NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
महिलाएं
भारत
राजनीति
हिजाब विवाद: हिंदू लड़की को स्कूल में नथुनी पहनने के अधिकार वाले अफ्रीकी अदालत के फैसले को अदालत में संदर्भित किया गया
वरिष्ठ अधिवक्ता देवदत्त कामत ने अपनी दलीलें रखते हुए अदालत से अपने अंतरिम आदेश को खत्म करने का आग्रह किया।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
15 Feb 2022
प्रतीकात्मक फोटो

बेंगलुरु: हिजाब विवाद पर आज यानि मंगलवार को कर्नाटक हाई कोर्ट की बड़ी बेंच के समक्ष सुनवाई हुई। अदालत में पक्ष और प्रतिपक्ष ने संविधान के अनुच्छेद 25 की अपनी-अपनी तरह से व्याख्या करते हुए अपनी दलीलें बेंच के सामने रखीं। 

कुंडापुरा कॉलेज के दो छात्रोंओं से दायर याचिका में उनकी तरफ से पेश हुए वरिष्ठ अधिवक्ता देवदत्त कामत ने तर्क दिया कि हिजाब पहनना इस्लाम के तहत एक आवश्यक धार्मिक प्रथा है, और इसे स्कूल के दौरान कुछ घंटों के लिए निलंबित करना, समुदाय के विश्वास को न केवल कमजोर करता है, बल्कि संविधान के अनुच्छेद 19 और 25 के तहत उन्हें प्राप्त उनके मौलिक अधिकारों का उल्लंघन भी है। उन्होंने आगे दलील दी कि सिर पर हिजाब पहनने से शांति व्यवस्था को कोई नुकसान नहीं हो सकता है। 

मुख्य न्यायाधीश रितु राज अवस्थी की अध्यक्षता में न्यायमूर्ति कृष्णा एस दीक्षित और न्यायमूर्ति जेएम खाजी की खंडपीठ इस मामले की सुनवाई कर रही है। मामले की सुनवाई बुधवार तक स्थगित कर दी गई है।

आपको बता दें कि कर्नाटक की उच्च न्यायालय ने अपने अगले आदेश तक राज्‍य के सभी स्‍कूल-कॉलेजों में हर प्रकार के धार्मिक पोशाकों पर प्रतिबंध लगा दिया था, और व्यवस्था बिगड़ते देख राज्य ने सभी स्कूलों व कॉलेजों को बीते रविवार तक बंद करने का आदेश दिया था, जिसके बाद सोमवार को यह खोल दिए गए। राज्य के कई हिस्सों से प्राप्त खबरों के मुताबिक कई विद्यालयों और कॉलेजों ने हिजाब पहनी छात्राओं को अपने परिसरों में प्रवेश नहीं करने दिया।

सुनवाई के दौरान अपने दलील को मजबूती देने के लिए कामत ने दक्षिण अफ्रीका के संवैधानिक न्यायालय के क्वाज़ुलु-नताल और अन्य बनाम पिल्ले में, दक्षिण अफ्रीका की एक हिंदू लड़की के नथुनी पहनने के अधिकार से संबंधित एक फैसले का सहारा लिया। 

उन्होंने कहा कि दक्षिण अफ्रीकी न्यायालय ने इस मामले में कहा था कि उसे रोज स्कूल में कई घंटों के लिए नथुनी पहनने से रोकना उसके धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान के आबाध रूप से मानने, आचरण करने और प्रचार करने के संवैधानिक अधिकार पर हमला है।

उन्होंने अपनी दलीलें रखते हुए अदालत से अपने अंतरिम आदेश को खत्म करने का आग्रह किया।

कल, कामत ने रेखांकित किया था कि राज्य सरकार द्वारा की गई घोषणा कि हिजाब पहनना संविधान के अनुच्छेद 25 द्वारा संरक्षित नहीं है, "पूरी तरह से गलत" है। उन्होंने

याचिककर्ताओं के बचाव में यह भी दलील राखी थी कि राज्य सरकार द्वारा कॉलेज विकास समिति को अधिकार देना कि छात्राएं हिजाब पहन सकती हैं या नहीं पूर्णतः "अवैध" है।

