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केरल बजट : इसाक ने कहा हम महात्‍मा गांधी के हत्‍यारे को नहीं भूलेंगे!
इसाक ने कहा, "संदेश यह है कि हाँ, हमें याद है। उस महात्मा की हत्या हिंदू सांप्रदायिकों द्वारा की गई थी, जो आज सत्ताधारी पार्टी और केंद्र सरकार के पूजनीय हैं।"  
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
07 Feb 2020
keralabudget

देश में वर्तमान ध्रुवीकरण के माहौल में केरल की वाम नेतृत्व वाली राज्य सरकार ने बजट पेश किया। केरल बजट के कवर पेज ने एक सरकारी दस्तावेज़ के पारंपरिक रूप को तोड़। कवर पेज पर गांधी की हत्या की एक पेंटिंग प्रकाशित की गई थी।

शुक्रवार को केरल के वित्त मंत्री थॉमस इसाक ने 2020-21 के लिए बजट पेश करते हुए कहा था कि बजट दस्तावेजों के कवर पर चित्र को महात्‍मा गांधी के मर्डर के दृश्‍य टॉम वट्टाकुझी द्वारा उस क्षण को कैप्चर किया गया था जब 30 जनवरी, 1948 गांधी की नाथूराम गोडसे द्वारा हत्या कर दी गई थी।

वास्तव में, इसाक का भाषण राजनीतिक प्रहारों से भरा हुआ था। उन्होंने कहा कि पूरा केरल भारतीय जनता पार्टी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार के नागरिकता संशोधन अधिनियम (सीएए) के ख़िलाफ़ एकजुट है, जो मुसलमानों के साथ भेदभाव करता है।

इसाक ने कहा, "पेंटिंग 'डेथ ऑफ गांधी', केंद्र को एक संदेश भेजने के लिए है। हम एक संदेश भेज रहे हैं कि हम महात्‍मा गांधी के हत्‍यारे को नहीं भूलेंगे।"

इसाक ने मीडियाकर्मियों से कहा, "संदेश यह है कि हां, हमें याद है। उन महात्मा की हत्या हिंदू सांप्रदायिकों द्वारा की गई थी, जो आज सत्ताधारी पार्टी और केंद्र सरकार के पूजनीय हैं।"  

आपको बता दें कि लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट द्वारा चलाई जा रही केरल सरकार ने सबसे पहले प्रस्ताव पारित किया था और सीएए को खारिज कर दिया था। इसमें विपक्षी कांग्रेस के नेतृत्व वाले यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट ने भी साथ दिया था। देश भर में व्यापक विरोध के बीच अब तक पांच राज्य सरकारों ने सीएए के ख़िलाफ़ प्रस्ताव पारित किए हैं।

इसाक ने मिडिया से बात करते हुए कहा, "केंद्र सरकार जिस तरह का तनाव पैदा कर रही है, वह ऐसी चीज़ है जिसे आप नज़रअंदाज़ नहीं कर सकते। उनके लिए, नेशनल रजिस्टर ऑफ़ सिटिज़न्स को लागू करना सबसे बड़ा और सबसे जरूरी सुधार है। यह विभाजनकारी है, जिसका उद्देश्य सांप्रदायिक आधार पर आबादी को बाँटना है।

बजट में क्या कहा?

बजट में भूमि की क़ीमत और जन कल्याणकारी पेंशन को बढ़ाया गया है। वित्त मंत्री ने कहा कि जो सरकारी उपक्रम 2015-16 में 213 करोड़ का घाटा झेल रहे थे वो अब 102 करोड़ के मुनाफ़े में हैं।

बजट में तटीय इलाक़ों के विकास के लिए 1,000 करोड़ रुपये, लोक निर्माण विभाग के लिए 1,500 करोड़ रुपये, ग्रामीण सड़क परियोजनाओं के लिए 1,000 करोड़ रुपये और पेयजल परियोजनाओं के लिए 4,383 करोड़ रुपये का आवंटन किया गया है। 

इसके अलावा आशा कार्यकर्ताओं के मानदेय में 500 रुपए और सभी वेलफेयर पेंशन में 100 रुपये में वृद्धि की गई है। 

जेंडर बजटिंग के तहत 1,509 करोड़ महिलाओं को केंद्रित करने वाली परियोजनाओं के लिए आवंटित किया गया है। महिला फिल्म निर्देशकों के लिए 3 करोड़ की वित्तीय सहायता के साथ ट्रांसजेंडर व्यक्तियों के कल्याण के उद्देश्य से इंद्रधनुष परियोजना के लिए 5 करोड़ रुपए प्रस्तावित किए गए हैं।

बजट के अनुसार बेघरों के लिए 1 लाख फ्लैट बनाए जाएंगे। प्रदेश में कुदुम्बश्री द्वारा 1000 होटलों की स्थापना होगी, जो सिर्फ 25 रूपए में भोजन मुहैया कराएंगे। इसके साथ ही केरल राज्य ड्रग्स एंड फार्मास्यूटिकल्स (KSDP) अंग दान सर्जरी और कैंसर के लिए कम लागत वाली दवाओं का उत्पादन करेगा।

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Kerala Budget
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Protest against CAA
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