NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
ईरान ने अपने बैंकिंग क्षेत्र पर अमेरिका के नए प्रतिबंधों की घोषणा को "अपने लोगों को भूखा" रखने का प्रयास बताया
अमेरिकी ट्रेजरी विभाग ने ईरान के ख़िलाफ़ अपने तथाकथित अधिकतम दबाव अभियान में गुरुवार को एक नए फैसले में 18 प्रमुख ईरानी बैंकों को ब्लैकलिस्ट कर दिया।
पीपल्स डिस्पैच
09 Oct 2020
ईरान

अमेरिकी राजकोषीय विभागों द्वारा ईरान के बैंकिंग क्षेत्र पर नए वित्तीय प्रतिबंधों की घोषणा के बाद ईरान ने गुरुवार 8 अक्टूबर को कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की। COVID-19 महामारी के बीच इन प्रतिबंधों की घोषणा को ईरान के विदेश मंत्री जवाद ज़रीफ़ ने खाद्य पदार्थ और दवा के लिए सजा देने के लिए [ईरान के] शेष मार्गों को झटका देने अमेरिकी प्रयास है। उन्होंने कहा कि "लोगों को भूखा रखने की साजिश रचना मानवता के ख़िलाफ़ अपराध है"।

अमेरिकी ट्रेजरी विभाग ने गुरुवार को घोषणा की कि वह 18 प्रमुख ईरानी बैंकों को समूचे ईरानी वित्तीय क्षेत्र को एक अतिरिक्त रास्ता कहकर ब्लैक लिस्ट कर रहा है जो सरकार की "दुष्ट गतिविधियों" के लिए फंड करता है।

अमेरिका ने आरोप लगाया है कि ईरान मध्य पूर्व क्षेत्र में परमाणु हथियार विकसित कर रहा है और "आतंकवादी समूहों" का समर्थन कर रहा है। दोनों ही आरोपों को ईरानी सरकार ने नकार दिया है। ईरान का कहना है कि ईरान के ख़िलाफ़ अमेरिका की आक्रामकता उसकी स्वतंत्रता, क्षेत्रीय और विदेश नीति को विफल करने का एक प्रयास है। अमेरिका मध्य पूर्व क्षेत्र में बढ़ते ईरान के प्रभाव को अपने प्रभुत्व के लिए ख़तरे के रूप में देखता है।

ट्रम्प प्रशासन के नए फैसले की यूरोपीय देशों और नागरिक समाज समूहों द्वारा आलोचना की गई है जो सोचते हैं कि ईरान में COVID-19 के प्रकोप से निपटने के लिए ईरान को मानव के लिए आवश्यक आपूर्ति में बाधा उत्पन्न होगी।

480,000 से अधिक मामलों और 27,000 से अधिक मौतों के साथ ईरान COVID-19 से मध्य पूर्व का सबसे प्रभावित देश है। साल 2018 में ज्वाइंट कम्प्रिहेंसिव प्लान ऑफ एक्शन (जेसीपीओए) या ईरान परमाणु समझौते से हटने के बाद से इसे अमेरिका द्वारा लगाए गए कई अन्य प्रतिबंधों का भी सामना करना पड़ रहा है। ट्रम्प प्रशासन ने कहा है कि इसका तथाकथित अधिकतम दबाव अभियान का अर्थ इस समझौते को पुनः बातचीत के लिए ईरान को मजबूर करना है। उधर ईरान ने फिर से बातचीत की किसी भी संभावना से इनकार किया है।

ट्रम्प प्रशासन ने ईरान पर अंतर्राष्ट्रीय प्रतिबंधों को फिर से लगाने की कोशिश की है जो संयुक्त राष्ट्र द्वारा 2015 में इस परमाणु समझौते पर हस्ताक्षर किए जाने के बाद वापस ले लिए गए थे। संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के 15 में से 13 सदस्यों ने वापस लिए गए प्रतिबंधों को ईरान पर लगाने के अमेरिका की मांग पर विचार करने से पिछले महीना इनकार कर दिया था। जिसके बाद अमेरिका ने अन्य सदस्यों को इसका पालन करने के लिए कहते हुए एकतरफा तरीके से उन प्रतिबंधों को लागू करने की घोषणा की।

