NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
ईजिप्ट की मशहूर कार्यकर्ता सना सैफ़ को 18 महीने जेल की सज़ा सुनाई गई
सैफ़ के ख़िलाफ़ ये फैसला ऐसे समय आया है जब दुनिया के 31 देश ईजिप्ट से ये आग्रह करते हुए एक संयुक्त बयान पर हस्ताक्षर कर रहे हैं कि "बिना भय के काम करने के लिए मानवाधिकार कार्यकर्ताओं सहित नागरिक समाज के लोगों के लिए स्थान की गांरटी दे"।
पीपल्स डिस्पैच
18 Mar 2021
ईजिप्ट की मशहूर कार्यकर्ता सना सैफ़ को 18 महीने जेल की सज़ा सुनाई गई

ईजिप्ट की राजधानी काहिरा की एक आपराधिक अदालत ने ईजिप्ट की मानवाधिकार और राजनीतिक कार्यकर्ता सना सेफ को बुधवार 17 मार्च को एक साल और छह महीने की जेल की सजा सुनाई है। अल जज़ीरा ने ये रिपोर्ट प्रकाशित किया है।

फेसबुक पर एक पोस्ट में "सरकारी संस्थानों के खिलाफ जनमत को भड़काने के उद्देश्य से सोशल मीडिया के माध्यम से फर्जी खबर फैलाने", "सुरक्षा और शांति भंग करने और राज्य के संस्थानों को अपने कार्यों से विचलित करने" और "एक पुलिस अधिकारी का अपमान करने" के आरोप में सैफ पर मुकदमा चलाया गया और उन्हें सजा सुनाई गई। इन सभी आरोपों को वे शुरु से ही स्पष्ट तौर पर खारिज कर चुकी है।

अचानक पहले अपहरण की बात सामने आने बाद सेफ को पिछले साल 23 जून को प्रोसेक्यूटर जनरल के कार्यालय के बाहर से गिरफ्तार किया गया था जहां वह अपने परिवार के अन्य सदस्यों के साथ एक दिन पहले टोरा जेल के बाहर हुई उन पर हमले की शिकायत दर्ज कराने गई थी। परिवार रोजाना जेल के बाहर धरना हुए था कि उन्हें उनके भाई कार्यकर्ता और ब्लॉगर आला अब्देल फतह से मिलने और बातचीत करने की अनुमति दी जाए। आला फतह सितंबर 2019 से सरकार विरोधी प्रदर्शनों में भाग लेने के चलते जेल में हैं।

सना को ईजिप्ट के अधिकारियों द्वारा मुकदमा चलाया गया और कैद किया गया है। साल 2016 में "न्यायपालिका का अपमान" करने के लिए उन्हें 6 महीने की जेल की सजा सुनाई गई थी और इससे पहले साल 2014 में "गैरकानूनी विरोध प्रदर्शन" में भाग लेने के लिए उन्हें गिरफ्तार किया गया था तब उन्हें तीन साल की जेल की सजा दी गई थी। पंद्रह महीने की जेल सजा काटने के बाद 2015 में रिहा किया गया था। उन्हें राष्ट्रपति की ओर से क्षमादान किया गया था।

ईजिप्ट और अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार संगठनों द्वारा उनकी इस जेल की सजा की व्यापक रूप से निंदा की गई। विद्वान नोआम चॉम्स्की सहित कई अंतरराष्ट्रीय स्तर के कई हस्तियों ने भी उनकी गिरफ्तारी की निंदा की और पिछले साल उनकी रिहाई की मांग करते हुए एक पत्र पर हस्ताक्षर किए थे।

उनकी सजा की घोषणा के बाद एल नदिम सेंटर, इजिप्टियन फ्रंट फॉर ह्यूमन राइट्स सहित ईजिप्ट के आठ प्रमुख संगठनों ने उनकी तत्काल रिहाई की मांग करते हुए एक बयान जारी किया था। इन संगठनों ने "सेफ के खिलाफ की गई दोषपूर्ण सुनवाई और जांच प्रक्रिया की निंदा की जो अंतर्राष्ट्रीय कानून में निहित निष्पक्ष सुनवाई का उल्लंघन करता है।"

egypt
International Human Rights Organizations

Related Stories

सूडान: सैन्य तख़्तापलट के ख़िलाफ़ 18वें देश्वयापी आंदोलन में 2 की मौत, 172 घायल

इजिप्ट : राजनीतिक क़ैदियों के समर्थन में मशहूर हस्तियों ने किया भूख हड़ताल का ऐलान

