NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
मानवाधिकार समूहों ने नए अमेरिकी प्रशासन से हाउथी को ’आतंकवाद’ की सूची से हटाने का आग्रह किया
मानवाधिकार समूहों का कहना है कि आतंकवादी घोषित किए जाने से मानवीय सहायता पर गंभीर नकारात्मक परिणाम होंगे।
पीपल्स डिस्पैच
25 Jan 2021
मानवाधिकार समूहों ने नए अमेरिकी प्रशासन से हाउथी को ’आतंकवाद’ की सूची से हटाने का आग्रह किया
Photo: WFP/Reem Nada

यमन में विद्रोही हाउथी मिलिशिया समूह को आतंकवादी संगठन के रूप में घोषित किए जाने के ट्रम्प प्रशासन के फैसले को पलटने के लिए बीस से अधिक मानवाधिकार समूहों और अंतरराष्ट्रीय चैरिटी संस्थाओं ने राष्ट्रपति जो बाइडेन के नए अमेरिकी प्रशासन को तत्काल अपील जारी की है। मिड्डल ईस्ट आई ने 24 जनवरी 2021 को एक रिपोर्ट प्रकाशित किया है।

इन समूहों ने चेतावनी दी है कि इस निर्णय से मानवीय वस्तुओं, दवाओं, ईंधन और अन्य आवश्यक वस्तुओं को यमन में हाउथी नियंत्रित क्षेत्रों में आयात और आपूर्ति को प्रभावित करने जैसे गंभीर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकते हैं साथ ही साथ पिछले छह साल से जारी इस युद्धग्रस्त देश में गृहयुद्ध को समाप्त करने को लेकर धीमी रफ्तार से जारी शांति वार्ता में संकट पैदा हो सकता है।

मीडिया को जारी एक बयान में 22 मानवाधिकार और चैरिटी समूहों ने कहा, “यह घोषणा ऐसे समय में हुई है जब छह साल के संघर्ष से तबाह देश के लिए अकाल एक वास्तविक खतरा है और इसे तुरंत रद्द करना होगा। लोगों के जीवन को बचाने की लिए सहायता प्रक्रिया और भोजन, ईंधन, चिकित्सा और अन्य आवश्यक वस्तुओं के व्यावसायिक आयात में रुकावट से लाखों लोगों की जान जोखिम में डाल देगा।” इस बयान पर हस्ताक्षर करने वाले कुछ संगठनों में ऑक्सफेम, इंटरनेशनल रेस्क्यू कमेटी, सेव द चिल्ड्रेन, नॉर्वेजियन रिफ्यूजी काउंसिल, इस्लामिक रिलीफ, इंटरनेशनल मेडिकल कॉर्प्स, डेनिश रिफ्यूजी काउंसिल, एचएएलओ ट्रस्ट, डायरेक्ट एड, मर्सी कॉर्प्स जैसे अंतर्राष्ट्रीय संगठन शामिल हैं।

भले ही ये घोषणा संयुक्त राष्ट्र, रेड क्रॉस और कई अन्य सहायता समूहों को कृषि वस्तुओं, दवाओं और चिकित्सा उपकरणों की आपूर्ति करने से छूट देता है, ऐसे में इन समूहों का कहना है कि "लाइसेंस और संबंधित मार्गदर्शन अंतरराष्ट्रीय बैंकों, शिपिंग कंपनियों और आपूर्तिकर्ताओं को पर्याप्त गारंटी प्रदान नहीं करते हैं जो अभी भी अमेरिकी कानूनों की मुश्किलों का सामना कर रहा है। नतीजतन, वाणिज्यिक क्षेत्र के कई संगठन को यमन में काम जारी रखने के लिए जोखिम अधिक होने की संभावना होगी।”

yemen
Terrorism
Houthi movement
Human Rights
Terrorist organization

Related Stories

तेलंगाना एनकाउंटर की गुत्थी तो सुलझ गई लेकिन अब दोषियों पर कार्रवाई कब होगी?

जलवायु परिवर्तन : हम मुनाफ़े के लिए ज़िंदगी कुर्बान कर रहे हैं

एनआईए स्टेन स्वामी की प्रतिष्ठा या लोगों के दिलों में उनकी जगह को धूमिल नहीं कर सकती

क्या यमन में युद्ध खत्म होने वाला है?

यमन में ईरान समर्थित हूती विजेता

जलविद्युत बांध जलवायु संकट का हल नहीं होने के 10 कारण 

चिली की नई संविधान सभा में मज़दूरों और मज़दूरों के हक़ों को प्राथमिकता..

पुतिन को ‘दुष्ट' ठहराने के पश्चिमी दुराग्रह से किसी का भला नहीं होगा

यमन के लिए यूएन का सहायता सम्मेलन अकाल और मौतों की चेतावनियों के बीच अपर्याप्त साबित हुआ

यूक्रेन युद्ध से रूस-चीन के संबंधों में मिली नई दिशा


बाकी खबरें

  • भाषा
    'आप’ से राज्यसभा सीट के लिए नामांकित राघव चड्ढा ने दिल्ली विधानसभा से दिया इस्तीफा
    24 Mar 2022
    चड्ढा ‘आप’ द्वारा राज्यसभा के लिए नामांकित पांच प्रत्याशियों में से एक हैं । राज्यसभा चुनाव के लिए 31 मार्च को मतदान होगा। अगर चड्ढा निर्वाचित हो जाते हैं तो 33 साल की उम्र में वह संसद के उच्च सदन…
  • सोनिया यादव
    पत्नी नहीं है पति के अधीन, मैरिटल रेप समानता के अधिकार के ख़िलाफ़
    24 Mar 2022
    कर्नाटक हाई कोर्ट ने स्पष्ट किया कि सेक्शन 375 के तहत बलात्कार की सज़ा में पतियों को छूट समानता के अधिकार यानी अनुच्छेद 14 का उल्लंघन है। हाईकोर्ट के मुताबिक शादी क्रूरता का लाइसेंस नहीं है।
  • एजाज़ अशरफ़
    2024 में बढ़त हासिल करने के लिए अखिलेश यादव को खड़ा करना होगा ओबीसी आंदोलन
    24 Mar 2022
    बीजेपी की जीत प्रभावित करने वाली है, लेकिन उत्तर प्रदेश में सामाजिक धुरी बदल रही है, जिससे चुनावी लाभ पहुंचाने में सक्षम राजनीतिक ऊर्जा का निर्माण हो रहा है।
  • forest
    संदीपन तालुकदार
    जलवायु शमन : रिसर्च ने बताया कि वृक्षारोपण मोनोकल्चर प्लांटेशन की तुलना में ज़्यादा फ़ायदेमंद
    24 Mar 2022
    शोधकर्ताओं का तर्क है कि वनीकरण परियोजनाओं को शुरू करते समय नीति निर्माताओं को लकड़ी के उत्पादन और पर्यावरणीय लाभों के चुनाव पर भी ध्यान देना चाहिए।
  • रवि कौशल
    नई शिक्षा नीति ‘वर्ण व्यवस्था की बहाली सुनिश्चित करती है' 
    24 Mar 2022
    दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रदर्शनकारी शिक्षकों ने कहा कि गरीब छात्र कॉमन यूनिवर्सिटी एंट्रेंस टेस्ट पास करने के लिए कोचिंग का खर्च नहीं उठा पाएंगे। 
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License