NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
होमगार्ड घोटाला मामला: पांच अधिकारी 14 दिन की न्यायिक हिरासत में
फर्जी मास्टररोल तैयार करके होम गार्डों के वेतन के करोड़ों रुपये डकारने का मामला सामने आने के बाद उत्तर प्रदेश सरकार हरकत में आई है।
भाषा
21 Nov 2019
home guard
Image courtesy:jagran

नोएडा: गौतमबुद्ध नगर में होमगार्ड वेतन घोटाला मामले में गिरफ्तार होमगार्ड विभाग के पांच अधिकारियों को अदालत ने 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया हैगौतमबुद्ध नगर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक वैभव कृष्ण ने बताया कि होमगार्ड वेतन घोटाले में गिरफ्तार मंडलीय कमांडेंट राम नारायण चौरसिया, सहायक जिला कमांडेंट सतीश चंद, अवैतनिक प्लाटून कमांडर सतवीर यादव, शैलेंद्र कुमार व मिंटू कुमार को कल शाम अदालत में पेश किया गया, जहां से इनको 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है।

उन्होंने बताया कि इस मामले में कुछ अन्य लोगों को भी गिरफ्तार किया जा सकता है। एसएसपी ने बताया कि नोएडा में होमगार्ड वेतन घोटाले का खुलासा होने के बाद, इस मामले में लखनऊ में भी मुकदमा दर्ज हुआ है, तथा लखनऊ पुलिस ने आज बृहस्पतिवार को वहां के होमगार्ड विभाग के जिला कमांडेंट जय प्रकाश पांडे को गिरफ्तार किया है।

उन्होंने बताया कि नोएडा पुलिस भी जय प्रकाश पांडे से पूछताछ करेगी, ताकि इस घोटाले की एक-एक कड़ी को जोड़ा जा सके। उन्होंने बताया कि जांच के दौरान कुछ महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आई है, जिसके आधार पर कुछ अन्य लोगों को जल्द ही गिरफ्तार किया जाएगा।

गौरतलब है कि फर्जी मास्टररोल तैयार करके होम गार्डों के वेतन के करोड़ों रुपये डकारने का मामला सामने आने के बाद उत्तर प्रदेश सरकार हरकत में आई, तथा इस मामले में सख्त कार्रवाई हुई।

जुलाई 2019 में एक प्लाटून कमांडर ने इस मामले में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक गौतम बुध नगर वैभव कृष्ण से शिकायत की थी। इसके आधार पर एसएसपी ने अपने स्तर से इस घोटाले की जांच करवाई। जांच में पाया गया कि होमगार्डों के वेतन निकासी में करोड़ों का घोटाला हुआ है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने इस मामले की विस्तृत रिपोर्ट शासन को भेजी।

डीजी होमगार्ड ने इस मामले में एक चार सदस्यीय जांच कमेटी बैठा दी मीडिया में खबर आने के बाद नोएडा पुलिस ने उक्त घोटाला मामले में 13 नवंबर को मुकदमा दर्ज कर लिया। नोएडा पुलिस इस मामले की जांच कर रही थी, इसी बीच 17 नवंबर को गौतमबुद्ध नगर कलेक्ट्रेट में स्थित होमगार्ड जिला कमांडेंट के कार्यालय में रखे दस्तावेजों में आग लग गई। जिससे इस घोटाले से संबंधित महत्वपूर्ण दस्तावेज जल गए। इस मामले में थाना सूरजपुर में मुकदमा दर्ज हुआ है।

इसे भी पढ़े: होमगार्ड ड्यूटी घोटाला : संदेह के घेरे में आए नोएडा के कमांडेंट कार्यालय में संदिग्ध रूप से आग लगी

गुजरात की दो सदस्यीय टीम को इस आगजनी की जांच के लिए बुलाया गया है, टीम में केए शर्मा व सीडी बपोदरा शामिल है। दोनों निदेशक स्तर के अधिकारी बताया जा रहे हैं। इन लोगों ने घटनास्थल की बारीकी से जांच की। जांच लगभग चार घंटे तक चली। इस दौरान टीम ने जले मस्टरोल के नमूने लिए। टीम के पास ऐसी आधुनिक तकनीक है जो जले कागज को भी पढ़ सकती है। जांच टीम इस बात का भी पता लगा रही है कि आग कैसे लगी।

फॉरेंसिक टीम की जांच के बाद होमगार्ड कार्यालय के पांच कमरों को सील कर दिया गया है, तथा नष्ट हुए दस्तावेजों से किस तरह सबूत निकाले जाए, इसके प्रयास किए जा रहे हैं। इस मामले में जिला गौतमबुद्ध नगर के 10 एसएचओ से पूछताछ की गई है। कुछ थाना प्रभारी अभी भी थाने में मौजूद हैं, जबकि कुछ अन्य जिलों में तैनात हैं।
 
