NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
ज्ञानवापी मस्जिद सर्वे: कमिश्नर बदलने की याचिका पर फ़ैसला सुरक्षित, अगली सुनवाई 9 को
वाराणसी के  ज्ञानवापी मस्जिद सर्वे मामले की सुनवाई करते हुए  सिविल जज (सीनियर डिवीजन) रवि कुमार दिवाकर की अदालत में दोनों पक्षों की दलीलों को सुना और फ़ैसला सुरक्षित कर लिया।  तब तक सर्वे से संबंधित अदालत का आदेश प्रभावी रहेगा। अब अगली सुनवाई 9 मई को की जाएगी। 
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
07 May 2022
Gyanvapi

वाराणसी (उत्तर प्रदेश): काशी विश्वनाथ मंदिर से सटी ज्ञानवापी मस्जिद की वीडियोग्राफी का मामला थमता नजर नहीं आ रहा है। आरोप है कि ज्ञानवापी मस्जिद परिसर में पहले दिन के सर्वे में कोर्ट के आदेश उल्लंघन कर मस्जिद के दीवारों  को कुरेदने और मस्जिद में घुसने की कोशिश की गई। ज्ञानवापी परिसर के सर्वे के दूसरे दिन मुस्लिम पक्ष के अधिवक्ता ने कोर्ट कमिश्नर को बदलने के लिए याचिका दायर की़, जिसपर फैसला सुरक्षित हो गया है।  

शनिवार को मामले की सुनवाई करते हुए सिविल जज (सीनियर डिवीजन) रवि कुमार दिवाकर की अदालत में सुनवाई हुई।  अदालत ने प्रतिवादी के अधिवक्ताओं का आवेदन स्वीकार कर सुनवाई की। अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद फैसला सुरक्षित कर लिया है।  तब तक सर्वे से संबंधित अदालत का आदेश प्रभावी रहेगा। अब अगली सुनवाई 9 मई को की जाएगी। 

ज्ञानवापी मस्जिद सर्वे को लेकर मुस्लिम पक्ष यानी अंजुमन इंतजामिया मसाजिद कमेटी के वकील अभय नाथ यादव ने यह आरोप लगाते हुए कोर्ट में अर्जी दी थी कि "एडवोकेट कमिश्नर अजय कुमार मिश्र निष्पक्ष काम नहीं कर रहे हैं। मस्जिद के अंदर वीडियोग्राफी का कोई आदेश नहीं है। बैरिकेडिंग के बाहर चबूतरे की वीडियोग्राफी होनी थी। उन्होंने कहा कि कोर्ट का जो भी आदेश होगा वह मंजूर होगा। इस आवेदन पर आज ही घंटों तक सुनवाई चली। सुनवाई के दौरान काफी गहमा-गहमी की स्थिति बनी रही। यहां तक की कोर्ट में जमकर नारेबाजी हुई।

इसे पढ़ें : अब विवाद और तनाव का नया केंद्र ज्ञानवापी: कोर्ट कमिश्नर के नेतृत्व में मस्जिद का सर्वे और वीडियोग्राफी शुरू, आरएएफ तैनात

मस्जिद की दीवार को उंगली से कुरेदा जा रहा था... सर्वे पर सवाल ?

अंजुमन इंतजामिया मसाजिद कमेटी वकील अभय नाथ यादव ने कहा कि  'ज्ञानवापी परिसर में पश्चिम तरफ स्थित चबूतरे की वीडियोग्राफी कराई गई। इसके बाद 5:45 बजे एडवोकेट कमिश्नर ने ज्ञानवापी मस्जिद के प्रवेश द्वार को खुलवाकर अंदर जाने का प्रयास किया तो हमने विरोध किया। उन्हें बताया कि अदालत का ऐसा कोई आदेश नहीं है कि आप बैरिकेडिंग के अंदर जाकर वीडियोग्राफी कराएं। लेकिन, एडवोकेट कमिश्नर ने कहा कि उन्हें ऐसा आदेश है। मस्जिद की दीवार को उंगली से कुरेदा जा रहा था, जबकि ऐसा कोई आदेश अदालत ने नहीं दिया था। इसलिए हम एडवोकेट कमिश्नर से पूरी तरह असंतुष्ट हैं। अदालत से दूसरा एडवोकेट कमिश्नर नियुक्त करने की मांग की जाएगी।'

एक किमी के दायरे में 1,000 पुलिस और PAC के जवान तैनात

सर्वे के पहले दिन शुक्रवार को हुए बवाल को देखते हुए पुलिस अलर्ट है। एक हजार पुलिस और PAC के जवान तैनात किए गए हैं। दरअसल, शुक्रवार को श्री काशी विश्वनाथ धाम-ज्ञानवापी स्थित शृंगार गौरी और अन्य देव विग्रहों की वीडियोग्राफी पर हंगामा हुआ था। जुमे की नमाज की वजह से अन्य दिनों की तुलना में ज्यादा लोग पहुंचे थे। इस दौरान कुछ लोगों ने धार्मिक नारेबाजी की, जिससे माहौल बिगड़ने की आशंका हो गई थी।

