया
"सुपर ट्यूजडे 3" प्राइमरी में बहुत कम मतदान हुए और उम्मीद है कि सत्ताधारी पार्टी के उम्मीदवार जोए बाइडेन के पक्ष में जाएगा।
पीपल्स डिस्पैच
18 Mar 2020
COVID-19

सार्वजनिक स्वास्थ्य एवं राज्य के अधिकारियों द्वारा चिंताओं को उठाने के बावजूद अमेरिका की डेमोक्रेटिक पार्टी मंगलवार 17 मार्च को प्राइमरी के लिए अपने तीसरे दौर के मतदान के साथ आगे बढ़ी। अक्सर "सुपर ट्यूजडे 3" कहे जाने वाले प्राइमरी राउंड का मतदान डेलिगेट की अधिक संख्या वाले तीन राज्य एरिज़ोना, फ्लोरिडा और इलिनोइस में किया गया। 441 प्रतिनिधियों के साथ यह डेमोक्रेटिक पार्टी के लिए एक ही दिन में दूसरा सबसे बड़ा प्राइमरी राउंड था।

ये प्राइमरी ऐसे समय में हुआ था जब पब्लिक हेल्थ विशेषज्ञों ने संयुक्त राज्य अमेरिका में फैले COVID-19 के तीसरे चरण को लेकर चिंता जाहिर की है। इसके प्रसार का तीसरा चरण उस स्थिति को व्यक्त करता है जब संक्रमण एक- दूसरे में संचरण के स्तर से आगे बढ़ जाता है और समुदाय में निरंतर फैलने के बिंदु तक पहुंच जाता है।

ओहियो डेमोक्रेटिक पार्टी जिसे अन्य तीनों के साथ कल अपने प्राइमरी का आयोजन करना था उसने सभी प्राइमरी को स्थगित करने के लिए ओहियो राज्य सरकार के खिलाफ अदालत का दरवाजा खटखटाया है। अंततः ओहायो राज्य की सर्वोच्च अदालत ने सभी प्राइमरी के लिए इन-पर्सन वोटिंग को स्थगित करने के राज्य सरकार के फैसले का समर्थन किया। जॉर्जिया, केंटुकी और लुइसियाना में राज्य के अधिकारियों द्वारा इसी तरह के कदम उठाए गए थे।

COVID-19 के मामले के बीच प्राइमरी के होने का परिणाम यह था कि इस बार सबसे कम मतदान हुए हैं। हालांकि पूरी मतदान प्रक्रिया का विवरण अभी भी जारी नहीं किया गया है क्योंकि रिपोर्ट के अनुसार ज़्यादातर मतदाता अभी भी चुनावी क्षेत्र में हैं। रिपोर्टों के अनुसार स्थिति बेहद गंभीर है।

उदाहरण स्वरूप 2.5 मिलियन से अधिक डेमोक्रेट वाले इलिनोइस प्रांत के इस प्राइमरी में 4,00,000 से थोड़ी अधिक वोटों के मिलने की सूचना है। रिपोर्टों के अनुसार फ्लोरिडा में 2016 की प्राइमरी की तुलना में सबसे अधिक मतदान की सूचना मिली है, लेकिन यह उल्लेख नहीं किया कि तब योग्य मतदाताओं के बमुश्किल 28.5% ने डेमोक्रेटिक और रिपब्लिकन प्राइमरी में भाग लिया था।

जैसा कि तीन राज्यों से आए इस परिणाम में ऐसा लगता है कि कम मतदान ने डेमोक्रेटिक पार्टी के सत्ता समर्थित उम्मीदवार जोए बाइडेन को शानदार लाभ पहुंचाया है। जबकि सैंडर्स के प्रचार ने लोगों को प्रोत्साहित किया कि अगर वे मतदान करने जाते हैं तो अपने स्वास्थ्य और सुरक्षा का पूरा ख्याल रखें वहीं बाइडेल लोगों को प्रोत्साहित किया अगर वे स्वस्थ्य हैं तो मतदान करने ज़रुर जाएं।

