NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
इज़राइल : गोलन हाइट्स में नए ग़ैर क़ानूनी सेटलमेंट को मिली मंज़ूरी, डोनाल्ड ट्रंप पर रखा गया नाम
गोलन हाइट्स सीरिया का इलाक़ा है जिस पर इज़रायल ने 1967 की जंग के बाद से क़ब्ज़ा किया हुआ है
पीपल्स डिस्पैच
15 Jun 2020
इज़राइल

इज़रायल के तथाकथित सेटलमेंट मंत्री ज़िपी होतोवेली ने रविवार 14 जून को ऐलान किया कि सरकार ने क़ब्ज़े वाले गोलन हाइट्स में 'ट्रंप हाइट्स' (हिब्रू में रमत ट्रंप) के निर्माण को मंज़ूरी दे दी है।

टाइम्स ऑफ़ इज़रायल के मुताबिक़ सोशल मीडिया पर किये गए इस ऐलान में कहा गया है कि प्रस्तावित 'ट्रंप हाइट्स' में 300 इज़रायली अधिवासी परिवारों को रखा जाएगा। पहले यहाँ बरुचिम सेटलमेंट था, जिसमें क़रीब एक दर्जन ग़ैर क़ानूनी अधिवासी रहते थे।

अरब देशों के साथ जून 1967 के युद्ध में इजरायल ने सीरिया से गोलन हाइट्स पर कब्जा कर लिया। 1949 के जिनेवा अधिवेशन और यूनाइटेड नेशन सिक्योरिटी काउंसिल (UNSC) के प्रस्ताव के खिलाफ जाकर 1981 में अवैध रूप से गोलान को इजरायल ने रद्द कर दिया। किसी भी देश ने गोलान के इज़रायली एनेक्सीनेशन को तब तक मान्यता नहीं दी थी। ट्रंप ने कार्यकारी रूप से इज़रायल की संप्रभुता को मान्यता देते हुए नेतन्याहू के इज़रायल चुनाव से ठीक पहले मार्च 2019 में अमेरिका दौरे के दौरान हस्ताक्षर कर दिए थे।

गोलन पर इज़रायल की संप्रभुता की मान्यता डोनाल्ड ट्रंप के राष्ट्रपति द्वारा उठाए गए कई इजरायल समर्थक कदमों में से एक थी। इसने अमेरिकी नीति को दीर्घकालिक रूप से उलट दिया और अपने दूतावास को तेल अवीव से कब्जे वाले यरुशलम में स्थानांतरित कर दिया, जिसका दावा फ़िलिस्तीनियों ने भविष्य के फिलिस्तीनी राज्य की राजधानी के रूप में किया है। ट्रम्प ने जनवरी में एक योजना भी प्रस्तावित की है जिसके अनुसार इज़रायल को "स्वतंत्र फ़िलिस्तीनी राज्य" के बदले में क़ब्ज़े वाले वेस्ट बैंक की 30% भूमि प्राप्त होगी। इन सभी क़दमों की फ़िलीस्तीनियों और अंतर्राष्ट्रीय समुदाय ने आलोचना की है।

इज़रायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने सबसे पहले जून 2019 में ट्रंप हाइट्स के निर्माण की घोषणा की थी।

    फ़िलिस्तीनी क़ब्ज़े वाले क्षेत्रों के समान इज़रायल ने क़ब्ज़े वाले गोलन हाइट्स के अंदर कई अवैध बस्तियों का निर्माण किया है। टाइम्स ऑफ़ इज़रायल के अनुसार, गोलन के विभिन्न हिस्सों में लगभग 26,000 अवैध इज़रायली रहते हैं।

Israel
America
Benjamin Netanyahu
Donand Trump

Related Stories

और फिर अचानक कोई साम्राज्य नहीं बचा था

न नकबा कभी ख़त्म हुआ, न फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध

अल-जज़ीरा की वरिष्ठ पत्रकार शिरीन अबु अकलेह की क़ब्ज़े वाले फ़िलिस्तीन में इज़रायली सुरक्षाबलों ने हत्या की

क्या दुनिया डॉलर की ग़ुलाम है?

अमेरिका ने रूस के ख़िलाफ़ इज़राइल को किया तैनात

इज़रायली सुरक्षाबलों ने अल-अक़्सा परिसर में प्रार्थना कर रहे लोगों पर किया हमला, 150 से ज़्यादा घायल

यूक्रेन में छिड़े युद्ध और रूस पर लगे प्रतिबंध का मूल्यांकन

पड़ताल दुनिया भर कीः पाक में सत्ता पलट, श्रीलंका में भीषण संकट, अमेरिका और IMF का खेल?

लैंड डे पर फ़िलिस्तीनियों ने रिफ़्यूजियों के वापसी के अधिकार के संघर्ष को तेज़ किया

अमेरिका ने ईरान पर फिर लगाम लगाई


बाकी खबरें

  • Ukraine
    स्टुअर्ट ब्राउन
    यूक्रेन: एक परमाणु संपन्न राज्य में युद्ध के खतरे
    03 Mar 2022
    यूक्रेन के ऊपर रूस के आक्रमण से परमाणु युद्ध का खतरा वास्तविक बन गया है। लेकिन क्या होगा यदि देश के 15 परमाणु उर्जा रिएक्टरों में से एक भी यदि गोलीबारी की चपेट में आ जाए?
  • banaras
    विजय विनीत
    यूपी का रणः मोदी के खिलाफ बगावत पर उतरे बनारस के अधिवक्ता, किसानों ने भी खोल दिया मोर्चा
    03 Mar 2022
    बनारस में ऐन चुनाव के वक्त पर मोदी के खिलाफ आंदोलन खड़ा होना भाजपा के लिए शुभ संकेत नहीं है। इसके तात्कालिक और दीर्घकालिक नतीजे देखने को मिल सकते हैं। तात्कालिक तो यह कि भाजपा के खिलाफ मतदान को बल…
  • Varanasi District
    तारिक़ अनवर
    यूपी चुनाव : बनारस की मशहूर और अनोखी पीतल पिचकारी का कारोबार पड़ रहा है फीका
    03 Mar 2022
    बढ़ती लागत और कारीगरों की घटती संख्या के कारण पिचकारी बनाने की पारंपरिक कला मर रही है, जिसके चलते यह छोटा उद्योग ज़िंदा रहने के लिए संघर्ष रहा है।
  • migrants
    एपी
    एक सप्ताह में 10 लाख लोगों ने किया यूक्रेन से पलायन: संयुक्त राष्ट्र शरणार्थी एजेंसी
    03 Mar 2022
    संयुक्त राष्ट्र शरणार्थी उच्चायोग (यूएनएचसीआर) के आंकड़ों के अनुसार, पलायन करने वाले लोगों की संख्या यूक्रेन की आबादी के दो प्रतिशत से अधिक है। विश्व बैंक के अनुसार 2020 के अंत में यूक्रेन की आबादी…
  • medical student
    एम.ओबैद
    सीटों की कमी और मोटी फीस के कारण मेडिकल की पढ़ाई के लिए विदेश जाते हैं छात्र !
    03 Mar 2022
    विशेषज्ञों की मानें तो विदेशों में मेडिकल की पढ़ाई करने के लिए जाने की दो मुख्य वजहें हैं। पहली वजह है यहां के सरकारी और प्राइवेट कॉलेजों में सीटों की संख्या में कमी और दूसरी वजह है प्राइवेट कॉलेजों…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License