उन्होंने यह भी कहा कि हमारे देश का संविधान सकारात्मक धर्मनिरपेक्षता का पालन करता है, और यहाँ तुर्की के नकारात्मक धर्मनिरपेक्षता की कोई जगह नहीं है। हमारी धर्मनिरपेक्षता कहती है कि सभी नागरिकों के धार्मिक अधिकारों की रक्षा की जानी चाहिए।

ज्ञात हो कि कर्नाटक के उडुप्पी जुनियर कॉलेज में मुस्लिम छात्रा द्वारा हिजाब पहनने को लेकर विवाद शुरू हुआ था जो राज्य के कई हिस्सों में शुरू हो गया है। सामने आई रिपोर्ट के मुताबिक 27 दिसंबर, 2021 को उडुपी के एक सरकारी इंटर कॉलेज में 6 छात्राओं को हिजाब पहनने के कारण क्लास में प्रवेश की अनुमति नहीं दी गई थी

Controversy over Hijab
Hijabophobia
Religious fundamentalism
Karnataka High Court

Related Stories

पत्नी नहीं है पति के अधीन, मैरिटल रेप समानता के अधिकार के ख़िलाफ़

परदे से आज़ादी-परदे की आज़ादी: धर्म और शिक्षा से आगे चला गया है हिजाब का सवाल

हिजाब मामले पर कोर्ट का फ़ैसला, मुस्लिम महिलाओं के साथ ज़्यादतियों को देगा बढ़ावा

त्वरित टिप्पणी: हिजाब पर कर्नाटक हाईकोर्ट का फ़ैसला सभी धर्मों की औरतों के ख़िलाफ़ है

कर्नाटक हिजाब विवाद : हाईकोर्ट ने बड़ी बेंच को भेजा केस, सियासत हुई और तेज़


बाकी खबरें

  • covid
    न्यूज़क्लिक टीम
    पड़ताल दुनिया भर की: ओमिक्रॉन का बढ़ता ख़ौफ़ और क्या शीत युद्ध की वापसी होगी
    18 Dec 2021
    “पड़ताल दुनिया भर की” में वरिष्ठ पत्रकार भाषा सिंह ने शीत युद्ध की वापसी की आशंका पर न्यूज़क्लिक के प्रधान संपादक प्रबीर पुरकायस्थ से बातचीत की। अमेरिका द्वारा रूस व चीन के ख़िलाफ मोर्चा खोलने और…
  • hafte ki baat
    न्यूज़क्लिक टीम
    चुनाव से पहले विपक्षियों पर छापे और चुनाव आयोग की सिमटती स्वतंत्रता
    18 Dec 2021
    यूपी में चुनाव से पहले सपा नेताओं के दफ्तरों और घरों पर इन्कम टैक्स छापेमारी के क्या मायने हैं? निर्वाचन आयोग क्या सरकार से अपनी स्वतंत्रता और स्वायत्तता खोता जा रहा है? #HafteKiBaat के नये अंक में…
  • police
    भाषा
    बेलागावी में संगोली रायन्ना की प्रतिमा विरूपित की गयी, धारा 144 लागू
    18 Dec 2021
    यह घटना तब हुई जब यहां राज्य विधानसभा का शीतकालीन सत्र चल रहा है। इन घटनाओं की निंदा करते हुए मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई ने कहा कि उन्होंने शांति एवं व्यवस्था भंग करने की कोशिश करने वाले लोगों के…
  • modi
    राजेंद्र शर्मा
    कटाक्ष: इंडिया वालो शर्म करो, मोदी जी का सम्मान करो!
    18 Dec 2021
    कहां तो भूटान तक मोदी जी के आगे शीष नवा रहा है। और कहां तुम हो जो भारत के नागरिक होकर भी बेचारे मोदी जी को शहर-शहर भटका रहे हो और वह भी अपने दो-कौड़ी के वोट के लिए।
  • kandyadan
    रवि शंकर दुबे
    ''मैं दान की चीज़ नहीं आपकी बेटी हूं'’ कहकर IAS ने नकारी कन्यादान की रस्म
    18 Dec 2021
    समाज में समानता और सुधार के लिए एक IAS तपस्या ने अपनी शादी में कन्यादान की रस्म नहीं निभाकर एक सोशल मैसेज देने की कोशिश की है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License