साभार : पीपल्स डिस्पैच

COVID-19
Coronavirus
Democratic Party
Super Tuesday 3
United States
International news

Related Stories

आर्थिक रिकवरी के वहम का शिकार है मोदी सरकार

बाइडेन ने यूक्रेन पर अपने नैरेटिव में किया बदलाव

दुनिया भर की: कोलंबिया में पहली बार वामपंथी राष्ट्रपति बनने की संभावना

महामारी के दौर में बंपर कमाई करती रहीं फार्मा, ऑयल और टेक्नोलोजी की कंपनियां

विश्व खाद्य संकट: कारण, इसके नतीजे और समाधान

महामारी में लोग झेल रहे थे दर्द, बंपर कमाई करती रहीं- फार्मा, ऑयल और टेक्नोलोजी की कंपनियां

कोविड मौतों पर विश्व स्वास्थ्य संगठन की रिपोर्ट पर मोदी सरकार का रवैया चिंताजनक

महंगाई की मार मजदूरी कर पेट भरने वालों पर सबसे ज्यादा 

जनवादी साहित्य-संस्कृति सम्मेलन: वंचित तबकों की मुक्ति के लिए एक सांस्कृतिक हस्तक्षेप

कोरोना अपडेट: देश में एक हफ्ते बाद कोरोना के तीन हज़ार से कम मामले दर्ज किए गए


बाकी खबरें

  • water pump
    शिवम चतुर्वेदी
    हरियाणा: आज़ादी के 75 साल बाद भी दलितों को नलों से पानी भरने की अनुमति नहीं
    22 Nov 2021
    रोहतक के ककराणा गांव के दलित वर्ग के लोगों का कहना है कि ब्राह्मण समाज के खेतों एवं अन्य जगह पर लगे नल से दलित वर्ग के लोगों को पानी भरने की अनुमति नहीं है।
  • ATEWA
    सरोजिनी बिष्ट
    पुरानी पेंशन बहाली की मांग को लेकर अटेवा का लखनऊ में प्रदर्शन, निजीकरण का भी विरोध 
    22 Nov 2021
    21 नवंबर को लखनऊ के इको गार्डेन में नेशनल पेंशन स्कीम यानी एनपीएस को रद्द करने, पुरानी पेंशन सिस्टम यानी ओपीएस को पुनः बहाल करने और रेलवे के निजीकरण पर रोक लगाने की मांगों के साथऑल इंडिया टीचर्स एंड…
  • COP26
    डी रघुनंदन
    कोप-26: मामूली हासिल व भारत का विफल प्रयास
    22 Nov 2021
    इस शिखर सम्मेलन में एक ओर प्रधानमंत्री के और दूसरी ओर उनकी सरकार के वरिष्ठ मंत्रियों तथा आला अफसरों के अलग-अलग रुख अपनाने से ऐसी छवि बनी लगती है कि या तो इस शिखर सम्मेलन के लिए भारत ने ठीक से तैयारी…
  • birsa
    अनिल अंशुमन
    झारखंड : ‘जनजातीय गौरव दिवस’ से सहमत नहीं हुआ आदिवासी समुदाय, संवैधानिक अधिकारों के लिए उठाई आवाज़! 
    22 Nov 2021
    बिरसा मुंडा जयंती के कार्यक्रमों और सोशल मीडिया के मंचों से अधिकतर लोगों ने यही सवाल उठाया कि यदि बिरसा मुंडा और आदिवासियों की इतनी ही चिंता है तो आदिवासियों के प्रति अपने नकारात्मक नज़रिए और आचरण में…
  • kisan mahapanchayat
    लाल बहादुर सिंह
    मोदी को ‘माया मिली न राम’ : किसानों को भरोसा नहीं, कॉरपोरेट लॉबी में साख संकट में
    22 Nov 2021
    आज एक बार फिर कॉरपोरेट-राज के ख़िलाफ़ किसानों की लड़ाई लखनऊ होते हुए देश और लोकतंत्र बचाने की लड़ाई और नीतिगत ढांचे में बदलाव की राजनीति का वाहक  बनने की ओर अग्रसर है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License