NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
पत्रकार प्रशांत कनौजिया को यूपी पुलिस ने फिर किया गिरफ़्तार
एक्टिविस्ट और स्वतंत्र पत्रकार प्रशांत कनौजिया को यूपी पुलिस ने उनके दिल्ली स्थित आवास से गिरफ्तार किया है। उन पर आरोप है कि उन्होंने विभिन्न समुदायों में वैमनस्य फैलाने वाला ट्वीट किया है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
18 Aug 2020
प्रशांत कनौजिया
फोटो: प्रशांत कनौजिया के फेसबुक वॉल से साभार

दिल्ली: एक्टिविस्ट और स्वतंत्र पत्रकार प्रशांत कनौजिया को एक बार फिर उत्तर प्रदेश पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। उन्हें साउथ दिल्ली स्थित उनके आवास से गिरफ्तार किया गया है। प्रशांत कनौजिया के खिलाफ लखनऊ के हजरतगंज पुलिस स्टेशन में विवादित ट्वीट को लेकर मुकदमा दर्ज कराया गया है।

यह मुकदमा हजरतगंज कोतवाली के दारोगा दिनेश कुमार शुक्ला ने दर्ज कराया है। एफआईआर के मुताबिक दिनेश कुमार का कहना है, 'प्रशांत कन्नौजिया ने अपने ट्वीट में कहा था कि राम मंदिर में शूद्रों, एससी और एसटी का प्रवेश निषेध रहेगा और सभी लोग एक साथ आवाज उठाएंगे।' उनके मुताबिक हिन्दू आर्मी के सुशील तिवारी की ख्याति को हानि पहुंचाने के उद्देश्य से पोस्ट किए गए थे।

एफआईआर के मुताबिक, 'इस प्रकार की आपत्तिजनक पोस्ट विभिन्न समुदायों में वैमनस्य फैलाने वाली, सामाजिक सौहार्द पर प्रतिकूल प्रभाव डालने वाली और धार्मिक भावनाओं को आहत करने वाली है जिससे लोक प्रशांति भंग हो सकती है।' इसके बाद हजरतगंज कोतवाली में 153A, 153B, 420, 465, 468, 469, 500, 505 IT एक्ट आदि के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।

IMG-20200818-WA0048.jpg

IMG-20200818-WA0047_0.jpg

प्रशांत कनौजिया की गिरफ्तारी की भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर आजाद ने आलोचना की है। उन्होंने ट्विटर पर लिखा है, 'बहुजन पत्रकार प्रशांत कनौजिया की गिरफ्तारी उत्तर प्रदेश सरकार के तानाशाह रवैये का प्रमाण है। अब लोगों के लिखने पढ़ने और आवाज उठाने से सरकार को तकलीफ होने लगी है। हम लगातार आपातकाल के दौर से घिरते जा रहे हैं। तत्काल प्रशांत कनौजिया की रिहाई सुनिश्चित की जाय।'

गौरतलब है कि प्रशांत कनौजिया को उत्तर प्रदेश पुलिस ने पिछले साल जून महीने में उनके घर से गिरफ्तार किया था। उन्होंने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को लेकर एक ट्वीट के साथ वीडियो पोस्ट की थी जिसमें एक महिला आदित्यनाथ से अपने प्रेम प्रसंग को लेकर बात कर रही है।

उस समय भी एक पुलिसकर्मी ने ही लखनऊ के हजरतगंज थाने में एफआईआर दर्ज करवाई थी। और प्रशांत पर आईटी एक्ट की धारा 66 और मानहानि की धारा (आईपीसी 500) लगाई गई थी। बाद में धारा 505 को भी जोड़ दिया गया था।

इस मामले को लेकर प्रशांत कनौजिया की पत्नी जगीशा अरोड़ा ने सुप्रीम कोर्ट में गिरफ्तारी के खिलाफ हेबियस कोर्पस के तहत पीटिशन डाली थी। जिसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने प्रशांत कनौजिया को तत्काल जमानत पर रिहा करने के आदेश दे दिए थे। इस मामले में उत्तर प्रदेश पुलिस की काफी किरकिरी हुई थी। 

Prashant kanojia
Activist and freelance journalist
UP police
Chandrashekhar Azad
Yogi Adityanath
BJP

Related Stories

भाजपा के इस्लामोफ़ोबिया ने भारत को कहां पहुंचा दिया?

