NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
चोरी की फ़िलिस्तीनी ज़मीन पर इज़रायल ने किया निर्माण का ऐलान
यह नया निर्माण किसी भी फ़िलिस्तीनी के लिए ज़रूरी पूर्वी यरूशलम और बेथलहम के बीच की क्षेत्रीय निरंतरता को ख़त्म कर देगा।
पीपल्स डिस्पैच
21 Feb 2020
चोरी की फ़िलिस्तीनी ज़मीन पर इज़रायल ने किया निर्माण का ऐलान
क़ब्ज़े वाले पूर्वी यरूशलम की तस्वीर

गुरुवार 19 फरवरी को इज़रायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहु ने पूर्वी यरूशलम के क़ब्ज़े वाले फ़िलिस्तीनी क्षेत्र में रहने वाले अवैध इजरायली निवासियों के लिए हज़ारों नई आवास इकाइयों के निर्माण की घोषणा की।

इस घोषणा के अनुसार, पूर्वी यरूशलम के फ़िलिस्तीनी इलाक़े बेत सफ़ाफ़ा के पास जबल अबू ग़नीम(या हर होमा) और गिवात हमातोस में ग़ैर क़ानूनी रूप से रहने वाले इज़रायली यहूदियों के लिए 5200 नए घर बनाने की स्वीकृति दी गई है। इसमें से 2200 का निर्माण हर होमा में होगा और 3000 का निर्माण गिवात हमातोस में होगा। नेतन्याहु ने यह भी कहा है कि फ़िलिस्तीनीयों के लिए भी 1000 घर बनाए जाएंगे।

इस कदम को फिलिस्तीनियों के साथ-साथ मानवाधिकार संगठनों द्वारा कड़ी निंदा का सामना करना पड़ा है। Peace now ने इस कदम को "स्टेट सूसाइड" तक कहा है। और कहा है कि यह "2 स्टेट सोल्यूशन" को एक बड़ा झटका साबित होगा, क्योंकि नया निर्माण पूर्वी यरूशलेम के कुछ हिस्सों और कब्जे वाले वेस्ट बैंक के बीच क्षेत्रीय निरंतरता को बाधित करेगा। और यह भावी रूप से एक व्यवहार्य, सन्निहित, स्वतंत्र फिलिस्तीनी राज्य की किसी भी उम्मीद को समाप्त करता है।

फिलिस्तीनी नेतृत्व, राष्ट्रपति के कार्यालय सहित, वरिष्ठ सरकारी अधिकारियों ने भी इस निर्णय की निंदा की है। राष्ट्रपति के प्रवक्ता, नबील अबु रूदिनेह ने कहा, “नेतन्याहू का फ़िलिस्तीनी राज्य के क्षेत्रों पर हज़ारों नई बसने वाली इकाइयों का निर्माण करने का ऐलान दो-राज्य समाधान का एक व्यवस्थित विनाश है।”

उन्होंने यह भी कहा कि नेतन्याहु दो हफ़्ते से भी कम समय में होने वाले चुनाव में दक्षिणपंथी, कट्टर यहूदियों के वोट पाने चाहते हैं।

फिलिस्तीन लिबरेशन ऑर्गनाइजेशन के महासचिव, सएब एरेकत ने अमेरिकी प्रशासन और इज़रायल पर एक नई 'एनेक्सेशन कमेटी ’का गठन करके सहयोग करने का आरोप लगाया, जो अवैध रूप से फ़िलिस्तीन राज्य की भूमि की चोरी और उपनिवेशण करने के लिए 1967 से पूर्व की सीमाओं के आधार पर विश्व समर्थित दो राज्य समाधान के अनुसार थी। 

साभार : पीपल्स डिस्पैच

Israel
Palestine
Benjamin Netanyahu
America

Related Stories

और फिर अचानक कोई साम्राज्य नहीं बचा था

फ़िनलैंड-स्वीडन का नेटो भर्ती का सपना हुआ फेल, फ़िलिस्तीनी पत्रकार शीरीन की शहादत के मायने

न नकबा कभी ख़त्म हुआ, न फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध

अल-जज़ीरा की वरिष्ठ पत्रकार शिरीन अबु अकलेह की क़ब्ज़े वाले फ़िलिस्तीन में इज़रायली सुरक्षाबलों ने हत्या की

क्या दुनिया डॉलर की ग़ुलाम है?

अमेरिका ने रूस के ख़िलाफ़ इज़राइल को किया तैनात

इज़रायली सुरक्षाबलों ने अल-अक़्सा परिसर में प्रार्थना कर रहे लोगों पर किया हमला, 150 से ज़्यादा घायल

यूक्रेन में छिड़े युद्ध और रूस पर लगे प्रतिबंध का मूल्यांकन

पड़ताल दुनिया भर कीः पाक में सत्ता पलट, श्रीलंका में भीषण संकट, अमेरिका और IMF का खेल?

लैंड डे पर फ़िलिस्तीनियों ने रिफ़्यूजियों के वापसी के अधिकार के संघर्ष को तेज़ किया


बाकी खबरें

  • lalu
    भाषा
    चारा घोटाला: सीबीआई अदालत ने डोरंडा कोषागार मामले में लालू प्रसाद को दोषी ठहराया
    15 Feb 2022
    अदालत ने 29 जनवरी को मामले में दलीलें सुनने के बाद अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था। प्रसाद को इससे पहले चारा घोटाला के चार अन्य मामलों में 14 साल जेल की सजा सुनाई जा चुकी है।
  • kanpur
    महेश कुमार
    यूपी चुनाव: कानपुर क्या बदलाव के लिए तैयार है?
    15 Feb 2022
    कानपुर शहर को औद्योगिक नगरी के नाम से जाना जाता है लेकिन कोविड महामारी ने कानपुर के उद्योग की कमर तोड़ कर रख दी है। बेरोज़गारी बढ़ गई है। जो मज़दूर काम कर रहे हें उनका वेतन काफी कम हो गया है।
  • Gyana Devi
    तारिक़ अनवर
    यूपी चुनाव: बग़ैर किसी सरकारी मदद के अपने वजूद के लिए लड़तीं कोविड विधवाएं
    15 Feb 2022
    राज्य भर के हज़ारों परिवारों को मुआवज़ा मिलने के कोई आसार नहीं हैं, क्योंकि लोगों के पास स्वास्थ्य सेवा तक पहुंच नहीं है और इसलिए, कोविड-19 संक्रमण के कारण हुई मौत का वे "सबूत" नहीं दे सकते।
  • एम. के. भद्रकुमार
    बाइडेन ने रूस के प्रति अपनी आक्रमकता को कम किया
    15 Feb 2022
    यूक्रेन के राष्ट्रपति वलोडिमिर ज़ेलेंस्की को बाइडेन द्वारा किए गए फ़ोन के बारे में व्हाइट हाउस ने जो बयान जारी किया है वह हालिया अमेरिकी घोषणाओं से अलग है।
  • यूपी चुनाव : किसानों ने कहा- आय दोगुनी क्या होती, लागत तक नहीं निकल पा रही
    एम.ओबैद
    यूपी चुनाव : किसानों ने कहा- आय दोगुनी क्या होती, लागत तक नहीं निकल पा रही
    15 Feb 2022
    "हमें तो खेती करने के लिए और क़र्ज़ ही लेना पड़ रहा है फ़ायदे की तो बात ही छोड़ दीजिए। अभी तो हाल यह हो गया है कि खेती में लागत का पैसा भी नहीं निकल पा रहा है।"
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License