NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
आंदोलन
उत्पीड़न
भारत
राजनीति
न्यूज़क्लिक पर सरकारी छापेमारी : हम ख़ामोश नहीं होंगे
यह सरकार की जनविरोधी नीतियों के ख़िलाफ़ उठ रही आवाज़ों को दबाने की एक और कोशिश है।
न्यूज़क्लिक संपादकीय टीम
10 Feb 2021
न्यूज़क्लिक पर सरकारी छापेमारी
प्रतीकात्मक तस्वीर। साभार : फ़्री प्रेस जर्नल

9 फ़रवरी 2021 की सुबह से प्रवर्तन निदेशालय(ईडी) के अधिकारी न्यूज़क्लिक के दफ़्तर और निदेशकों के घरों पर छापेमारी कर रहे हैं। मीडिया के मुताबिक़ वह कथित आर्थिक गड़बड़ियों की जांच कर रहे हैं। ख़बर लिखने के समय तक छापेमारी को क़रीब 30 घंटे हो चुके हैं।

मीडिया रिपोर्टों में अधिकारियों की तरफ़ से यह बात सामने आई है कि न्यूज़क्लिक ने कथित तौर पर विदेशों से आई फ़ंडिंग में "मनी लॉन्ड्रिंग" की है। छापेमारी के दौरान, न्यूज़क्लिक ने पूरी तरह से अधिकारियों का सहयोग किया है, और आगे भी करता रहेगा। अगर ईडी और सरकार अपने काम को लेकर ईमानदार हैं, और क़ानूनी प्रक्रिया का पूरी तरह से पालन करते हैं, तो उन्हें कोई भी ग़लत चीज़ नहीं मिलेगी और यह दुर्भाग्यपूर्ण घटना यहीं ख़त्म हो जाएगी। न्यूज़क्लिक के पास कुछ छुपाने को नहीं है।

मौजूदा सरकार ने अब एक आदत बना ली है, कि जो भी उनसे असहमत हो, या उनकी आलोचना करे, उसके पास सरकारी एजेंसियों को भेजा जाए। इससे पहले भी, सरकार की तरफ़ से इनकम टैक्स विभाग, प्रवर्तन निदेशालय, सीबीआई और एनआईए जैसी अलग-अलग केन्द्रीय जांच एजेंसियों का इस्तेमाल विभिन्न लोगों के ख़िलाफ़ चुनिंदा रूप से किया गया है - जिसमें पत्रकारों से लेकर राजनेता, और किसान नेता तक शामिल हैं। सरकार के पास उपलब्ध सभी क़ानूनी साधनों को ऐसी राजनीतिक रूप से प्रेरित कार्रवाइयों के लिए तैनात कर दिया गया है, जिनमें राजद्रोह, मानहानि, सद्भाव को नुकसान पहुंचाना, शांति भंग करना, जैसी आरोप लगाए जा रहे हैं। इसके अलावा भारतीय दंड संहिता के तहत, और अन्य कानूनों जैसे डिज़ास्टर मैनेजमेंट एक्ट, क्रूर ग़ैर क़ानूनी गतिविधियाँ (रोकथाम) अधिनियम (यूएपीए), सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम और अन्य क़ानूनों के तहत मामले दर्ज किए जा रहे हैं।

न्यूज़क्लिक पर हो रही यह छापेमारी भी इसी से प्रेरित नज़र आ रही है, और इसका मक़सद भी वही लगता है: कि ऐसी प्रतिहिंसात्मक कार्रवाइयों के ज़रिये एक आज़ाद और प्रगतिशील आवाज़ को दबाने की कोशिश हो रही है।

इस दौरान, न्यूज़क्लिक देश और दुनिया में हाशिये पर रह रहे उन लोगों की अनसुनी और अनदेखी आवाज़ को फैलाता रहेगा, जो एक सम्मानजनक जीवन गुज़ारने के लिए संघर्षरत हैं। आंदोलन और प्रगतिशील विचारों को दबाने की इस छापेमारी जैसी कोशिशों से न्याय के साथ खड़े लोगों के रास्ते में कोई बाधा नहीं आएगी।

देश और दुनिया भर से न्यूज़क्लिक को समर्थन मिल रहा है, इसके लिए न्यूज़क्लिक शुक्रगुज़ार है।

