NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
इजरायल के सैनिकों द्वारा बुलडोजर से शव को घसीटने के चलते अंतर्राष्ट्रीय समुमदाय नाराज
इजरायल के सैनिकों द्वारा गोली मारकर हत्या करने के बाद एक फिलिस्तीनी नागरिक के शव को बुलडोजर द्वारा घसीटे जाने के वीडियो ने लोगों को सदमे में डाल दिया है और इसको लेकर अंतर्राष्ट्रीय समुदाय में आक्रोश पैदा हो गया है।
पीपल्स डिस्पैच
25 Feb 2020
इजरायल

समाचार वेबसाइट अल जज़ीरा के अनुसार इज़रायली सैनिकों द्वारा मारे गए एक फिलिस्तीनी नागरिक के परिवार ने सोमवार 24 फरवरी को धार्मिक तरीके से दफन करने के लिए शव को वापस करने की मांग की। मोहम्मद की मां ने न सिर्फ जबरन उनकी हत्या बल्कि उनके शव से बुरा व्यवहार करने को लेकर इज़रायल सरकार पर मानवता के खिलाफ अपराध करने का आरोप लगाया है। उनकी मां ने आगे कहा कि वह चाहती हैं कि मोहम्मद को पास में कहीं दफनाया जाए ताकि वह हमेशा उनकी कब्र पर जा सके।

इजरायल के सुरक्षा बलों ने रविवार 23 फरवरी को गाजा-इज़राइल सीमा के पास एक फिलिस्तीनी व्यक्ति की गोली मारकर हत्या कर दी थी और उसके बेजान शरीर को बुलडोजर से घसीटा था। ये दुखद घटना उस वक्त हुई जब लोग घटना स्थल पर जमा हो रहे थे। लोग घायल व्यक्ति को बचाने और उसे अस्पताल ले जाने के लिए घटना स्थल की तरफ जा रहे थे।

इस घटना के ग्राफिक वीडियो ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर गुस्से को तेज कर दिया है। इस वीडियो में बुलडोजर के जरिए मृतक फिलिस्तीनी के शव को उसके कपड़ों के सहारे लटका हुआ दिखाया गया है। घटना स्थल पर मौजूद अन्य फिलिस्तीनी कथित रूप से निहत्थे थे लेकिन फिर भी घायल व्यक्ति की मदद करने और उसे हासिल करने की कोशिश में इजरायल के सैनिकों की गोली के चपेट में नहीं आए।

इजरायल की गोलाबारी में दो फिलिस्तीनी नागरिक भी घायल हो गए। इजरायल की सेना ने दावा किया कि उसके सैनिकों ने इस संदेह के आधार पर गोलीबारी की थी कि ये दोनों सीमावर्ती अहाता के पास कोई विस्फोटक उपकरण रखने का प्रयास कर रहे थे। घटना स्थल के आसपास के क्षेत्र में मौजूद एक टैंक भी देखा जा सकता है। गाजा में फिलिस्तीनी स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि दोनों लोग को खान यूनिस में यूरोपीय अस्पताल ले जाया गया। उनमें से एक को उसके पैरों में गोली लगी है।

रविवार के घटनाक्रम के बाद इज़राइल में अरब अल्पसंख्यक अधिकार के लिए कानूनी केंद्र (अदाला) ने गोलाबारी और फिलिस्तीनी नागरिक के मारे जाने की आपराधिक जांच की मांग की है जिनके शव को एक बुलडोजर द्वारा खींचा गया था। अदाला ने इज़राइली मुख्य सैन्य अधिवक्ता जनरल शेरोन अफ़ेक को एक पत्र लिखा, जिसमें अंतरराष्ट्रीय कानूनों का हवाला दिया गया जो इस घटना को युद्ध अपराध बताता है। इसमें यह भी कहा गया है कि ये कार्रवाई इजरायल के कानूनों का उल्लंघन करती है।

आगे कहा गया कि "इजरायली सुप्रीम कोर्ट ने पिछले नियमों में मान्यता दी है जो इस मृतक की गरिमा को ठेस पहुंचता है जो इजरायल के मौलिक कानून मानीय गरिमा और स्वतंत्रता का उल्लंघन है।"

फिलिस्तीनी इस्लामिक जिहाद (पीआईजे) ने रविवार को एक बयान में कहा कि जिस व्यक्ति की गोली मारकर हत्या की गई वह उसका सदस्य था। उसकी पहचान 27 वर्षीय मोहम्मद अली अल-नईम के रूप में हुई।