IRAN
sanctions
Banking
United States
Zarif
Donand Trump
America

Related Stories

बाइडेन ने यूक्रेन पर अपने नैरेटिव में किया बदलाव

और फिर अचानक कोई साम्राज्य नहीं बचा था

ईरानी नागरिक एक बार फिर सड़कों पर, आम ज़रूरत की वस्तुओं के दामों में अचानक 300% की वृद्धि

असद ने फिर सीरिया के ईरान से रिश्तों की नई शुरुआत की

क्या दुनिया डॉलर की ग़ुलाम है?

सऊदी अरब के साथ अमेरिका की ज़ोर-ज़बरदस्ती की कूटनीति

डोनबास में हार के बाद अमेरिकी कहानी ज़िंदा नहीं रहेगी 

यूक्रेन में छिड़े युद्ध और रूस पर लगे प्रतिबंध का मूल्यांकन

यमन में ईरान समर्थित हूती विजेता

पड़ताल दुनिया भर कीः पाक में सत्ता पलट, श्रीलंका में भीषण संकट, अमेरिका और IMF का खेल?


बाकी खबरें

  • lakshmibai college teacher Dr Neelam
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    डीयू : दलित शिक्षक का आरोप विभागाध्यक्ष ने मारा थप्पड़, विभागाध्यक्ष का आरोप से इनकार
    18 Aug 2021
    "शिक्षण संस्थानों में यह कोई पहली ऐसी घटना नहीं है बल्कि इससे पहले भी समाज के निचले तबके से आने वाले छात्र और शिक्षक इस प्रकार के जातिगत हमलों और जातिसूचक टिप्पणियों का सामना करते आये हैं।…
  • Farmers
    रूबी सरकार
    प्रधानमंत्री फसल बीमा के नाम पर किसानों से लूट, उतना पैसा दिया नहीं जितना ले लिया
    18 Aug 2021
    कृषि पर संसद की स्थायी समिति की रिपोर्ट कहती है कि निजी बीमा कंपनियों को प्रीमियम के तौर पर जितनी राशि मिली और कंपनियों द्वारा नुकसान के एवज में जो राशि किसानों को दी गई, अगर इसकी तुलना की जाए तो…
  • taiban
    पीपल्स डिस्पैच
    तालिबान द्वारा दिए गए आश्वासनों के बावजूद अफ़ग़ानवासियों को अपने भविष्य की चिंता
    18 Aug 2021
    कई मीडिया संगठनों की रिपोर्ट के मुताबिक़, अमेरिका ने रविवार को देश में अरबों डॉलर की अफ़ग़ान संपत्ति को फ्रीज़ कर दिया है।
  • संदीपन तालुकदार
    नया शोध बताता है कि सबसे पहले चीन में बने थे सिक्के
    18 Aug 2021
    शोधकर्ताओं ने दावा किया है कि उन्होंने कांसे से बने छोटे फावड़े के आकार के सिक्कों की खोज की है जो लगभग 2,600 साल पहले चीन में बड़े पैमाने पर बनाए गए थे।
  • afgan
    अजय कुमार
    कैसे अमेरिका का अफ़ग़ानिस्तान में खड़ा किया गया 20 साल का झूठ भरभरा कर ढह गया?
    18 Aug 2021
    सबसे गहरी सच्चाई तो यही है कि भले ही अमेरिकी राष्ट्रपति कुछ भी कहें कि उन्होंने अफगानिस्तान की कई स्तर पर मदद की। लेकिन हकीकत यह है कि बम, बारूद, गोली और सेना के बलबूते समाज को नहीं बदला जा सकता।…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License