कश्मीर में हिंसा का दौर: कुछ ज़रूरी सवाल

सम्राट पृथ्वीराज: संघ द्वारा इतिहास के साथ खिलवाड़ की एक और कोशिश

हैदराबाद : मर्सिडीज़ गैंगरेप को क्या राजनीतिक कारणों से दबाया जा रहा है?

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

धारा 370 को हटाना : केंद्र की रणनीति हर बार उल्टी पड़ती रहती है

मोहन भागवत का बयान, कश्मीर में जारी हमले और आर्यन खान को क्लीनचिट

मंडल राजनीति का तीसरा अवतार जाति आधारित गणना, कमंडल की राजनीति पर लग सकती है लगाम 

बॉलीवुड को हथियार की तरह इस्तेमाल कर रही है बीजेपी !

गुजरात: भाजपा के हुए हार्दिक पटेल… पाटीदार किसके होंगे?


बाकी खबरें

  • भाषा
    श्रीलंका में हिंसा में अब तक आठ लोगों की मौत, महिंदा राजपक्षे की गिरफ़्तारी की मांग तेज़
    10 May 2022
    विपक्ष ने महिंदा राजपक्षे पर शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन कर रहे लोगों पर हमला करने के लिए सत्तारूढ़ दल के कार्यकर्ताओं और समर्थकों को उकसाने का आरोप लगाया है।
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    दिवंगत फोटो पत्रकार दानिश सिद्दीकी को दूसरी बार मिला ''द पुलित्ज़र प्राइज़''
    10 May 2022
    अपनी बेहतरीन फोटो पत्रकारिता के लिए पहचान रखने वाले दिवंगत पत्रकार दानिश सिद्दीकी और उनके सहयोगियों को ''द पुल्तिज़र प्राइज़'' से सम्मानित किया गया है।
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    लखीमपुर खीरी हत्याकांड: आशीष मिश्रा के साथियों की ज़मानत ख़ारिज, मंत्री टेनी के आचरण पर कोर्ट की तीखी टिप्पणी
    10 May 2022
    केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्र टेनी के आचरण पर तीखी टिप्पणी करते हुए कहा है कि यदि वे इस घटना से पहले भड़काऊ भाषण न देते तो यह घटना नहीं होती और यह जघन्य हत्याकांड टल सकता था।
  • विजय विनीत
    पानी को तरसता बुंदेलखंडः कपसा गांव में प्यास की गवाही दे रहे ढाई हजार चेहरे, सूख रहे इकलौते कुएं से कैसे बुझेगी प्यास?
    10 May 2022
    ग्राउंड रिपोर्टः ''पानी की सही कीमत जानना हो तो हमीरपुर के कपसा गांव के लोगों से कोई भी मिल सकता है। हर सरकार ने यहां पानी की तरह पैसा बहाया, फिर भी लोगों की प्यास नहीं बुझ पाई।''
  • लाल बहादुर सिंह
    साझी विरासत-साझी लड़ाई: 1857 को आज सही सन्दर्भ में याद रखना बेहद ज़रूरी
    10 May 2022
    आज़ादी की यह पहली लड़ाई जिन मूल्यों और आदर्शों की बुनियाद पर लड़ी गयी थी, वे अभूतपूर्व संकट की मौजूदा घड़ी में हमारे लिए प्रकाश-स्तम्भ की तरह हैं। आज जो कारपोरेट-साम्प्रदायिक फासीवादी निज़ाम हमारे देश में…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License