NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
अपराध
उत्पीड़न
भारत
राजनीति
मनासा में "जागे हिन्दू" ने एक जैन हमेशा के लिए सुलाया
कथित रूप से सोये हुए "हिन्दू" को जगाने के "कष्टसाध्य" काम में लगे भक्त और उनके विषगुरु खुश तो बहुत होंगे आज।
बादल सरोज
23 May 2022
murder
'प्रतीकात्मक फ़ोटो'

जिस हिन्दू को जगाने के काम में पूरा कुल कुटुंब लगा हुआ था वह अब जाग चुका है। कहते हैं हजारों साल बाद जागा है तो अब जगार की खबर दुनिया तक पहुंचा कर ही मानेगा। इतना ज्यादा जाग चुका है कि मई की शुरू में सिवनी के धनसा, सम्पत आदिवासी के लिए इस्तेमाल की तरह लाठी, कुछ साल पहले पुणे के दाभोलकर के लिए खर्च की गोली, अख़लाक़ और पहलू खान  की तरह भीड़ की भी उसे जरूरत नहीं हैं ; अब वह अकेले अपने थप्पड़ों से ही किसी को सीधे ऊपर पहुंचा सकता है।  यह शौर्य करके दिखा सकता है और दिखाते में बेधड़क अपना वीडियो भी बनवा सकता है।  उसे खुद ही वायरल भी कर सकता है।

मनासा में उसने यही किया। थप्पड़ मार मार कर रतलाम के मानसिक रूप से अविकसित, बालसुलभ, भोले बुजुर्ग को मार डाला। मरने वाले भंवरलाल जैन रतलाम जिले की सबसे बुजुर्ग सरपंच पिस्ताबाई चत्तर (86) के बड़े बेटे हैं और उनका एक भाई भी भाजपा का नेता है। पिस्ताबाई जी और उनका  पूरा परिवार 15 मई को भेरूजी पूजने चित्तौड़गढ़ गया था। 16 मई को पूजा-पाठ के बाद भंवरलाल लापता हो गए। सरसी निवासी भंवरलाल चत्तर जैन (65) हैं को मारने वाले संघ दक्ष, पूर्व भाजपा पार्षद पति दिनेश कुशवाह है। दिनेश भाजपा युवा मोर्चा और नगर इकाई में पदाधिकारी रहा है।  इस शूरवीरता का वीडियो दिनेश ने खुद ही "स्वच्छ भारत" ग्रुप में वायरल किया। 

मारने वाला भाजपाई दिनेश बार बार मृतक भंवरलाल जैन पर आरोप लगा रहा था कि वह "जावरा का मोहम्मद है - अगर नहीं तो अपना आधार कार्ड दिखाए। "  ऐसे पूछ रहा था जैसे जावरा का मोहम्मद होना मार डालने के लिए पर्याप्त कारण हो। बुजुर्ग भंवर लाल अपनी अविकसित मानसिक स्थिति के चलते रेस्पोंस देने में थोड़े अकबका रहे थे, आधार कार्ड की बात समझ ही नहीं पा रहे थे और अपने सीमित बालसुलभ विवेक के चलते "200 रूपये ले लो मुझे छोड़ दो" की कातर गुहार लगा रहे थे। मगर जागा हुआ हिन्दू भुलावे में नहीं आया और तब तक झपड़ जड़ता रहा जब तक भंवरलाल जैन मर नहीं गए। मृतक के भाई राजेश चत्तर का कहना है कि जाते जाते वह उनकी जेब से 200 रुपये ले ही गया। 

यह क्या है ?

ऐसी स्थितियों के लिए हिंदी में दो चार शब्द हैं ; वीभत्सता,  नृशंसता,  बर्बरता, अमानुषिकता, पाशविकता वगैरा।  यह इनमे से किसी शब्द में ठीक तरह से अभिव्यक्त नहीं होता।  यह ख़ास जतन से जगाया हुआ हिन्दू अब तक के - तालिबान, मोसाद, आईएसआई, सीआईए - जैसे अपने पूर्ववर्तियों की कारगुजारियों को परिभाषित करने वाले शब्दों में खुद को बाँधने या परिभाषित करने के लिए तैयार नहीं है। वह अपने शौर्य के लिए नए शब्द युग्म की दरकार रखता है।

मनासा कहां है?

