NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
केरल : विजयन ने राज्यसभा चुनाव टालने के निर्वाचन आयोग के फैसले पर आपत्ति जताई
विजयन ने कहा, “निर्वाचन आयोग ने चुनाव की प्रक्रिया शुरू कर दी थी। लेकिन अचानक इसे रोक दिया गया। इस तरह के फैसले को सिर्फ देश के लोकतंत्र और संविधान पर हमले के तौर पर देखा जा सकता है।”  
भाषा
25 Mar 2021
 विजयन

कोल्लम (केरल) : प्रदेश से राज्यसभा की तीन सीटों के चुनाव कार्यक्रम को केंद्र की तरफ से कुछ मुद्दों को लेकर लाल झंडी दिखाए जाने के बाद निर्वाचन आयोग द्वारा इन्हें टाले जाने के फैसले पर केरल के मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने बृहस्पतिवार को कड़ी आपत्ति जताई।

राज्यसभा की तीन सीटों के लिये चुनाव को टालने के निर्वाचन आयोग के फैसले के एक दिन बाद उनकी यह प्रतिक्रिया आई।

इन तीन सीटों पर फिलहाल आईयूएमएल के अब्दुल वहाब, माकपा के केके राजेश और कांग्रेस के वायलार रवि काबिज हैं। ये तीनों राज्यसभा सदस्य 21 अप्रैल को सेवानिवृत्त हो रहे हैं।

इन सीटों के लिये चुनाव 12 अप्रैल को होने थे और अधिसूचना बुधवार को जारी होनी थी।

विजयन ने कहा, “निर्वाचन आयोग ने चुनाव की प्रक्रिया शुरू कर दी थी। लेकिन अचानक इसे रोक दिया गया। इस तरह के फैसले को सिर्फ देश के लोकतंत्र और संविधान पर हमले के तौर पर देखा जा सकता है।”

केंद्र में भाजपा के नेतृत्व वाली राजग सरकार पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि उसे चुनाव निकाय के मामलों में दखल देने का कोई अधिकार नहीं है।

मुख्यमंत्री ने एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि संविधान के अनुच्छेद 324 में कहा गया है कि संसद, राज्य विधानसभा, राष्ट्रपति और उप राष्ट्रपति का चुनाव कराने के अधीक्षण, निर्देशन और नियंत्रण की शक्ति निर्वाचन आयोग में निहित हैं।

Kerala
election commission
Pinrayi Vijayan

Related Stories

कोरोना अपडेट: केरल, महाराष्ट्र और दिल्ली में फिर से बढ़ रहा कोरोना का ख़तरा

सीपीआईएम पार्टी कांग्रेस में स्टालिन ने कहा, 'एंटी फ़ेडरल दृष्टिकोण का विरोध करने के लिए दक्षिणी राज्यों का साथ आना ज़रूरी'

सीताराम येचुरी फिर से चुने गए माकपा के महासचिव

केरल में दो दिवसीय राष्ट्रव्यापी हड़ताल के तहत लगभग सभी संस्थान बंद रहे

विज्ञापन में फ़ायदा पहुंचाने का एल्गोरिदम : फ़ेसबुक ने विपक्षियों की तुलना में "बीजेपी से लिए कम पैसे"  

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में कोरोना के 7,554 नए मामले, 223 मरीज़ों की मौत

ख़बरों के आगे-पीछे: विपक्ष को पोस्टल बैलेट में खेल होने का डर

केरल : वीज़िंजम में 320 मछुआरे परिवारों का पुनर्वास किया गया

किसी मुख्यमंत्री के लिए दो राज्यों की तुलना करना उचित नहीं है : विजयन

ख़बरों के आगे-पीछे: चुनाव आयोग की साख पर इतना गंभीर सवाल!


बाकी खबरें

  • AUKUS May put NATO’s Future into Question
    जेम्स डब्ल्यू कार्डेन
    नाटो के भविष्य को संकट में डाल सकता है एयूकेयूएस 
    25 Sep 2021
    इस डील के परिणामस्वरूप दो ऐतिहासिक साझीदारों, अमेरिका एवं फ्रांस के संबंधों में गंभीर दरार आ गई है। इससे नाटो को भी आनुषांगिक रूप से घाटा हो सकता है।
  • Tamil Nadu
    नीलाबंरन ए
    तमिलनाडु के मछुआरे समुद्री मत्स्य उद्योग विधेयक के ख़िलाफ़ अपना विरोध तेज़ करेंगे
    25 Sep 2021
    मछुआरे समुदाय का आरोप है कि विधेयक और ब्ल्यू इकॉनमी मसौदा नीति कॉर्पोरेट संस्थाओं के हितों का पक्षपोषण करती है।
  • Afghanistan
    एम. के. भद्रकुमार
    क्या शांति की ओर बढ़ रहा है अफ़ग़ानिस्तान?
    25 Sep 2021
    अफ़गान अर्थव्यवस्था को उबारने में चीन की तत्परता एक बिल्कुल नया कारक है। अब बाइडेन प्रशासन अफ़गानिस्तान और मध्य एशिया में और अधिक उलझावों में शामिल नहीं होना चाहता है, इन हालत में अफ़गानिस्तान के पड़ोसी…
  • Kannur University
    सुचिंतन दास
    नहीं पढ़ने का अधिकार
    25 Sep 2021
    नफ़रत और कट्टरता से भरी बातों को पढ़ने से इनकार कर के कन्नूर विश्वविद्यालय के छात्रों ने इस सिलेबस की समीक्षा करने और इसके ज़रिये शासन की विस्तारात्मक नीति का  विरोध कर अहम राजनीतिक कार्य को अंजाम…
  • Harshil farmers
    वर्षा सिंह
    हर्षिल के सेब किसानों की समस्याओं का हल क्यों नहीं ढूंढ पायी उत्तराखंड सरकार
    25 Sep 2021
    हर्षिल के काश्तकारों ने इस महोत्सव का सीधे तौर पर बायकॉट कर दिया। महोत्सव शुरू होने के चार रोज़ पहले से ही हर्षिल में धरना-प्रदर्शन शुरू हो गया था। महोत्सव के दिन हर्षिल में किसानों ने ढोल-दमाऊं जैसे…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License