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इज़रायली सैनिकों ने क़ब्ज़े वाले वेस्ट बैंक में एक और फिलिस्तीनी युवक की हत्या की
पिछले दो महीनों में इज़रायली सैनिकों द्वारा इस तरह की यह तीसरी हत्या है।
पीपल्स डिस्पैच
10 Jul 2020
युवक की हत्या की
Source: Quds news network

इज़रायली सुरक्षा बलों ने गुरुवार 9 जुलाई को क़ब्ज़े वाले वेस्ट बैंक में नबलुस के दक्षिण के एक गांव में एक अन्य फिलिस्तीनी युवक की गोली मारकर हत्या कर दी। पीड़ित की पहचान 29 वर्षीय इब्राहिम मुस्तफा अबू याक़ूब के रूप में की गई और जब उसे इज़रायली सेना द्वारा गोली मारी गई थी तो वह अपने दोस्तों के साथ था। उसे नज़दीक के अस्पताल ले जाया गया जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया।

सलफिट के प्रांतीय गवर्नर अब्दुल्ला कामिल ने दो लोगों के एक समूह द्वारा मोलोतोव हमले के इज़रायली बलों के दावे की निंदा की जिसके कारण उसने गोली चलाई जिसमें याक़ूब की मौत हो गई। उनके अनुसार जब याकूब अपने दोस्तों के साथ टहल रहा था तब उसे गोली मारी गई थी।

हर साल बड़ी संख्या में फिलिस्तीनी इज़रायली ऑक्यूपेशन फोर्स की क्रूर कृत्यों का शिकार बन जाते हैं। इन क्रूर कृत्यों में ग़ैरक़ानूनी गिरफ़्तारी, पिटाई और यातनाएं आदि शामिल हैं। इनमें से कई क़ब्ज़े वाले क्षेत्रों में निर्दोष फिलिस्तीनी युवाओं की हत्या में भी शामिल हैं। पिछले महीने इन्होंने पूर्वी येरुशलम में 27 वर्षीय अहमद इरेकेट की हत्या कर दी थी जब वह अपनी बहन को लेने जा रहा था।

इज़रायली सुरक्षा बलों ने पिछले महीने ऑटिज्म ग्रसित 32 वर्षीय एक व्यक्ति इयाद अल-हलाक को भी मार गिराया था जिसके चलते क़ब्ज़े वाले फिलिस्तीन में विरोध प्रदर्शन हुआ था। उनकी हत्या की तुलना अमेरिका में जॉर्ज फ्लॉयड की हत्या से की गई है जिसके कारण 'ब्लैक लाइव्स मैटर्स आंदोलन' हुआ था।

इस तरह के अपराधों में लिप्त पाए गए इज़रायल के अधिकांश सुरक्षाकर्मियों को कभी दंडित नहीं किया जाता है या छोटी सज़ा देने के बाद छोड़ दिया जाता है।

Israel
Palestine
West Bank
Israeli Security Forces

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