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स्वास्थ्य
भारत
कोरोना संकट से उबारने में 'वॉरियर्स' बन रहे जमाती!
कोरोना से लड़ने में 'प्लाज्मा थेरेपी' ने उम्मीद जगाई है। देश भर में इस संक्रमण से ठीक हो चुके जमातियों ने बड़ी संख्या में प्लाज्मा डोनेट करने की इच्छा जताई है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
27 Apr 2020
warriors
'प्रतीकात्मक तस्वीर ' फोटो साभार:Iran Front Page

दिल्ली: बीते महीने दिल्ली में हुए तबलीगी जमात के कार्यक्रम के बाद कोरोना के मामले तेजी से सामने आए थे। जमात से जुड़े सैकड़ों लोग कोरोना संक्रमित पाए गए थे। उनका देश भर के विभिन्न अस्पतालों में इलाज किया गया। उनमें से कुछ अब ठीक हो चुके हैं। अब वह दूसरे मरीजों की जान बचाने के लिए प्लाज्मा डोनेट कर रहे हैं।

गौरतलब है कि पूरे दुनिया के चिकित्सक और वैज्ञानिक इस वायरस को रोकने की कोशिश में लगे हुए हैं लेकिन दवा और टीके के अभाव में उनकी मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं। ऐसे में प्लाज्मा थेरेपी ने थोड़ी उम्मीद जताई है। भारत समेत दुनिया के कई देशों में इसकी मदद से इलाज किया जा रहा है।

आपको बता दें कि जो मरीज संक्रमण से उबर जाते हैं उनके शरीर में संक्रमण को बेअसर करने वाले प्रतिरोधी एंटीबॉडीज विकसित हो जाते हैं। इसी एंटीबॉडीज की मदद से कोरोना के दूसरे संक्रमित मरीजों के रक्त में मौजूद वायरस को खत्म किया जा सकता है। ऐसे में कोरोना से ठीक हो चुके मरीजों को अपना प्लाज्मा दान करना होता है।

देशभर में कोरोना वायरस फैलाने का आरोप झेल रहे तबलीगी जमात के सदस्य अब बड़ी संख्या में यह दान कर रहे हैं। गौरतलब है कि दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने अपील की थी कि कोरोना से ठीक हो चुके मरीज अपना प्लाज्मा डोनेट करें। जिसके बाद दिल्ली के सुल्तानपुरी सेंटर में कोरोना से ठीक हो चुके 4 जमात के सदस्यों ने अपना प्लाज्मा डोनेट किया। सूत्रों की मानें तो ठीक हो चुके 300 से ज्यादा तबलीगी जमात के सदस्यों ने प्लाज्मा देने के लिए दिल्ली सरकार के कंसेंट फॉर्म पर दस्तखत किए हैं।

इससे पहले तबलीगी जमात के प्रमुख मौलाना साद कंधालवी ने इलाज के बाद कोरोना वायरस के संक्रमण से ठीक हो चुके जमात के कार्यकर्ताओं और मुस्लिम समाज के अन्‍य लोगों से अपना ब्‍लड प्लाज्मा दान करने की अपील की थी।

जमातियों द्वारा प्लाज्मा डोनेट किए जाने की बात को लेकर आम आदमी पार्टी विधायक अमानतुल्लाह खान ने एक वीडियो को ट्वीट करते हुए लिखा है, “तबलीगी जमात के लोग मौलाना साद साहब की दरख्वास्त पर दूसरे कोरोना के मरीजों के लिए अपना खून देते हुए, ताकि कोरोना के बाकी मरीज इनके खून से ठीक हो सके। यह समाज के वे लोग हैं जो कोरोना पॉजिटिव थे लेकिन अब कोरोना नेगेटिव हो गए हैं और दिल्ली के क्वारंटाइन सेंटर में मौजूद हैं।”

अमानतुल्लाह खान ने जिस वीडियो को शेयर किया है उसमें एक डॉक्टर तबलीगी जमात के लोगों से यह कहते हुआ नजर आ रहा है, “आप अगर खून देंगे तो उसके प्लाज्मा से आप दूसरे मरीजों को ठीक कर सकते हैं और उनकी जान बच जाएगी। उसके बाद वह डॉक्टर तबलीगी जमात के लोगों से पूछ भी रहा है, क्या आप अपना खून दान करेंगे जिसके बाद तबलीगी जमात के लोगों ने एक साथ हां करके कह रहे हैं कि हां हम सब तैयार हैं।”

इतना ही नहीं देश के दूसरे हिस्सों से भी तबलीगी जमात के लोगों द्वारा प्लाज्मा डोनेट करने की खबरें आ रही हैं।

गुजरात के वडोदरा में कोरोना वायरस संक्रमण से ठीक हुए करीब 40 मुस्लिम मरीज पिछले गुरुवार को अन्य मरीज के इलाज के लिए अपना प्लाज्मा दान देने के लिए तैयार हो गए हैं। इनके प्लाज्मा से करीब 100 कोरोना मरीजों का इलाज हो सकेगा।

उधर, तमिलनाडु में कोरोना से ठीक हुए दो जमाती प्लाज्मा देने को तैयार हो गए हैं। तिरुचिरापल्ली के 40 वर्षीय मोहम्मद जफर और तिरुपुर के 38 वर्षीय व्यापारी मोहम्मद अब्बास ने अपना प्लाज्मा दान करने की इच्छा जताई है। दोनों ने स्थानीय प्रशासन को अपना नंबर भी दिया है। तबलीगी जमात के मौलाना साद की अपील के बाद दोनों ने प्लाज्मा दान करने का मन बनाया है। 

गौरतलब है कि भारत में कोरोना संक्रमण के शुरुआती दौर में इसे कट्टरपंथियों द्वारा हिंदू-मुस्लिम रंग देने की कोशिश की गई थी। हालांकि उनकी यह मुहिम अब कमजोर पड़ती नजर आ रही है।

रविवार को दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने इस मसले पर खुलकर अपनी राय रखी। उन्होंने कहा, कोरोना धर्म देखकर नहीं होता और प्लाज्मा भी धर्म देखकर जान नहीं बचाएगा।

केजरीवाल ने कहा, 'हर धर्म के लोग प्लाज्मा देकर एक दूसरे की जान बचाना चाहते हैं। मेरे मन में विचार आया कि हो सकता है कि किसी मुसलमान का प्लाज्मा हिंदू की जान बचाए। हो सकता है किसी हिंदू का प्लाज्मा मुसलमान की जान बचाए। भगवान ने जब धरती बनाई थी तब इंसान बनाए थे। सबकी दो आंख दी, एक जैसा शरीर दिया। खून भी सबका लाल है। उन्होंने (भगवान) कोई दीवार पैदा नहीं की। ये सब हमने किया है। लेकिन ध्यान रहे कि कोरोना होता है तो सबको होता है। इसी तरह प्लाज्मा धर्म देखकर नहीं बचाएगा।'

केजरीवाल ने आगे कहा कि अगर हमारे देश के सब लोग मिलकर एक साथ रहेंगे तो हमें (देश को) कोई नहीं हरा सकेगा। उन्होंने कहा अगर ऐसा हुआ तो दुनिया को हमारे सामने झुकना होगा। केजरीवाल ने इससे पहले बताया कि प्लाज्मा थेरपी के नतीजे अबतक अच्छे हैं। एक आईसीयू में भर्ती मरीज जल्द डिस्चार्ज हो सकता है।

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