मनासा उसी नीमच में है जहां कुछ दिन पहले एक बहुत पुरानी दरगाह के पास "हनुमान मूर्ति पधरान समारोह" कर हिन्दू जगाया गया था।  एक इलाके में कर्फ्यू लगाना पड़ा था, पूरे नीमच में दफा 144 लगी थी।  कुछ दिन तक उन्माद नफरत फैलाने के बाद जिला प्रशासन तक को जबरिया रखी गयी मूर्ति हटवानी पड़ी  थी।  मगर गिरफ्तारी किसी की नहीं की।  गृहमंत्री के बेहूदा बयान पर मामूली सी प्रतिक्रिया देने के जुर्म में  दरगाह समिति के अध्यक्ष को जरूर जेल भेज दिया गया। यह "हिन्दू जागरण" के इन्ही और गोदी मीडिया के चौबीस घंटा सातों दिन के जाप-प्रयत्नों का पुण्यप्रताप है जिसने दिनेश कुशवाह को वह शक्ति प्रदान की कि वह सिर्फ दो हाथों के सहारे ही रतलाम के किसी जैन को जावरा का मोहम्मद समझकर हमेशा के लिए खामोश कर दे और उसकी जेब से 200 रुपये निकालना न भूले । 

सवाल यह भी है कि क्या नरपिशाच दिनेश कुशवाह सजा पायेगा ? वायरल वीडियो के बाद भी  शुरुआत में मनासा थाना पुलिस एफआईआर करने को लेकर टालमटोल करती दिखाई दी। बाद में जैन समाज और परिजन की शिकायत पर आरोपी दिनेश कुशवाहा पर धारा 302 और 304 के अंतर्गत केस किया गया। मृत्यु होने के बाद दायर की गयी एफआईआर में दफा 302 और 304 एक साथ लगाना भी क्रिमिनल ज्यूरिसप्रूडेंस और आईपीसी में एकदम नयी योगदान है। इसके बाद भी कथित रूप से मनासा के टीआई ने कहा है कि "अभी तकनीकी जांच पूरी किये बिना वे कुछ नहीं कह सकते। "  जाहिर है कि यह सब करके वह पतली गली छोड़ी जा रही है जिससे हत्यारा, यदि पकड़ा जाता है तो,  साबुत सलामत निकल जाए ताकि उसके रिहा होने के बाद कोई सांसद, मंत्री, विधायक उसकी शोभायात्रा में भाग लेने जा सके और एक बार फिर हिन्दू को जगाया जा सके। 

इन पंक्तियों के लिखे जाने तक अब तक सिर्फ एक राजनीतिक पार्टी - सीपीआई (एम) - ने इसकी भर्त्सना में वक्तव्य जारी किया है।  मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के राज्य सचिव जसविंदर सिंह ने उक्त बयान जारी करते हुए कहा है कि चुनाव जीतने के लिए भाजपा और संघ परिवार की ओर से फैलाई जा रही लपटें अब पूरे समाज को अपनी चपेट में ले रही हैं। यदि इनका मिलकर विरोध नहीं किया तो पूरा समाज इनकी चपेट में आ जाएगा। उन्होंने हत्यारों को तुरंत गिरफ्तार करने, उनके राजनीतिक संबंधों को उजागर करने के साथ ही  नीमच में अशांति फैलाने वाले तत्वों को नियंत्रित कर दरगाह की रक्षा करने की मांग की है। उल्लेखनीय है कि इस दरगाह पर सभी धर्मों और समुदायों के लोग आस्था व्यक्त करने आते हैं।

Madhya Pradesh
murder case
Old Man Murder
Hate Speech
Communal Hate
hindutva terorr
MP police
Shivraj Singh Chouhan

Related Stories

‘’तेरा नाम मोहम्मद है’’?... फिर पीट-पीटकर मार डाला!

