NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
क्षेत्रीय होड़ और दुरुपयोग की चिंताओं के बावजूद अमेरिकी सीनेट ने यूएई को हथियारों की बिक्री का समर्थन किया
यूएई को एफ-35 जेट और रीपर ड्रोन की बिक्री को रोकने के लिए प्रस्तुत दो प्रस्तावों को 100 सदस्यीय सीनेट में 49 में 47 से और 50 में46 के साधारण बहुमत से खारिज कर दिया गया।
पीपल्स डिस्पैच
10 Dec 2020
अमेरिकी सीनेट

बुधवार 9 दिसंबर को विभिन्न सिविल सोसायटी, युद्ध-विरोधी और मानवाधिकार समूहों द्वारा की गई अपील को खारिज करते हुए अमेरिकी कांग्रेस में सीनेट के अधिकांश सदस्यों ने ट्रम्प प्रशासन के संयुक्त अरण अमीरात (यूएई) को हथियार बेचने के फैसले को रोकने से इनकार कर दिया। एडवांस एफ-35 फाइटर जेट और रीपर ड्रोन को रोकने की मांग करने वाले दो प्रस्तावों को 100 सदस्यीय सीनेट में 49 में 47 से और 50 में 46 के साधारण बहुमत से खारिज कर दिया गया।

इन प्रस्तावों को डेमोक्रेटिक पार्टी के न्यू जर्सी के सीनेटर बॉब मेनेंडेज़ द्वारा प्रस्तुत किया गया था जो राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प द्वारा यूएई को 23 बिलियन अमरीकी डॉलर के हथियार बेचने के लिए किए गए निर्णय को रोकने की मांग करता है। मेनेंडेज़ ने कहा कि संयुक्त अरब अमीरात को हथियारों की बिक्री उस क्षेत्र में एक नई हथियारों की दौड़ शुरू कर सकती है जो पहले से ही अस्थिर है।

डोनाल्ड ट्रम्प प्रशासन ने 10 नवंबर को कांग्रेस को ये निर्णय अधिसूचित किया था। ट्रम्प ने इस समझौते को रोकने पर वीटो प्रस्ताव की भी धमकी दी थी। तथ्य यह है कि वर्तमान सीनेट में रिपब्लिकन का बहुमत है ऐसे में ये प्रस्ताव भी एक प्रतीकात्मक संकेत था। राष्ट्रपति के वीटो से बचने के लिए उन्हें कांग्रेस के दोनों सदनों में दो तिहाई बहुमत के समर्थन की आवश्यकता थी।

यूएई को अमेरिकी हथियारों की बिक्री इस साल सितंबर में व्हाइट हाउस में हस्ताक्षरित तथाकथित अब्राहम समझौते के तहत इजरायल के साथ संबंधों के "सामान्य" करने से जुड़ा है।

यूएई के मानवाधिकार रिकॉर्ड और यमन में युद्धों में शामिल होने तथा लीबिया को लेकर संयुक्त राष्ट्र के हथियारों के प्रतिबंधों के उल्लंघन का हवाला देते हुए नागरिक समाज समूहों ने इस समझौते को रोकने के लिए पहले ही कांग्रेस को याचिका दे दी है। उन्होंने मध्य पूर्व क्षेत्र में भी हथियारों की होड़ को लेकर चिंता व्यक्त की थी।

हालांकि, पिछले महीने कम से कम 80 मानवाधिकार समूहों और शांति समूहों ने भी नवनिर्वाचित राष्ट्रपति जो बाइडेन को संयुक्त अरब अमीरात में हथियारों की बिक्री की समीक्षा करने और यमन में युद्ध में अमेरिका की भागीदारी को खत्म करने के लिए गुहार लगाई थी। ऐसी संभावना नहीं है कि हथियारों की बिक्री का सौदा को रोक दिया जाएगा।

US senate
America
UAE
Joe Biden
United nations

Related Stories

बाइडेन ने यूक्रेन पर अपने नैरेटिव में किया बदलाव

और फिर अचानक कोई साम्राज्य नहीं बचा था

खाड़ी में पुरानी रणनीतियों की ओर लौट रहा बाइडन प्रशासन

जलवायु परिवर्तन : हम मुनाफ़े के लिए ज़िंदगी कुर्बान कर रहे हैं

क्या दुनिया डॉलर की ग़ुलाम है?

सऊदी अरब के साथ अमेरिका की ज़ोर-ज़बरदस्ती की कूटनीति

गर्भपात प्रतिबंध पर सुप्रीम कोर्ट के लीक हुए ड्राफ़्ट से अमेरिका में आया भूचाल

अमेरिका ने रूस के ख़िलाफ़ इज़राइल को किया तैनात

नाटो देशों ने यूक्रेन को और हथियारों की आपूर्ति के लिए कसी कमर

यूक्रेन में छिड़े युद्ध और रूस पर लगे प्रतिबंध का मूल्यांकन


बाकी खबरें

  • otting massacre
    अजय सिंह
    2021: हिंसक घटनाओं को राजसत्ता का समर्थन
    31 Dec 2021
    दिखायी दे रहा है कि लिंचिंग और जेनोसाइड को सामाजिक-राजनीतिक वैधता दिलाने की कोशिश की जा रही है। इसमें भाजपा और कांग्रेस की मिलीभगत लग रही है। वर्ष 2021 को इसलिए भी याद किया जायेगा।
  • dharm sansad
    स्मृति कोप्पिकर
    तबाही का साल 2021: भारत के हिस्से में निराशा, मगर लड़ाई तब भी जारी रहनी चाहिए
    31 Dec 2021
    साम्प्रदायिक विद्वेष और दलित विरोधी हिंसा के चलते हमारी स्थिति पहले भी बहुत ख़राब थी, लेकिन मौजूदा स्थिति कहीं ज़्यादा ख़राब है। नफ़रत 2021 की हमारी नयी पहचान बन गयी और भारत सरकते हुए बहुत नीचे चला…
  • BAJRANG DAL
    रवि शंकर दुबे
    बजरंग दल को नए साल के जश्न से भी परेशानी, काशी की गलियों में नोटिस लगाकर दी धमकी
    31 Dec 2021
    विश्व हिंदू परिषद हर दिन नई धमकियाँ दे रहा है। इस बार विहिप ने धमकी दी है कि अगर नए साल का जश्न मनाया गया तो ठीक नहीं होगा, साथ ही इस दल ने पब और होटल पर संगीन आरोप मढ़ दिए हैं।
  • dharm sansad
    सत्यम श्रीवास्तव
    असल सवाल इन धर्म संसदों के औचित्य का है
    31 Dec 2021
    सवाल हरिद्वार या रायपुर में एक या अनेक लेकिन एक जैसे कथित संतों द्वारा बदतमीज़ी और उकसाने वाले बयानों का नहीं है बल्कि असल सवाल इन कथित धर्म सांसदों के आयोजनों के औचित्य का है।
  • protest
    रौनक छाबड़ा
    हरियाणा: यूनियन का कहना है- नाकाफी है खट्टर की ‘सौगात’, जारी रहेगी आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की हड़ताल
    31 Dec 2021
    8 दिसंबर से जारी हड़ताल की कार्रवाई के चलते राज्य भर के सभी 22 जिलों में लगभग 26,000 आंगनबाड़ी केंद्रों में कामकाज पूरी तरह से ठप पड़ा है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License