पूछताछ में यह बात सामने आई है कि होमगार्ड विभाग के अधिकारियों ने जिले में तैनात थानाध्यक्षों के फर्जी हस्ताक्षर व मोहर का इस्तेमाल कर उक्त घोटाले को अंजाम दिया है। जांच के दौरान सभी एसएचओ ने बताया है कि जो हस्ताक्षर होमगार्डों के वेतन की निकासी के लिए मस्टररोल पर किए गए हैं, वे उनके नहीं हैं। बताया जाता है कि यह घोटाला नोएडा में वर्ष 2014 से चल रहा था। होमगार्ड पुलिस के थानों के अलावा ट्रैफिक पुलिस व कलेक्ट्रेट समेत अन्य कई विभागों में तैनात किए जाते हैं।

बताया जाता है कि गौतमबुद्ध नगर के 21 थानों में फर्जी तैनाती दिखाकर सालाना करीब 50 लाख रुपए की रकम होमगार्ड विभाग के अधिकारियों ने ऐठी है। इसके अलावा अन्य विभागों में भी तैनात होमगार्ड की फर्जी वेतन निकासी रकम 50 लाख से अधिक रही है।

Uttar pradesh
noida
Home guard duty scam
Corruption
corruption in system
Home Guards
होमगार्ड घोटाला

Related Stories

आजमगढ़ उप-चुनाव: भाजपा के निरहुआ के सामने होंगे धर्मेंद्र यादव

उत्तर प्रदेश: "सरकार हमें नियुक्ति दे या मुक्ति दे"  इच्छामृत्यु की माँग करते हजारों बेरोजगार युवा

यूपी : आज़मगढ़ और रामपुर लोकसभा उपचुनाव में सपा की साख़ बचेगी या बीजेपी सेंध मारेगी?

श्रीकृष्ण जन्मभूमि-शाही मस्जिद ईदगाह प्रकरण में दो अलग-अलग याचिकाएं दाखिल

ग्राउंड रिपोर्ट: चंदौली पुलिस की बर्बरता की शिकार निशा यादव की मौत का हिसाब मांग रहे जनवादी संगठन

जौनपुर: कालेज प्रबंधक पर प्रोफ़ेसर को जूते से पीटने का आरोप, लीपापोती में जुटी पुलिस

उपचुनाव:  6 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश में 23 जून को मतदान

UPSI भर्ती: 15-15 लाख में दरोगा बनने की स्कीम का ऐसे हो गया पर्दाफ़ाश

क्या वाकई 'यूपी पुलिस दबिश देने नहीं, बल्कि दबंगई दिखाने जाती है'?

उत्तर प्रदेश विधानसभा में भारी बवाल


बाकी खबरें

  • sever
    रवि शंकर दुबे
    यूपी: सफ़ाईकर्मियों की मौत का ज़िम्मेदार कौन? पिछले तीन साल में 54 मौतें
    06 Apr 2022
    आधुनिकता के इस दौर में, सख़्त क़ानून के बावजूद आज भी सीवर सफ़ाई के लिए एक मज़दूर ही सीवर में उतरता है। कई बार इसका ख़ामियाज़ा उसे अपनी मौत से चुकाना पड़ता है।
  • सोनिया यादव
    इतनी औरतों की जान लेने वाला दहेज, नर्सिंग की किताब में फायदेमंद कैसे हो सकता है?
    06 Apr 2022
    हमारे देश में दहेज लेना या देना कानूनन अपराध है, बावजूद इसके दहेज के लिए हिंसा के मामले हमारे देश में कम नहीं हैं। लालच में अंधे लोग कई बार शोषण-उत्पीड़न से आगे बढ़कर लड़की की जान तक ले लेते हैं।
  • पटनाः डीजल-पेट्रोल से चलने वाले ऑटो पर प्रतिबंध के ख़िलाफ़ ऑटो चालकों की हड़ताल
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    पटनाः डीजल-पेट्रोल से चलने वाले ऑटो पर प्रतिबंध के ख़िलाफ़ ऑटो चालकों की हड़ताल
    06 Apr 2022
    डीजल और पेट्रोल से चलने वाले ऑटो पर प्रतिबंध के बाद ऑटो चालकों ने दो दिनों की हड़ताल शुरु कर दी है। वे बिहार सरकार से फिलहाल प्रतिबंध हटाने की मांग कर रहे हैं।
  • medicine
    ऋचा चिंतन
    दवा के दामों में वृद्धि लोगों को बुरी तरह आहत करेगी – दवा मूल्य निर्धारण एवं उत्पादन नीति को पुनर्निर्देशित करने की आवश्यता है
    06 Apr 2022
    आवश्यक दवाओं के अधिकतम मूल्य में 10.8% की वृद्धि आम लोगों पर प्रतिकूल असर डालेगी। कार्यकर्ताओं ने इन बढ़ी हुई कीमतों को वापस लेने और सार्वजनिक क्षेत्र के दवा उद्योग को सुदृढ़ बनाने और एक तर्कसंगत मूल्य…
  • wildfire
    स्टुअर्ट ब्राउन
    आईपीसीसी: 2030 तक दुनिया को उत्सर्जन को कम करना होगा
    06 Apr 2022
    संयुक्त राष्ट्र की नवीनतम जलवायु रिपोर्ट कहती है कि यदि​ ​हम​​ विनाशकारी ग्लोबल वार्मिंग को टालना चाहते हैं, तो हमें स्थायी रूप से कम कार्बन का उत्सर्जन करने वाले ऊर्जा-विकल्पों की तरफ तेजी से बढ़ना…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License