कॉर्पोरेटी मुनाफ़े के यज्ञ कुंड में आहुति देते 'मनु' के हाथों स्वाहा होते आदिवासी

मध्यप्रदेश: गौकशी के नाम पर आदिवासियों की हत्या का विरोध, पूरी तरह बंद रहा सिवनी

राम सेना और बजरंग दल को आतंकी संगठन घोषित करने की किसान संगठनों की मांग

चंदौली: कोतवाल पर युवती का क़त्ल कर सुसाइड केस बनाने का आरोप

हिमाचल प्रदेश के ऊना में 'धर्म संसद', यति नरसिंहानंद सहित हरिद्वार धर्म संसद के मुख्य आरोपी शामिल 

अब भी संभलिए!, नफ़रत के सौदागर आपसे आपके राम को छीनना चाहते हैं

दुर्भाग्य! रामनवमी और रमज़ान भी सियासत की ज़द में आ गए

ग़ाज़ीपुर; मस्जिद पर भगवा झंडा लहराने का मामला: एक नाबालिग गिरफ़्तार, मुस्लिम समाज में डर

यूपी: अयोध्या में चरमराई क़ानून व्यवस्था, कहीं मासूम से बलात्कार तो कहीं युवक की पीट-पीट कर हत्या


बाकी खबरें

  • inter faith
    काशिफ काकवी
    अंतर-धार्मिक विवाह: एक उच्च न्यायालय, दो एक जैसे मामले, लेकिन फ़ैसले अलग-अलग!
    27 Feb 2022
    एक मामले में जहाँ मध्य प्रदेश की अदालत पूरी तरह से एक अंतर-धार्मिक जोड़े के बचाव में आ गई, लेकिन इसी प्रकार के दूसरे मामले में, पूरा केस लड़की की भलाई पर एक पखवाड़े की रिपोर्ट के वास्ते लंबित है।
  • hafte ki baat
    न्यूज़क्लिक टीम
    यूपी में कौन आगे, कौन पीछे और यूक्रेन पर रूसी हमले का सच
    26 Feb 2022
    यूपी में मतदान के पांचवे चरण से ऐन पहले बडा सवाल है: चुनावी जंग में कौन आगे है और कौन पीछे? क्या होगा नतीजा? #HafteKiBaat के नये एपिसोड में यूक्रेन पर रूसी हमले का सच बता रहे हैं वरिष्ठ पत्रकार…
  • delhi violence
    मुकुंद झा
    दिल्ली दंगों के दो साल: इंसाफ़ के लिए भटकते पीड़ित, तारीख़ पर मिलती तारीख़
    26 Feb 2022
    जिनके घर के कमाने वाले इस दंगे में मारे गए वो आज भी अपने लिए इंसाफ ढूंढ रहे हैं। इसी के लिए आज यानी 26 फरवरी 2022 को दंगा पीड़ितों, नागरिक समाज के लोगों, सीपीआई(एम) की दिल्ली कमेटी के आह्वान पर बहुत…
  • ukraine
    एपी/भाषा
    रूस-यूक्रेन अपडेट: कीव में सड़कों पर घमासान,लोगों से शरण लेने की अपील
    26 Feb 2022
    रूसी सैनिकों ने शनिवार तड़के यूक्रेन की राजधानी कीव में प्रवेश किया और सड़कों पर घमासान शुरू हो गया है, जबकि स्थानीय अधिकारियों ने लोगों से छुप जाने की अपील की है। इस बीच यूक्रेन के राष्ट्रपति…
  • veto
    एपी/भाषा
    रूस ने हमले रोकने की मांग करने वाले संरा के प्रस्ताव पर वीटो किया
    26 Feb 2022
    संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में शुक्रवार को इस प्रस्ताव के पक्ष में 11 और विपक्ष में एक मत पड़ा। चीन, भारत और संयुक्त अरब अमीरात मतदान से दूर रहे।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License