NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
लाल सागर में ईरान के जलयान पर हमला
हालांकि इस घटना की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। उधर ईरान और इज़रायल दोनों एक दूसरे पर इस तरह के हमलों का पहले आरोप लगाया है।
पीपल्स डिस्पैच
07 Apr 2021
लाल सागर

ईरान के तस्नीम समाचार एजेंसी के अनुसार मंगलवार 6 अप्रैल को लाल सागर में ईरानी पोत पर लिम्पेट माइन्स द्वारा हमला किया गया। एजेंसी के अनुसार इस हमले के कारण जहाज का कुछ हिस्सा थोड़ा क्षतिग्रस्त हो गया है। यह हमला उसी दिन हुआ जब अमेरिका को 2015 के परमाणु समझौते में फिर से शामिल होने के लिए मार्ग प्रशस्त करने को लेकर ज्वाइंट कम्प्रीहेंसिव प्लान ऑफ एक्शन (जेसीपीओए) की बैठक वियना में चल रही थी।

तस्नीम समाचार एजेंसी के अनुसार इस क्षेत्र में हमले से बचने के लिए ईरान की व्यापारिक जहाजों को सुरक्षा प्रदान करते हुए इस क्षेत्र में तैनात ईरानी कमांडर को लॉजिस्टिकल मदद पहुंचाते हुए कुछ वर्षों से सैवीज का लाल सागर में संचालन होता रहा है।

हालांकि न तो ईरान और न ही इजरायल ने अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी किया है। इस क्षेत्र में ईरानी जहाजों के खिलाफ इजरायल की आक्रामकता को हर कोई जानता है।

वाशिंगटन पोस्ट ने पिछले महीने रिपोर्ट प्रकाशित की कि इजरायल ने इस क्षेत्र में कम से कम एक दर्जन वाहनों पर हमला किया है। इजरायल अपनी आक्रामकता के मुख्य कारण के रूप में सीरिया को ईरान द्वारा तेल आपूर्ति मानता है।

मंगलवार को हुआ हमला इस क्षेत्र में एक महीने से भी कम समय में दूसरा ऐसा हमला था। 12 मार्च को एक ईरानी कंटेनर जहाज शहरे कोर्ड को भूमध्य सागर में एक विस्फोट में क्षतिग्रस्त कर दिया गया था। ईरानी जांचकर्ताओं ने बाद में दावा किया था कि इस हमले के पीछे इज़रायल की बहुत अधिक संभावना थी।

ईरान को इज़रायल इस क्षेत्र में अपने सैन्य प्रभुत्व के मुख्य प्रतियोगी के रूप में भी देखता है और विशेष रूप से सीरिया और यमन में ईरान के प्रभाव को बढ़ने से रोकना चाहता है। इसने जेसीपीओए पर हस्ताक्षर करने को लेकर यूएस का विरोध किया और इस समझौते से डोनाल्ड ट्रम्प की वापसी का समर्थन और बाद में ईरान के खिलाफ अमेरिकी प्रतिबंधों का समर्थन किया।

इजरायल कभी भी अपने हमलों की जिम्मेदारी नहीं लेता है। हालांकि, इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने अक्सर ईरान के प्रति इजरायल के आक्रामक रुख को जाहिर किया है। परमाणु समझौते में फिर से शामिल होने को लेकर जो बाइडन प्रशासन के प्रयासों के बाद इसने अपना विरोध तेज कर दिया है।

अल-जजीरा के अनुसार हमले की खबर से ठीक पहले नेतन्याहू ने कहा था कि "खतरनाक" परमाणु समझौते में वापसी नहीं होनी चाहिए और "हमें अपने क्षेत्र में ईरान की युद्ध स्थिति से बचाव जारी रखना चाहिए।"

IRAN
Israel
iranian vessel
iran and israel
Red Sea

Related Stories

ईरानी नागरिक एक बार फिर सड़कों पर, आम ज़रूरत की वस्तुओं के दामों में अचानक 300% की वृद्धि

न नकबा कभी ख़त्म हुआ, न फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध

अल-जज़ीरा की वरिष्ठ पत्रकार शिरीन अबु अकलेह की क़ब्ज़े वाले फ़िलिस्तीन में इज़रायली सुरक्षाबलों ने हत्या की

असद ने फिर सीरिया के ईरान से रिश्तों की नई शुरुआत की

सऊदी अरब के साथ अमेरिका की ज़ोर-ज़बरदस्ती की कूटनीति

अमेरिका ने रूस के ख़िलाफ़ इज़राइल को किया तैनात

इज़रायली सुरक्षाबलों ने अल-अक़्सा परिसर में प्रार्थना कर रहे लोगों पर किया हमला, 150 से ज़्यादा घायल

लैंड डे पर फ़िलिस्तीनियों ने रिफ़्यूजियों के वापसी के अधिकार के संघर्ष को तेज़ किया

अमेरिका ने ईरान पर फिर लगाम लगाई

ईरान पर विएना वार्ता गंभीर मोड़ पर 


बाकी खबरें

  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में कोरोना के 861 नए मामले, 6 मरीज़ों की मौत
    11 Apr 2022
    देश में अब एक्टिव मामलों की संख्या घटकर 0.03 फ़ीसदी यानी 11 हज़ार 58 हो गयी है।
  • nehru
    न्यूज़क्लिक टीम
    क्या हर प्रधानमंत्री एक संग्रहालय का हक़दार होता है?
    10 Apr 2022
    14 अप्रैल को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी नेहरू स्मृति संग्रहालय और पुस्तकालय की जगह बने प्रधानमंत्री संग्रहालय का उद्घाटन करेंगेI यह कोई चौकाने वाली घटना नहीं क्योंकि मौजूदा सत्ता पक्ष का जवाहरलाल…
  • NEP
    नई शिक्षा नीति का ख़ामियाज़ा पीढ़ियाँ भुगतेंगी - अंबर हबीब
    10 Apr 2022
    यूजीसी का चार साल का स्नातक कार्यक्रम का ड्राफ़्ट विवादों में है. विश्वविद्यालयों के अध्यापक आरोप लगा रहे है कि ड्राफ़्ट में कोई निरंतरता नहीं है और नीति की ज़्यादातर सामग्री विदेशी विश्वविद्यालयों…
  • imran khan
    भाषा
    पाकिस्तान में नए प्रधानमंत्री का चयन सोमवार को होगा
    10 Apr 2022
    पीएमएल-एन के शहबाज शरीफ, पीटीआई के कुरैशी ने प्रधानमंत्री पद के लिए नामांकन पत्र जमा किया। नए प्रधानमंत्री का चुनाव करने के लिए सोमवार दोपहर दो बजे सदन की कार्यवाही फिर से शुरू होगी।
  • Yogi
    अनिल जैन
    ख़बरों के आगे-पीछे: भाजपा में नंबर दो की लड़ाई से लेकर दिल्ली के सरकारी बंगलों की राजनीति
    10 Apr 2022
    हर हफ़्ते की प्रमुख ख़बरों को लेकर फिर हाज़िर हैं लेखक अनिल जैन
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License