NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
पूर्वी सीरिया में इज़रायली हवाई हमले में दर्जनों लोग मारे गए
रिपोर्टों के अनुसार इज़रायल के हमले अमेरिकी खुफिया एजेंसियों द्वारा दी गई जानकारी के बाद किए गए थे।
पीपल्स डिस्पैच
14 Jan 2021
 सीरिया

बुधवार 13 जनवरी को तड़के सीरिया के पूर्वी दीर एज़ोर प्रांत में इज़रायल द्वारा किए गए कई हवाई हमलों में दर्जनों लोग मारे गए। हालांकि आधिकारिक सीरियाई अरब न्यूज़ एजेंसी (एसएएनए) द्वारा इन हवाई हमलों की खबर की पुष्टि की गई है लेकिन मृतकों की संख्या की पुष्टि नहीं हुई है। अल-जज़ीरा ने लंदन स्थित सीरियन ऑब्जर्वेटरी ऑफ ह्यूमन राइट्स के हवाले से कहा कि 2018 के बाद से अब तक के सबसे घातक हमले में 57 लोगों की मौत हो गई।

एसएएनए के अनुसार इजरायल के हवाई जहाज ने बुधवार की रात्रि लगभग 1 बजे सूबे के बोउकामल के रेगिस्तानी इलाकों और दीर एज़ोर को निशाना बनाया। सीरिया का सबसे बड़ा पूर्वी शहर दीर एज़ोर इस प्रांत की राजधानी भी है। इराक के साथ इसकी सीमाएं हैं।

एक अधिकारी के हवाले से एसोसिएटेड प्रेस ने लिखा, इजरायल ने अमेरिका द्वारा दी गई जानकारी के आधार पर हमले किए। इजरायली खुफिया एजेंसी मोसाद के प्रमुख योसी कोहेन और सेक्रेट्री ऑफ स्टेट माइक पोम्पियो के बीच सोमवार को इस हमले पर चर्चा हुई थी।

अमेरिका का सीरिया के अल-होम्स प्रांत के नजदीक एक अवैध सैन्य अड्डा है।

साल 2011 में युद्ध की शुरुआत के बाद से इजरायल सीरिया के विभिन्न हिस्सों में अवैध रूप से हवाई हमलों को अंजाम दे रहा है। अधिकतर अस्वीकृत इन हमलों को इजरायल द्वारा आत्मरक्षा की कार्रवाई के रूप में जायज ठहराया जाता है। इसने यह तर्क दिया है कि वह देश में केवल ईरानी या ईरान समर्थक मिलिशिया को निशाना बनाता है।

ईरान और रूस देश की लड़ाई में मिलिशिया सैनिकों द्वारा कब्जा किए गए क्षेत्रों पर नियंत्रण करने के लिए अपनी लड़ाई में सीरियाई सरकार को सहायता प्रदान करते रहे हैं।

इजरायल ने नए साल की शुरुआत के बाद से इन हमलों में काफी वृद्धि की है। टाइम्स ऑफ इज़रायल के अनुसार बुधवार का हमला पिछले दो हफ्तों में इस तरह का चौथा हमला था।

Syria
Israel
America

Related Stories

और फिर अचानक कोई साम्राज्य नहीं बचा था

न नकबा कभी ख़त्म हुआ, न फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध

अल-जज़ीरा की वरिष्ठ पत्रकार शिरीन अबु अकलेह की क़ब्ज़े वाले फ़िलिस्तीन में इज़रायली सुरक्षाबलों ने हत्या की

असद ने फिर सीरिया के ईरान से रिश्तों की नई शुरुआत की

क्या दुनिया डॉलर की ग़ुलाम है?

अमेरिका ने रूस के ख़िलाफ़ इज़राइल को किया तैनात

इज़रायली सुरक्षाबलों ने अल-अक़्सा परिसर में प्रार्थना कर रहे लोगों पर किया हमला, 150 से ज़्यादा घायल

यूक्रेन में छिड़े युद्ध और रूस पर लगे प्रतिबंध का मूल्यांकन

पड़ताल दुनिया भर कीः पाक में सत्ता पलट, श्रीलंका में भीषण संकट, अमेरिका और IMF का खेल?

लैंड डे पर फ़िलिस्तीनियों ने रिफ़्यूजियों के वापसी के अधिकार के संघर्ष को तेज़ किया


बाकी खबरें

  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    संसद में तीनों दिल्ली नगर निगम के एकीकरण का प्रस्ताव, AAP ने कहा- भाजपा को हार का डर
    26 Mar 2022
    संसद में दिल्ली के तीन नगर निगमों का एकीकरण करने संबंधी विधेयक पेश कर दिया गया है। विपक्षी दलों के सदस्यों ने इस विधेयक का विरोध किया। वहीं सत्ताधारी दल ने इसे एक बेहद ज़रूरी सुधार बताया।
  • रायना ब्रियूअर
    ऑस्कर 2022: हर जीत के साथ इतिहास रच रही हैं महिला निर्देशक
    26 Mar 2022
    काथरिन बिगेलो और कोल झाओ, फिर अब जेन कैंपियन? 94 साल के ऑस्कर के इतिहास में, सिर्फ़ दो महिलाओं ने ही “बेस्ट डॉयरेक्टर” का अवार्ड जीता है। क्या आगे बदलाव दिखाई दे रहा है?
  • सीमा शर्मा
    कैसे रूस-यूक्रेन युद्ध भारत की उर्वरक आपूर्ति में डालेगा बाधा? खेती-किसानी पर पड़ेगा भारी असर
    26 Mar 2022
    विशेषज्ञों का मानना है कि समय की तात्कालिक आवश्यकता यह है कि भारत सरकार उर्वरकों की वैकल्पिक आपूर्ति करने और किसानों को खनिज पोषक तत्वों की पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध कराने के लिए प्रयास करे। इसमें…
  • मोहम्मद इमरान खान
    बिहार: तीन विधायकों के बीजेपी में शामिल होने के बाद भी साहनी ने रखा संयम, बोले- निषाद कोटा के लिए करेंगे संघर्ष
    26 Mar 2022
    अब वीआईपी में कोई भी विधायक शेष नहीं बचा है। मुकेश साहनी ने बीजेपी पर अपनी पार्टी में फूट करवाने का आरोप लगाया है। साहनी ने कहा कि चूंकि उन्होंने निषाद जाति के लिए एससी-एसटी कोटे में आरक्षण और जातीय…
  • बी. सिवरामन
    महामारी भारत में अपर्याप्त स्वास्थ्य बीमा कवरेज को उजागर करती है
    26 Mar 2022
    जनरल बीमा परिषद के आंकड़ों के अनुसार, निजी अस्पतालों में कोविड-19 के इलाज की औसत लागत रु. 1.54 लाख है। इसके विपरीत, प्रति मामले का औसत दावा निपटान केवल रु.95,622 था। इसका मतलब है कि भारत में लगभग 40…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License