पूरा घटनाक्रम

वाराणसी के सिविल जज (सीनियर डिवीजन) दिवाकर कुमार की अदालत के आदेश के आधार पर शुक्रवार को 4 बजे ज्ञानवापी परिसर के सर्वे का काम शुरू हुआ था। सर्वे के बाद दोनों पक्ष बाहर निकले तो एक-दूसरे पर आरोप लगाए थे। वादी पक्ष के अधिवक्ताओं का कहना था कि उन्हें ज्ञानवापी मस्जिद में प्रवेश नहीं करने दिया गया। वहीं, प्रतिवादी पक्ष का कहना था कि मस्जिद की दीवारों को अंगुली से कुरेदने का प्रयास किया गया। मस्जिद में घुसने की कोशिश की गई।

पांच महिलाओं ने किया है केस

राखी सिंह सहित पांच महिलाओं ने अगस्त-2021 में वाराणसी की अदालत में सिविल वाद दाखिल कर ज्ञानवापी परिसर स्थित मां शृंगार गौरी के नियमित दर्शन-पूजन की अनुमति मांगी थी। इसके साथ ही ज्ञानवापी परिसर स्थित सभी मंदिरों और देवी-देवताओं के विग्रहों की वास्तविक स्थिति जानने के लिए अदालत से सर्वे कराने का अनुरोध किया था। वाराणसी के सिविल कोर्ट के आदेश पर पहली बार ज्ञानवापी परिसर का सर्वे हो रहा है।

UttarPradesh
banaras
Gyanvapi mosque
Gyanvapi Masjid
Gyanvapi mosque complex
kashi vishwnath corridor
Gyanvapi controversy

Related Stories

बदायूं : मुस्लिम युवक के टॉर्चर को लेकर यूपी पुलिस पर फिर उठे सवाल

भाजपा के इस्लामोफ़ोबिया ने भारत को कहां पहुंचा दिया?

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

ज्ञानवापी मामले में अधिवक्ताओं हरिशंकर जैन एवं विष्णु जैन को पैरवी करने से हटाया गया

ज्ञानवापी सर्वे का वीडियो लीक होने से पेचीदा हुआ मामला, अदालत ने हिन्दू पक्ष को सौंपी गई सीडी वापस लेने से किया इनकार

ज्ञानवापी विवाद पर मस्जिद कमेटी के वकील अभय नाथ यादव से खास बातचीत

ज्ञानवापी केसः वाराणसी ज़िला अदालत में शोर-शराबे के बीच हुई बहस, सुनवाई 4 जुलाई तक टली

ज्ञानवापी मामला : अधूरी रही मुस्लिम पक्ष की जिरह, अगली सुनवाई 4 जुलाई को

यूपी में  पुरानी पेंशन बहाली व अन्य मांगों को लेकर राज्य कर्मचारियों का प्रदर्शन

विचार: सांप्रदायिकता से संघर्ष को स्थगित रखना घातक


बाकी खबरें

  • Maurya
    मुकुल सरल
    स्वामी प्रसाद मौर्य का जाना: ...फ़र्क़ साफ़ है
    12 Jan 2022
    यह केवल दल-बदल या अवसरवाद का मामला नहीं है, यह एक मंत्री ने इस्तीफ़ा दिया है, वो भी श्रम मंत्री ने। यह योगी सरकार की विफलता ही दिखाता है। इसका जवाब योगी जी से लिया ही जाना चाहिए।
  • CORONA
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    तीसरी लहर को रोकने की कैसी तैयारी? डॉक्टर, आइसोलेशन और ऑक्सीजन बेड तो कम हुए हैं : माकपा
    12 Jan 2022
    मध्यप्रदेश में माकपा नेता के अनुसार दूसरी लहर की तुलना में डॉक्टरों की संख्या 1132 से घट कर 705 हो गई है। इसी तरह आइसोलेशन बेड की संख्या 29247 से घटकर 16527 रह गई है। इसी प्रकार ऑक्सीजन बैड भी 28,152…
  • Protest in Afghanistan
    पीपल्स डिस्पैच
    अफ़ग़ानिस्तान में सिविल सोसाइटी और अधिकार समूहों ने प्रोफ़ेसर फ़ैज़ुल्ला जलाल की रिहाई की मांग की
    12 Jan 2022
    काबुल यूनिवर्सिटी में राजनीति विज्ञान और क़ानून पढ़ाने वाले डॉ. जलाल तालिबान और अफ़ग़ानिस्तान के पिछले प्रशासन के आलोचक रहे हैं। उन्होंने महज़ सुरक्षा पर ध्यान दिये जाने की तालिबान सरकार की चिंता की…
  • bjp-rss
    कांचा इलैया शेफर्ड
    उत्तर प्रदेश चुनाव : हौसला बढ़ाते नए संकेत!
    12 Jan 2022
    ज़्यादातर शूद्र, ओबीसी, दलित और आदिवासी जनता ने आरएसएस-भाजपा के हिंदुओं को एकजुट करने के झूठे दावों को संदिग्ध नज़र से देखा है। सपा के अखिलेश यादव जैसे नेताओं को इस असहमति को वोट में बदलने की ज़रूरत है।
  • Agriculture
    शिरीष खरे
    देशभर में घटते खेत के आकार, बढ़ता खाद्य संकट!
    12 Jan 2022
    प्रधानमंत्री के निर्णय के बाद राजधानी दिल्ली की सीमाओं पर लंबे समय से आंदोलन कर रहे किसान घर लौट गए हैं। एक बार फिर गंभीरतापूर्वक यह प्रश्न पूछा जाना चाहिए कि क्या कृषि क्षेत्र पर छाया संकट टल गया है?
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License