NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
घटना-दुर्घटना
भारत
राजनीति
पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी का निधन
पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के निधन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी समेत तमाम हस्तियों ने दुख जताया है। मुखर्जी 2012 से 2017 तक देश के 13वें राष्ट्रपति थे।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
31 Aug 2020
प्रणब मुखर्जी

दिल्ली: पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी का सोमवार को एक सैन्य अस्पताल में निधन हो गया। यह जानकारी उनके पुत्र अभिजीत ने दी। मुखर्जी 84 वर्ष के थे। मुखर्जी को गत 10 अगस्त को अस्पताल में भर्ती कराया गया था और सोमवार सुबह जारी एक स्वास्थ्य बुलेटिन में कहा गया कि वह गहरे कोमा में हैं और उन्हें वेंटीलेटर पर रखा गया है।

पूर्व राष्ट्रपति मुखर्जी को दिल्ली छावनी स्थित अस्पताल में गत 10 अगस्त को भर्ती कराया गया था और उसी दिन उनके मस्तिष्क में जमे खून के थक्के को हटाने के लिए उनकी सर्जरी की गई थी। मुखर्जी को बाद में फेफड़े में संक्रमण हो गया। मुखर्जी 2012 से 2017 तक देश के 13वें राष्ट्रपति थे।

पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के निधन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी समेत तमाम हस्तियों ने दुख जताया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने प्रणब मुखर्जी के साथ अपनी कुछ तस्वीरों को ट्विटर पर साझा किया है।

पीएम मोदी ने लिखा, 'भारत रत्न प्रणब मुखर्जी के निधन से भारत दुखी है। हमारे देश की विकास यात्रा में उन्होंने अमिट छाप छोड़ी है। वह उत्कृष्ट कोटि के विद्वान और कद्दावर स्टेट्समैन थे जिन्हें हर राजनीतिक तबके और समाज के सभी तबकों से तारीफ मिलती थी।'

उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू ने पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के निधन पर यह कहते हुए शोक प्रकट किया कि देश ने एक राजनेता खो दिया।

उपराष्ट्रपति सचिवालय ने नायडू का हवाला देते हुए ने ट्वीट किया, ‘उनके (मुखर्जी के) निधन से देश ने एक बुजुर्ग राजनेता को खो दिया है। वह सामान्य पृष्ठभूमि से ऊपर उठकर अपने कठिन परिश्रम, अनुशासन और समर्पण से देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद पर पहुंचे थे।’

उपराष्ट्रपति ने कहा कि मुखर्जी अपनी लंबे और उत्कृष्ट जनसेवा के दौरान जिस किसी पद पर रहे वहां उन्होंने मर्यादा और अनुशासन बनाया। उन्होंने कहा, ‘शोक संतप्त परिवार के सदस्यों के प्रति मेरी गहरी संवेदना है। ओम शांति।’

गृह मंत्री अमित शाह ने भी मुखर्जी के निधन पर दुख जताया है। उन्होंने कहा कि वह बहुत ही अनुभवी नेता थे जिन्होंने पूर्ण समर्पण के साथ देश की सेवा की। शाह ने कहा कि प्रणब मुखर्जी के निधन से भारतीय राजनीति में एक बड़ा खालीपन पैदा हुआ है।

कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के निधन पर दुख जताया और उनके परिवार एवं मित्रों के प्रति संवेदना प्रकट की। उन्होंने ट्वीट किया, ‘हमारे पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी जी के दुखद निधन की खबर मिली। देश बहुत दुखी है। मैं उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करने में खुद को देश के साथ जोड़ता हूं। उनके परिवार और मित्रों के प्रति मेरी गहरी संवेदना है।’

पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम ने मुखर्जी के निधन पर दुख जताया और कहा, ‘मुखर्जी एक महान राजनेता थे और उनके जाने से देश को बहुत बड़ी क्षति हुई है। उन्हें अर्थव्यवस्था से लेकर आम आदमी से जुड़े मुद्दों की गहरी समझ थी। उनके योगदान के लिए देश उनका सदैव ऋणी रहेगा।’

समाचार एजेंसी भाषा के इनपुट के साथ 

Pranab Mukherjee
Pranab Mukherjee dies
प्रणब मुखर्जी का निधन

Related Stories


बाकी खबरें

  • punjab
    भाषा सिंह
    पंजाब चुनावः परदे के पीछे के खेल पर चर्चा
    19 Feb 2022
    पंजाब में जिस तरह से चुनावी लड़ाई फंसी है वह अपने-आप में कई ज़ाहिर और गुप्त समझौतों की आशंका को बलवती कर रही है। पंजाब विधानसभा चुनावों में इतने दांव चले जाएंगे, इसका अंदाजा—कॉरपोरेट मीडिया घरानों…
  • Biden and Boris
    जॉन पिलगर
    युद्ध के प्रचारक क्यों बनते रहे हैं पश्चिमी लोकतांत्रिक देश?
    19 Feb 2022
    हाल के हफ्तों और महीनों में युद्ध उन्माद का ज्वार जिस तरह से उठा है वह इसका सबसे ज्वलंत उदाहरण है
  • youth
    असद रिज़वी
    भाजपा से क्यों नाराज़ हैं छात्र-नौजवान? क्या चाहते हैं उत्तर प्रदेश के युवा
    19 Feb 2022
    उत्तर प्रदेश के नौजवान संगठनों का कहना है कि भाजपा ने उनसे नौकरियों के वादे पर वोट लिया और सरकार बनने के बाद, उनको रोज़गार का सवाल करने पर लाठियों से मारा गया। 
  • Bahubali in UP politics
    विजय विनीत
    यूपी चुनाव: सियासी दलों के लिए क्यों ज़रूरी हो गए हैं बाहुबली और माफ़िया?
    19 Feb 2022
    चुनाव में माफ़िया और बाहुबलियों की अहमियत इसलिए ज्यादा होती है कि वो वोट देने और वोट न देने,  दोनों चीज़ों के लिए पैसा बंटवाते हैं। इनका सीधा सा फंडा होता है कि आप घर पर ही उनसे पैसे ले लीजिए और…
  • Lingering Colonial Legacies
    क्लेयर रॉथ
    साम्राज्यवादी विरासत अब भी मौजूद: त्वचा के अध्ययन का श्वेतवादी चरित्र बरकरार
    19 Feb 2022
    त्वचा रोग विज्ञान की किताबों में नस्लीय प्रतिनिधित्व की ऐतिहासिक कमी ना केवल श्वेत बहुल देशों में है, बल्कि यह पूरी दुनिया में मौजूद है
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License