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राजनीति
हिमाचल: होटल ईस्टबोर्न के कर्मचारियों ने अपने 16 महीने के बक़ाया वेतन देने की मांग को लेकर किया विरोध प्रदर्शन
हिमाचल होटल मजदूर लाल झंडा यूनियन सम्बन्धित सीटू के अध्यक्ष बालक राम व महासचिव विनोद बिरसांटा ने कहा है कि होटल ईस्टबोर्न प्रबंधन ने 135 मजदूरों का जनवरी 2020 से अप्रैल 2021 तक के वेतन का भुगतान नहीं किया है।  इससे मजदूरों को अपने परिवार का पालन-पोषण करना मुश्किल हो गया है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
03 May 2021
हिमाचल :होटल ईस्टबोर्न के कर्मचारी अपने 16 महीने के बक़ाया वेतन देने की मांग को लेकर किया विरोध प्रदर्शन

हिमाचल होटल मजदूर लाल झण्डा यूनियन सम्बंधित सीटू के बैनर तले ख़लीनी स्थित होटल ईस्टबोर्न प्रबंधन के खिलाफ मजदूरों ने होटल परिसर में विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन कर रहे मज़दूर अपने सोलह महीने के बकाया वेतन की मांग उठा रहे है।

प्रदर्शन में सीटू जिला सचिव बाबू राम,यूनियन अध्यक्ष बालक राम,ईस्टबोर्न इकाई अध्यक्ष दुष्यंत कुमार,महासचिव कपिल नेगी,रजनीश कुमार,मनोहर शर्मा,कमलेश,विद्यादत्त,सनी,विक्रम शर्मा,ललित,ज्योति,बलवंत मेहता इत्यादि मौजूद रहे।
कर्मचारियों का विरोध क्यों ?

 हिमाचल होटल मजदूर लाल झंडा यूनियन सम्बन्धित सीटू के अध्यक्ष बालक राम व महासचिव विनोद बिरसांटा ने कहा है कि होटल ईस्टबोर्न प्रबंधन ने 135 मजदूरों का जनवरी 2020 से अप्रैल 2021 तक के वेतन का भुगतान नहीं किया है जोकि वेतन भुगतान अधिनियम 1936 का सीधा उल्लंघन है। इस से मजदूरों को अपने परिवार का पालन-पोषण करना मुश्किल हो गया है। पिछले सोलह महीने से मजदूर बिना वेतन के गुजर-बसर कर रहे हैं परन्तु श्रम विभाग खामोश है। श्रम विभाग एक वर्ष पूर्व हुए अपने ही समझौते को लागू नहीं करवा पा रहा है व मूक दर्शक बना हुआ है। प्रबंधन ने मजदूरों का ईपीएफ और ईएसआई का पैसा मार्च 2014 से मजदूरों से काटा है परन्तु इसे ईपीएफ व ईएसआई विभाग में जमा नहीं किया है। यह ईपीएफ अधिनियम 1952 व ईएसआई अधिनियम 1948 का उल्लंघन है। इस तरह प्रबंधन मजदूरों के लाखों रुपये की राशि को हड़प गया है।

मज़दूर नेताओ ने बताया "इस संदर्भ में बार-बार शिकायतें करने के बावजूद भी ईपीएफ व ईएसआई विभाग की ओर से कोई कार्रवाई नहीं हुई है। इस लाखों रुपये की हेराफेरी के अलावा पिछले सोलह महीने का वेतन न देकर मजदूरों के लाखों रुपये के वेतन को भी प्रबंधन ने नहीं दिया है। इस सब पर श्रम विभाग की खामोशी समझ से परे है। हिमाचल होटल मजदूर लाल झण्डा यूनियन सरकार से मांग करती है कि होटल ईस्टबोर्न प्रबंधन के खिलाफ सख्त कार्रवाई अमल में लायी जाए ताकि मजदूरों को न्याय मिल सके।"

यूनियन ने चेताया है कि अगर होटल प्रबंधन ने शीघ्र ही लंबित वेतन,ईपीएफ व ईएसआई की राशि के भुगतान तथा वर्ष 2020 में हुए समझौते को लागू न किया तो आंदोलन और तेज होगा।

Himachal Pradesh
employees protest
delay in salary
CITU

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