इजिप्ट की संसद ने आतंकवादी समूहों से कथित संबंधों वाले सरकारी कर्मचारियों को बर्ख़ास्त करने के लिए क़ानून पारित किया

इतिहासकार की हिरासत को लेकर व्यापक आलोचना के बाद इजिप्ट ने ज़मानत पर रिहा किया

ईजिप्ट की आयरन एंड स्टील कंपनी बेचने का विरोध करने पर कर्मचारियों से सख़्ती

युद्धविराम की घोषणा के बाद गाज़ा में इज़रायली हमले समाप्त

ईजिप्ट : पुलिस स्टेशन पर 2013 के हमले के मामले में एक ही दिन में 17 लोगों को फांसी

मिस्र में मानवाधिकार उल्लंघन के रिकॉर्ड को देख अधिकार संगठनों का अमरीका से उसकी सैन्य सहायता रोकने का आह्वान

ईजिप्ट के मशहूर पत्रकार ख़ालिद दाऊद 18 महीने की हिरासत के बाद रिहा

जॉर्डन में तख़्तापलट की कोशिशों ने छोड़े सबूत


बाकी खबरें

  • RAHANE PUJARA
    भाषा
    रणजी ट्राफी: रहाणे और पुजारा पर होंगी निगाहें
    23 Feb 2022
    अपने फॉर्म से जूझ रहे आंजिक्य रहाणे और चेतेश्वर पुजारा अब रणजी ट्रॉफी से वापसी की कोशिश करेंगे। 24 फरवरी को होने वाले मुकाबले में दोनों खिलाड़ियों पर खास नज़र होगी।
  • ibobi singh
    भाषा
    मणिपुर के लोग वर्तमान सरकार से ‘ऊब चुके हैं’ उन्हें बदलाव चाहिए: इबोबी सिंह
    23 Feb 2022
    पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस नेता ओकराम इबोबी सिंह ने कहा "मणिपुर के लोग भाजपा से ऊब चुके हैं। वह खुलकर कह नहीं पा रहे। भाजपा झूठ बोल रही है और खोखले दावे कर रही है। उन्होंने अपने किसी भी वादे को…
  • तारिक़ अनवर
    यूपी चुनाव: बीजेपी के गढ़ पीलीभीत में इस बार असल मुद्दों पर हो रहा चुनाव, जाति-संप्रदाय पर नहीं बंटी जनता
    23 Feb 2022
    पीलीभीत (उत्तर प्रदेश): जैसा वायदा किया गया था, क्या किसानों की आय दोगुनी हो चुकी है? क्या लखीमपुर खीरी में नरसंहार के लिए किसानों को न्याय मिल गया है?
  • vaccine
    ऋचा चिंतन
    शीर्ष कोविड-19 वैक्सीन निर्माताओं ने गरीब देशों को निराश किया
    23 Feb 2022
    फ़ाइज़र, मोडेरना एवं जेएंडजे जैसे फार्मा दिग्गजों ने न तो विश्व स्वास्थ्य संगठन के कोवाक्स में ही अपना कोई योगदान दिया और न ही गरीब देशों को बड़ी संख्या में खुराक ही मुहैया कराई है।
  • vvpat
    एम.जी. देवसहायम
    चुनाव आयोग को चुनावी निष्ठा की रक्षा के लिहाज़ से सभी वीवीपीएटी पर्चियों की गणना ज़रूरी
    23 Feb 2022
    हर एक ईवीएम में एक वीवीपैट होता है, लेकिन मतों की गिनती और मतों को सत्यापित करने के लिए काग़ज़ की इन पर्चियों की गिनती नहीं की जाती है। यही वजह है कि लोग चुनावी नतीजों पर भरोसा नहीं कर पा रहे हैं।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License