NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
जादवपुर यूनिवर्सिटी : छात्र संघ चुनाव में वाम समर्थक छात्र संगठनों की जीत, एबीवीपी का अच्छा प्रदर्शन
चुनाव में वाम समर्थक छात्र संगठनों ने तीन में से दो संकायों में अपना कब्जा बरकरार रखा है। वहीं अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने अपनी जगह बनाने में सफलता हासिल की है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
21 Feb 2020
Jadavpur University Elections

बंगाल की छात्र राजनीति में वाम मोर्चा का गढ़ कहे जाने वाले जादवपुर विश्वविद्यालय (जेयू) के छात्रसंघ चुनावों में वाम समर्थक छात्र संगठनों ने तीन में से दो संकायों में अपना कब्जा बरकरार रखा है। इस बार अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) भी यहां अपनी जगह बनाने में कामयाब रही। गुरुवार 20 फरवरी को घोषित हुए छात्र संघ के चुनाव नतीजों में एक संकाय में एबीवीपी ने सीपीएम के छात्र संगठन स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसएफआई) को पीछे छोड़ते हुए दूसरे स्थान पर कब्जा जमा लिया।

बता दें कि अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने चुनाव में पहली बार अपने उम्मीदवार सभी पदों के लिए उतारे थे। परिषद ने अभियांत्रिकी और कला संकाय के केंद्रीय पैनलों के लिए उम्मीदवार उतारे। इन दोनों संकाय के केंद्रीय पैनल में दो उपाध्यक्ष, दो महासचिव और चार सहायक महासचिव के पद हैं। जादवपुर यूनिवर्सिटी के कला, विज्ञान व इंजीनियरिंग विभाग के लिए बुधवार 19 फरवरी को चुनाव हुए थे।

इंजीनियरिंग विभाग में कुल 1405 वोट पड़े, जिनमें से डेमोक्रेटिक स्टूडेंट्स फ्रंट (डीएसएफ) को 1167 वोट मिले। एबीवीपी की झोली में 115 वोट आए, वहीं एसएफआइ को 70 वोट मिले यानी एसएफआई को पीछे छोड़कर एबीवीपी ने दूसरा स्थान हासिल कर लिया। एसएफआई तीसरे स्थान पर आ गया। वहीं, तृणमूल कांग्रेस छात्र परिषद को महज 29 वोट के साथ चौथे स्थान पर संतोष करना पड़ा। नोटा के लिए भी 22 वोट पड़े। डीएसएफ का पहले भी इस पर कब्जा था।

इसी तरह विज्ञान विभाग में भी छात्र संगठन ‘वी द इंटिपेंडेंट' (डब्ल्यूयूटीआइ) ने अपना कब्जा बरकरार रखते हुए निकटतम प्रतिद्वंद्वी एसएफआइ को हराया।

बता दें कि कला, विज्ञान व इंजीनियरिंग विभाग के लिए चुनाव बुधवार को हुए थे। छात्र संघ का चुनाव होने के बावजूद जेयू परिसर में पिछले कुछ समय के दौरान हुई घटनाओं के कारण सबकी इसपर नजर थी। पिछले साल यहीं केंद्रीय राज्य मंत्री बाबुल सुप्रियो का छात्रों ने घेराव किया था, जिन्हें छुड़ाने खुद बंगाल के राज्यपाल जगदीप धनखड़ को आना पड़ा था।

गौरतलब है कि वर्ष 2016 में राज्य के शिक्षाविभाग की ओर से निर्देशिका जारी कर छात्रसंघ चुनाव बंद करा दिए गए थे। कुल ढाई साल तक राज्य के शिक्षण संस्थानों में छात्रसंघ चुनाव बंद थे। लेकिन छात्र लगातार यूनिवर्सिटी में चुनाव करवाने के लिए आंदोलनरत थे। जिसके बाद बुधवार 19 फरवरी को परिसर में छात्रसंघ का चुनाव हुआ। इस बार के चुनावों में एम.फिल के छात्रों ने भी मतदान किया। इससे पहले एम.फिल के विद्यार्थियों को मतदान का अधिकार नहीं था।

Jadavpur University
student union election
Left pro student organizations
WUTI
Students’ Union Elections
Students’ Federation of India
SFI
ABVP
DSF

Related Stories

कार्टून क्लिक: उनकी ‘शाखा’, उनके ‘पौधे’