ED Raids
Newsclick
Voices of Protest
Farmer protests
govt agencies

Related Stories

किसान आंदोलन ऐतिहासिक जीत की ओर बढ़ रहा है

किसान आंदोलन: केंद्र ने किसानों को भेजा प्रस्ताव, मोर्चे ने मांगा स्पष्टीकरण, सिंघु बॉर्डर पर अहम बैठक

रेल रोको: आख़िर क्यों नहीं हो सकता आरोपी मंत्री बर्खास्त, पूछें किसान

कर्नाटक : राज्य भर से किसान विधानसभा पर प्रदर्शन करने पहुंचे, एफ़आरपी बढ़ाने की कर रहे हैं मांग

मुज़फ़्फ़रनगर महापंचायत सिर्फ़ खेती-किसानी की पंचायत नहीं, रोज़गार, स्वास्थ्य, शिक्षा की भी पंचायत है!

देशभर में किसानों ने मनाया ‘संपूर्ण क्रांति दिवस’, कृषि क़ानूनों की प्रतियां जलाईं, टोहाना रहा प्रमुख केंद्र

किसानों के ‘भारत बंद’ के समर्थन में देश के हर कोने की  शानदार भागीदारी

भारत बंद: कई राज्यों में बंद का व्यापक असर, जगह-जगह धरना-प्रदर्शन, रेल और सड़क यातायात प्रभावित

किसान आंदोलन: देशभर में दिखा भारत बंद का असर

किसान आंदोलन : मोदी के सर्वज्ञता के मिथक को तोड़ते किसान


बाकी खबरें

  • सोनिया यादव
    आंगनवाड़ी की महिलाएं बार-बार सड़कों पर उतरने को क्यों हैं मजबूर?
    23 Feb 2022
    प्रदर्शनकारी कार्यकर्ताओं का कहना है कि केंद्र और राज्य दोनों सरकारों द्वारा घोषणाओं और आश्वासनों के बावजूद उन्हें अभी तक उनका सही बकाया नहीं मिला है। एक ओर दिल्ली सरकार ने उनका मानदेय घटा दिया है तो…
  • nawab malik
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    हम लड़ेंगे और जीतेंगे, हम झुकेंगे नहीं: नवाब मलिक ने ईडी द्वारा गिरफ़्तारी पर कहा
    23 Feb 2022
    लगभग आठ घंटे की पूछताछ के बाद दक्षिण मुंबई स्थित ईडी कार्यालय से बाहर निकले मलिक ने मीडिया से कहा, '' हम लड़ेंगे और जीतेंगे। हम झुकेंगे नहीं।'' इसके बाद ईडी अधिकारी मलिक को एक वाहन में बैठाकर मेडिकल…
  • SKM
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    बंगाल: बीरभूम के किसानों की ज़मीन हड़पने के ख़िलाफ़ साथ आया SKM, कहा- आजीविका छोड़ने के लिए मजबूर न किया जाए
    23 Feb 2022
    एसकेएम ने पश्चिम बंगाल से आ रही रिपोर्टों को गम्भीरता से नोट किया है कि बीरभूम जिले के देवचा-पंचमी-हरिनसिंह-दीवानगंज क्षेत्र के किसानों को राज्य सरकार द्वारा घोषित "मुआवजे पैकेज" को ही स्वीकार करने…
  • राजस्थान विधानसभा
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    राजस्थान में अगले साल सरकारी विभागों में एक लाख पदों पर भर्तियां और पुरानी पेंशन लागू करने की घोषणा
    23 Feb 2022
    मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने बुधवार को वित्तवर्ष 2022-23 का बजट पेश करते हुए 1 जनवरी 2004 और उसके बाद नियुक्त हुए समस्त कर्मचारियों के लिए आगामी वर्ष से पूर्व पेंशन योजना लागू करने की घोषणा की है। इसी…
  • चित्र साभार: द ट्रिब्यून इंडिया
    भाषा
    रामदेव विरोधी लिंक हटाने के आदेश के ख़िलाफ़ सोशल मीडिया की याचिका पर सुनवाई से न्यायाधीश ने खुद को अलग किया
    23 Feb 2022
    फेसबुक, ट्विटर और गूगल ने एकल न्यायाधीश वाली पीठ के 23 अक्टूबर 2019 के उस आदेश को चुनौती दी है, जिसमें उन्हें और गूगल की अनुषंगी कंपनी यूट्यूब को रामदेव के खिलाफ मानहानिकारक आरोपों वाले वीडियो के…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License