साभार : पीपल्स डिस्पैच

Israel
Palestinian
Israeli soldiers
Gaza-Israel
Gaza
Hamas
israeli apartheid
Israeli Occupation
Palestinian Islamic Jihad
Siege on Gaza
War crimes

Related Stories

न नकबा कभी ख़त्म हुआ, न फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध

दिल्ली : फ़िलिस्तीनी पत्रकार शिरीन की हत्या के ख़िलाफ़ ऑल इंडिया पीस एंड सॉलिडेरिटी ऑर्गेनाइज़ेशन का प्रदर्शन

इज़रायल को फिलिस्तीनी पत्रकारों और लोगों पर जानलेवा हमले बंद करने होंगे

अल-जज़ीरा की वरिष्ठ पत्रकार शिरीन अबु अकलेह की क़ब्ज़े वाले फ़िलिस्तीन में इज़रायली सुरक्षाबलों ने हत्या की

अमेरिका ने रूस के ख़िलाफ़ इज़राइल को किया तैनात

इज़रायली सुरक्षाबलों ने अल-अक़्सा परिसर में प्रार्थना कर रहे लोगों पर किया हमला, 150 से ज़्यादा घायल

लैंड डे पर फ़िलिस्तीनियों ने रिफ़्यूजियों के वापसी के अधिकार के संघर्ष को तेज़ किया

अमेरिका ने ईरान पर फिर लगाम लगाई

ईरान नाभिकीय सौदे में दोबारा प्राण फूंकना मुमकिन तो है पर यह आसान नहीं होगा

शता ओदेह की गिरफ़्तारी फ़िलिस्तीनी नागरिक समाज पर इस्राइली हमले का प्रतीक बन गया है


बाकी खबरें

  •  Kashi Vishwanath Temple
    विजय विनीत
    एक और ‘इवेंट’: यूपी में भाजपा का नया चुनावी दांव ‘चलो काशी’ 
    05 Dec 2021
    भाजपा का नया नारा है, "दिव्य काशी, भव्य काशी, चलो काशी।" यह नारा ऐसे वक्त में गढ़ा गया है जब पीएम नरेंद्र मोदी काशी विश्वनाथ मंदिर के लोकार्पण के लिए बनारस आ रहे हैं। इसी के ईर्द-गिर्द बुना गया है एक…
  • skm
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट/भाषा
    किसान आंदोलन : एसकेएम ने सरकार से बातचीत के लिए बनाई पांच सदस्यीय समिति
    04 Dec 2021
    किसान नेता बलबीर सिंह राजेवाल, अशोक धावले, शिव कुमार कक्का, गुरनाम सिंह चढूनी और युद्धवीर सिंह को समिति का सदस्य नामित किया गया है।
  • Vinod Dua passes away
    भाषा
    दुखद: मशहूर पत्रकार विनोद दुआ का निधन
    04 Dec 2021
    विनोद दुआ जिगर की पुरानी बीमारी से पीड़ित थे। इस साल की शुरुआत में वह कोविड से भी संक्रमित हुए और कोविड की वजह से ही इसी साल जून में उन्होंने अपनी पत्नी, रेडियोलॉजिस्ट पद्मावती 'चिन्ना' को खो दिया था।
  • road
    राजेंद्र शर्मा
    नारियल से सड़क टूटी: ...पर डंका तो लगातार बज रहा है!
    04 Dec 2021
    नया विश्व रिकार्ड बिजनौर में कायम हुआ है। यह रिकार्ड थ्री इन वन है यानी तीन तरह का विश्व रिकार्ड। पहला रिकार्ड तो भाजपा विधायक सूची चौधरी के ही नाम है--नारियल मारकर नयी-निकोरी सड़क तोड़ देने का…
  • UAPA
    सोनिया यादव
    यूपी: सबसे ज़्यादा UAPA के तहत गिरफ़्तारियां, क्या विरोधी आवाज़ों को दबाने की कोशिश है?
    04 Dec 2021
    उत्तर प्रदेश में 'बेहतर कानून व्यवस्था' और 'न्यूनतम अपराध' के नाम पर योगी आदित्यनाथ की बीजेपी सरकार में साल 2020 में यूएपीए के तहत कुल 361 गिरफ़्तारियां हुईं, जबकि जम्मू कश्मीर में 346 और मणिपुर में…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License