अलीगढ़ : कॉलेज में नमाज़ पढ़ने वाले शिक्षक को 1 महीने की छुट्टी पर भेजा, प्रिंसिपल ने कहा, "ऐसी गतिविधि बर्दाश्त नहीं"

दिल्ली: रामजस कॉलेज में हुई हिंसा, SFI ने ABVP पर लगाया मारपीट का आरोप, पुलिसिया कार्रवाई पर भी उठ रहे सवाल

डीवाईएफ़आई ने भारत में धर्मनिरपेक्षता को बचाने के लिए संयुक्त संघर्ष का आह्वान किया

लखनऊ विश्वविद्यालय: दलित प्रोफ़ेसर के ख़िलाफ़ मुक़दमा, हमलावरों पर कोई कार्रवाई नहीं!

दिल्ली: ''बुलडोज़र राजनीति'' के ख़िलाफ़ सड़क पर उतरे वाम दल और नागरिक समाज

लखनऊ विश्वविद्यालय में एबीवीपी का हंगामा: प्रोफ़ेसर और दलित चिंतक रविकांत चंदन का घेराव, धमकी

एलएसआर के छात्रों द्वारा भाजपा प्रवक्ता का बहिष्कार लोकतंत्र की जीत है

बैठक में नहीं पहुंचे अधिकारी, छात्र बोले- जेएनयू प्रशासन का रवैया पक्षपात भरा है

‘जेएनयू छात्रों पर हिंसा बर्दाश्त नहीं, पुलिस फ़ौरन कार्रवाई करे’ बोले DU, AUD के छात्र


बाकी खबरें

  • किताबः ‘यह मिट्टी दस्तावेज़ हमारा’ के बारे में
    अजय सिंह
    किताबः ‘यह मिट्टी दस्तावेज़ हमारा’ के बारे में
    10 Sep 2021
    ‘यह मिट्टी दस्तावेज़ हमारा’ की कविताएं राजनीतिक परिपक्वता, गहन संवेदनशीलता, सघन बिंबात्मकता और प्रकृति के साथ लयात्मक व दोस्ताना रिश्ते की वजह से हमारा ध्यान खींचती हैं।
  • Rakesh Tikait
    बादल सरोज
    अल्ला हू अकबर और हर-हर महादेव के युग्म से इतना क्यों डर गए हुक्मरान ?
    10 Sep 2021
    हिन्दू-मुस्लिम-सिख-ईसाई समुदायों की यह साझेदारी तो दिल्ली के सभी तरफ से लगी किसानो की मोर्चेबन्दियों में दिखती है फिर ऐसी क्या ख़ास बात थी कि इसे विशेष रूप से दर्ज किया जाए ?
  • नौ साल पहले तालिबान द्वारा एक नौजवान का किया गया अपहरण बना अंतहीन आघात
    विक्रम शर्मा
    नौ साल पहले तालिबान द्वारा एक नौजवान का किया गया अपहरण बना अंतहीन आघात
    10 Sep 2021
    वर्ष 2000 में तालिबान लड़ाकों ने एक किशोर का अपहरण किया था। जब यूनाइटेड किंगडम में डॉक्टरों की एक टीम ने उसका मानसिक मूल्यांकन किया, तो तालिबान शासन के तहत जीवन की एक परेशान करने वाली तस्वीर उभर कर…
  • कोरोना
    न्यूज़क्लिक टीम
    कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 34,973 नए मामले, 260 मरीज़ों की मौत
    10 Sep 2021
    देश में एक्टिव मामलों की संख्या घटकर 3 लाख 90 हज़ार 646 हो गयी है।
  • हड़ताल पर रोक लगने के बाद रक्षा कर्मचारी संघ ओएफबी के निगमीकरण के ख़िलाफ़ लड़ेंगे क़ानूनी लड़ाई
    रौनक छाबड़ा
    हड़ताल पर रोक लगने के बाद रक्षा कर्मचारी संघ ओएफबी के निगमीकरण के ख़िलाफ़ लड़ेंगे क़ानूनी लड़ाई
    10 Sep 2021
    एक अन्य कदम के बतौर 13 से 18 सितंबर के बीच एक जनमत-संग्रह आयोजित किया जाना है, जिसमें देश भर के आयुध कारखानों में मौजूद 76,000 रक्षा कर्मचारियों से केंद्र के कदम के बारे में अपना फैसला व्यक्त करने के…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License