NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
‘जोकर’ अभिनेता फ़ीनिक्स ने फ़िल्म जगत पर ‘‘सुनियोजित नस्लवाद’’ का आरोप लगाया
बाफ़्टा अवार्ड्स की अभिनय संबंधी श्रेणियों में अश्वेत लोगों के नामांकन की कमी और निर्देशन की श्रेणी में एक भी महिला के ना होने की भी आलोचना की गई।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
03 Feb 2020
Joaquin Phoenix

ब्रिटिश फ़िल्मकार सैम मैंडेस की युद्ध आधारित ड्रामा फ़िल्म ‘1971’ बाफ़्टा 2020 में भले ही सात पुरस्कार अपने नाम करने में कामयाब रही लेकिन अभिनेता जे फ़ीनिक्स का दिल जीतने में नाकाम रही।

बाफ़्टा में फ़िल्म ‘जोकर’ के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का पुरस्कार जीतने वाले फ़ीनिक्स ने फिल्म ‘1971’ के बोलबाले को ‘‘सुनियोजित नस्लवाद’’ क़रार दिया।

फ़ीनिक्स ने फ़िल्म जगत पर अश्वेत लोगों का स्वागत ना करने का आरोप लगाया।

‘ब्रिटिश एकेडमी ऑफ़ फ़िल्म एंड टेलीविज़न’ (बाफ़्टा) और ‘एकेडमी ऑफ़ मोशन पिक्चर्स आर्ट्स एंड साइंसेज़’ के नामांकन की घोषणा के बाद से ही उसके नामांकन में श्वेतों के बोलबाले और विविधता की कमी को लेकर भारी आलोचना की जा रही थी।

अभिनय संबंधी श्रेणियों में अश्वेत लोगों के नामांकन की कमी और निर्देशन की श्रेणी में एक भी महिला के ना होने की भी आलोचना की गई।

फ़ीनिक्स ने ‘रॉयल एल्बर्ट हॉल’ के मंच से कहा, "मुझे नहीं लगता कि कोई भी ख़ुद को हाथों हाथ लिए जाना या खास तरह के व्यवहार की अपेक्षा करता है, हालांकि हमारे साथ हर साल ऐसा ही व्यवहार होता है। मुझे लगता है कि लोग चाहते हैं कि उन्हें उनके काम के लिए पहचाना, सराहा और सम्मान दिया जाए।’’

उन्होंने कहा, ‘‘ यह ख़ुद अपनी निंदा करने जैसा नहीं है क्योंकि मुझे यह कहते हुए शर्म आ रही है कि मैं भी इस समस्या का हिस्सा हूं।’’

अभिनेता ने कहा, ‘‘ मैंने यह सुनिश्चित करने के लिए कुछ नहीं किया कि मैं जिस सेट पर काम कर रहा हूं वह समावेशी हो... बल्कि मेरा मानना है कि इन सेट को सभी संस्कृतियों का स्वागत करने वाला होना चाहिए । हमें सुनियोजित नस्लवाद समझने के लिए कड़ी मेहनत करने की ज़रूरत है। मुझे लगता है कि यह उन लोगों का दायित्व है जिन्होंने उत्पीड़न की एक प्रणाली तैयार की और उसका फ़ायदा उठाया। हमें यह करना होगा।’’

(भाषा से इनपुट के साथ)

Joaquin Phoenix
Todd Phillips
Brad Pitt
BAFTA

Related Stories


बाकी खबरें

  • kisan
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    लखीमपुर हत्याकांड: देशभर में मनाया गया शहीद किसान दिवस, तिकोनिया में हुई ‘अंतिम अरदास’
    12 Oct 2021
    तिकोनिया में शहीद किसानों को याद में ‘अंतिम अरदास’ कार्यक्रम आयोजित किया गया जिसमें किसान नेताओं के साथ विभिन्न राज्यों के किसान और भारी संख्या में अन्य आम लोग यहां पहुंचे।
  • covid
    भाषा
    विशेषज्ञ पैनल ने दो साल तक के बच्चों के लिए कोवैक्सीन के आपात इस्तेमाल को मंजूरी देने की सिफारिश की
    12 Oct 2021
    हैदराबाद स्थित भारत बायोटेक ने दो से 18 साल तक के बच्चों एवं किशोरों में इस्तेमाल के लिए कोविड-19 रोधी टीके कोवैक्सीन के 2/3 चरण का परीक्षण पूरा कर लिया है।
  • Will Damodar River Again be Bengal’s ‘Sorrow
    रबींद्र नाथ सिन्हा
    क्या दामोदर नदी फिर से बंगाल का 'शोक' बनेगी?
    12 Oct 2021
    5 अक्टूबर को ममता बनर्जी ने प्रधानमंत्री को ख़त लिखते हुए बाढ़ की स्थितियों में आपात हस्तक्षेप की मांग की। उन्होंने दामोदर घाटी निगम के अनियोजित और अनियंत्रित पानी छोड़ने की गतिविधि को दक्षिण बंगाल…
  • taliban
    न्यूज़क्लिक टीम
    तालिबान पर अमेरिकी दांव, EU-नेटो-चीन के बीच कूटनीति
    12 Oct 2021
    'पड़ताल दुनिया भर की' में वरिष्ठ पत्रकार भाषा सिंह ने तालिबान से अमेरिकी अधिकारियों की बातचीत के कूटनीतिक मायनों पर न्यूज़क्लिक के प्रधान संपादक प्रबीर पुरकायस्थ से बातचीत की। साथ ही जर्मनी में सत्ता…
  • Nobel in Economics
    अजय कुमार
    न्यूनतम मज़दूरी बढ़ने से रोजगार कम नहीं होता : जानिए इस साल के अर्थशास्त्र के नोबेल की कहानी
    12 Oct 2021
    न्यूनतम मज़दूरी बढ़ाने पर रोजगार बढ़ेगा या घटेगा? ऐसे सवालों का जवाब देना बहुत कठिन काम है। इस कठिन काम को जिन अर्थशास्त्रियों ने सुलझाया है। उन्हें ही इस बार का नोबेल पुरस्कार दिया जा रहा है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License