NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
अंतरराष्ट्रीय
फिलिस्तीन
गाज़ा पर 2 हफ़्ते से इज़रायली हवाई हमले जारी, मृतकों की संख्या 200 के क़रीब पहुंची
युद्धस्थिति को समाप्त करने के लिए बढ़ते अंतरराष्ट्रीय आह्वानों के बावजूद इज़रायल के कार्यवाहक प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने रविवार को कहा कि ये क्रूर आक्रमण "पूरी ताक़त" के साथ जारी रहेगा।
पीपल्स डिस्पैच
17 May 2021
गाज़ा पर 2 हफ़्ते से इज़रायली हवाई हमले जारी, मृतकों की संख्या 200 के क़रीब पहुंची

कब्जे वाले फिलीस्तीनी क्षेत्र गाजा पर इजरायल का हवाई हमला सोमवार 17 मई को ताजे हमलों के साथ जारी है। रविवार को करीब 42 लोग मारे गए जिससे मरने वाले कुल फिलिस्तीनियों की संख्या 192 हो गई जिसमें 58 बच्चे शामिल हैं। करीब 1,200 अन्य लोग इन हमलों में घायल हुए हैं।

अल-जज़ीरा के अनुसार इजरायली वायु सेना ने सोमवार को तड़के कुछ घंटों में गाजा के भीतर कम से कम 55 हवाई हमले किए जो अल अक्सा मस्जिद परिसर के भीतर इजरायली सेना के घुसने के बाद गत सोमवार 10 मई को इजरायल में हमास के रॉकेट हमले के बाद शुरू हुए हमले के बाद से सबसे बड़ा हमला है। अल अक्सा मस्जिद में इजरायली सैनिकों के हमले में सैकड़ों फिलिस्तीनी नमाजी घायल हो गए।

रिहायसी क्षेत्रों में इजरायल के हवाई हमले से संपत्ति और बुनियादी ढांचे का बड़े पैमाने पर नुकसान हुआ है और साथ ही बड़ी संख्या में लोग विस्थापित हुए जो अपने घरों से बाहर निकलने और खुले क्षेत्रों में रहने के लिए मजबूर हैं। इजरायली हवाई हमलों ने गाजा पट्टी के अंदर उन इमारतों को निशाना बनाया जिसमें मीडिया संगठनों और अन्य सिविलियन कार्यालय थे। शनिवार को इसने गाजा के भीतर एक बहुमंजिला इमारत को निशाना बनाया जिसमें अल-जज़ीरा और एसोसिएटेड प्रेस जैसे अंतरराष्ट्रीय मीडिया संगठनों के कार्यालय थे।

अपने पद को बचाने के लिए भी संघर्ष कर रहे इज़रायल के कार्यवाहक प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने रविवार को कहा कि गाजा में हमले पूरी ताकत से जारी रहेंगे और "हम हमास से बहुत भारी कीमत वसूल रहे हैं।" गाजा पट्टी पर हमास का नियंत्रण है।

इस बीच, हमास ने कहा है कि उसने रविवार को इजरायल के शहर अशकेलन और बीरशबा पर रॉकेट दागे हैं। इजरायल की आधिकारिक रिपोर्टों के अनुसार 10 मई से हमास द्वारा किए गए रॉकेट हमलों में कम से कम 10 लोग मारे गए हैं।

गाजा पट्टी घनी आबादी वाला क्षेत्र है जहां करीब 2 मिलियन से अधिक लोग रहते हैं। इस पर 2006 से इज़रायल ने पूर्ण हवाई, समुद्र और भूमि नाकेबंदी लगा रखी है। इज़रायल अक्सर इस क्षेत्र में हवाई हमले करता रहता है। 2014 में इज़रायल ने एक महीने से अधिक समय तक हवाई हमले किए जिसमें 2,000 से अधिक लोग मारे गए। मरने वालों में ज्यादातर नागरिक थे। इन हमलों में 10,000 से अधिक लोग घायल हुए।

दुनिया के कई देशों ने इस युद्धस्थिति को तत्काल समाप्त करने के लिए कहा है। रविवार को संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने इस मुद्दे पर चर्चा करने के लिए दूसरी बार बैठक की लेकिन सदस्य देश एक बार फिर औपचारिक बयान जारी करने के लिए आम सहमति पर पहुंचने में विफल रहे।

