NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
आंदोलन
भारत
राजनीति
जामिया : "यह लो आज़ादी" के नारे लगाते हुए युवक ने छात्रों पर गोली चलाई
जामिया के छात्र आज 'संविधान बचाओ मार्च' के तहत राजघाट तक मानव श्रृंखला बनाने जा रहे हैं। पैदल मार्च की शुरुआत में एक अज्ञात युवक ने सीएए के समर्थन में नारे लगाए और प्रदर्शनकारियों पर गोली चला दी। एक प्रदर्शनकारी छात्र को हाथ में गोली लगी है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
30 Jan 2020
jamia

राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के शहीद दिवस पर जामिया मिलिया इस्लामिया के छात्र आज 'संविधान बचाओ मार्च' के तहत राजघाट तक मानव श्रृंखला बनाने जा रहे हैं। यह मानव श्रृंखला नागरिकता संशोधन क़ानून (सीएए), एनआरसी और एनपीआर के विरोध में बनाई जा रही है। क़रीब 1 बजे शुरू हुए पैदल मार्च की शुरुआत में ही एक अज्ञात युवक ने इसके विरोध में ओपन फ़ायरिंग कर दी है, जिसमें एक प्रदर्शनकारी छात्र घायल हुआ है।

वीडियो और एनडीटीवी की रिपोर्ट के अनुसार यह युवक "यह लो आज़ादी", "जय श्री राम", "दिल्ली पुलिस ज़िंदाबाद" और सीएए के समर्थन में नारे लगा रहा था।

दिल्ली पुलिस ने हमलावर को गिरफ़्तार कर लिया है। घटना के समय वहां बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी और कई मीडिया समूह के लोग मौजूद थे। पुलिस ने बताया कि उक्त व्यक्ति की पहचान अभी नहीं हो पाई है, जबकि घायल हुए छात्र का नाम शादाब बताया जा रहा है। उनके हाथ में गोली लगी है।

इस घटना के बाद दिल्ली पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठ रहे हैं।

आपको बता दें कि इससे पहले शाहीन बाग़ के प्रदर्शन के दौरान भी ऐसे ही एक शख़्स बंदूक लेकर आ गया था, और जगह खाली करवाने के लिए कह रहा था।

गोली चलने के बाद दिल्ली पुलिस ने रैली को रोक दिया है

Jamia Milia Islamia
CAA Protest
anti-NRC protests
Firing In Jamia
Mahatma Gandhi
संविधान बचाओ मार्च
delhi police

Related Stories

मुस्लिम विरोधी हिंसा के ख़िलाफ़ अमन का संदेश देने के लिए एकजुट हुए दिल्ली के नागरिक

दिल्ली दंगों के दो साल: इंसाफ़ के लिए भटकते पीड़ित, तारीख़ पर मिलती तारीख़

दिल्ली: प्रदर्शन कर रहे डॉक्टरों पर पुलिस का बल प्रयोग, नाराज़ डॉक्टरों ने काम बंद का किया ऐलान

किसान आंदोलन@378 : कब, क्या और कैसे… पूरे 13 महीने का ब्योरा

दिल्ली: ऐक्टू ने किया निर्माण मज़दूरों के सवालों पर प्रदर्शन

सुप्रीम कोर्ट को दिखाने के लिए बैरिकेड हटा रही है सरकार: संयुक्त किसान मोर्चा

दिल्ली सरकार के विश्वविद्यालय के सफ़ाई कर्मचारियों ने कपड़े उतार कर मुख्यमंत्री आवास पर किया प्रदर्शन!

दिल्ली पुलिस की 2020 दंगों की जांच: बद से बदतर होती भ्रांतियां

दिल्ली: सिविल डिफेंस वालंटियर की निर्मम हत्या शासन-प्रशासन के दावों की पोल खोलती है!

अपने आदर्शों की ओर लौटने का आह्वान करती स्वतंत्रता आंदोलन की भावना


बाकी खबरें

  • श्रुति एमडी
    ‘तमिलनाडु सरकार मंदिर की ज़मीन पर रहने वाले लोगों पर हमले बंद करे’
    05 Apr 2022
    द्रमुक के दक्षिणपंथी हमले का प्रतिरोध करने और स्वयं को हिंदू की दोस्त पार्टी साबित करने की कोशिशों के बीच, मंदिरों की भूमि पर रहने वाले लोगों की आजीविका पर प्रतिकूल असर पड़ रहा है। 
  • भाषा
    श्रीलंका में सत्ता पर राजपक्षे की पकड़ कमज़ोर हुई
    05 Apr 2022
    "सरकारी बजट पर मतदान के दौरान गठबंधन के पास 225 सांसदों में से 157 का समर्थन था, लेकिन अब 50 से 60 सदस्य इससे अलग होने वाले हैं। इसके परिणामस्वरूप सरकार न सिर्फ दो-तिहाई बहुमत खो देगी, बल्कि सामान्य…
  • विजय विनीत
    एमएलसी चुनाव: बनारस में बाहुबली बृजेश सिंह की पत्नी के आगे दीन-हीन क्यों बन गई है भाजपा?
    05 Apr 2022
    पीएम नरेंद्र मोदी का दुर्ग समझे जाने वाले बनारस में भाजपा के एमएलसी प्रत्याशी डॉ. सुदामा पटेल ऐलानिया तौर पर अपनी ही पार्टी के दिग्गज नेताओं, पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं पर आरोप जड़ रहे हैं कि वो…
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    कोरोना अपडेट: आज दूसरे दिन भी एक हज़ार से कम नए मामले 
    05 Apr 2022
    देश में कोरोना से पीड़ित 98.76 फ़ीसदी यानी 4 करोड़ 24 लाख 96 हज़ार 369 मरीज़ों को ठीक किया जा चुका है। और एक्टिव मामलों की संख्या घटकर 0.03 फ़ीसदी यानी 12 हज़ार 54 रह गयी है।
  • मुकुल सरल
    नफ़रत की क्रोनोलॉजी: वो धीरे-धीरे हमारी सांसों को बैन कर देंगे
    05 Apr 2022
    नज़रिया: अगर किसी को लगता है कि ये (अ)धर्म संसद, ये अज़ान विवाद, ये हिजाब का मुद्दा ये सब यूं ही आक्समिक हैं, आने-जाने वाले मुद्दे हैं तो वह बहुत बड़ा नादान है। या फिर मूर्ख या फिर धूर्त। यह सब यूं…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License