Israel
Palestine
Gaza strip
Gaza

Related Stories

फ़िनलैंड-स्वीडन का नेटो भर्ती का सपना हुआ फेल, फ़िलिस्तीनी पत्रकार शीरीन की शहादत के मायने

न नकबा कभी ख़त्म हुआ, न फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध

अल-जज़ीरा की वरिष्ठ पत्रकार शिरीन अबु अकलेह की क़ब्ज़े वाले फ़िलिस्तीन में इज़रायली सुरक्षाबलों ने हत्या की

अमेरिका ने रूस के ख़िलाफ़ इज़राइल को किया तैनात

इज़रायली सुरक्षाबलों ने अल-अक़्सा परिसर में प्रार्थना कर रहे लोगों पर किया हमला, 150 से ज़्यादा घायल

लैंड डे पर फ़िलिस्तीनियों ने रिफ़्यूजियों के वापसी के अधिकार के संघर्ष को तेज़ किया

अमेरिका ने ईरान पर फिर लगाम लगाई

ईरान नाभिकीय सौदे में दोबारा प्राण फूंकना मुमकिन तो है पर यह आसान नहीं होगा

शता ओदेह की गिरफ़्तारी फ़िलिस्तीनी नागरिक समाज पर इस्राइली हमले का प्रतीक बन गया है

क्या पेगासस जासूसी सॉफ्टवेयर के लिए भारत की संप्रभुता को गिरवी रख दिया गया है?


बाकी खबरें

  • make in india
    बी. सिवरामन
    मोदी का मेक-इन-इंडिया बहुराष्ट्रीय कंपनियों द्वारा श्रमिकों के शोषण का दूसरा नाम
    07 Jan 2022
    बहुराष्ट्रीय कंपनियों के गिग कार्यकर्ता नई पीढ़ी के श्रमिक कहे जा सकते  हैं, लेकिन वे सीधे संघर्ष में उतरने के मामले में ऑटो व अन्य उच्च तकनीक वाले एमएनसी श्रमिकों से अब टक्कर लेने लगे हैं। 
  • municipal elections
    फर्राह साकिब
    बिहारः नगर निकाय चुनावों में अब राजनीतिक पार्टियां भी होंगी शामिल!
    07 Jan 2022
    ये नई व्यवस्था प्रक्रिया के लगभग अंतिम चरण में है। बिहार सरकार इस प्रस्ताव को विधि विभाग से मंज़ूरी मिलने के पश्चात राज्य मंत्रिपरिषद में लाने की तैयारी में है। सरकार की कैबिनेट की स्वीकृति के बाद इस…
  • Tigray
    एम. के. भद्रकुमार
    नवउपनिवेशवाद को हॉर्न ऑफ़ अफ्रीका की याद सता रही है 
    07 Jan 2022
    हिंद महासागर को स्वेज नहर से जोड़ने वाले रणनीतिक तौर पर बेहद महत्वपूर्ण लाल सागर पर अपने नियंत्रण को स्थापित करने की अमेरिकी रणनीति की पृष्ठभूमि में चीन के विदेश मंत्री वांग यी की अफ्रीकी यात्रा काफी…
  • Supreme Court
    अजय कुमार
    EWS कोटे की ₹8 लाख की सीमा पर सुप्रीम कोर्ट को किस तरह के तर्कों का सामना करना पड़ा?
    07 Jan 2022
    आर्थिक तौर पर कमजोर वर्ग को आरक्षण देने के लिए ₹8 लाख की सीमा केवल इस साल की परीक्षा के लिए लागू होगी। मार्च 2022 के तीसरे हफ्ते में आर्थिक तौर पर कमजोर सीमा के लिए निर्धारित क्राइटेरिया की वैधता पर…
  • bulli bai aap
    सना सुल्तान
    विचार: शाहीन बाग़ से डरकर रचा गया सुल्लीडील... बुल्लीडील
    07 Jan 2022
    "इन साज़िशों से मुस्लिम औरतें ख़ासतौर से हम जैसी नौजवान लड़कियां ख़ौफ़ज़दा नहीं हुईं हैं, बल्कि हमारी आवाज़ और बुलंद हुई है।"
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License