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भारत
राजनीति
हिंदुत्व एजेंडे से उत्पन्न चुनौती का मुकाबला करने को तैयार है वाम: येचुरी
सम्मेलन के समापन समारोह को संबोधित करते हुए येचुरी ने सभी धर्मनिरपेक्ष ताकतों को एकजुट करने और माकपा की ताकत में उल्लेखनीय वृद्धि करने का आह्वान किया। साथ ही उन्होंने केंद्र में भाजपा व उसकी सरकार द्वारा पेश की गई चुनौती का प्रभावी ढंग से मुकाबला करने के लिए पार्टी की राजनीतिक क्षमता को बढ़ाने की आवश्यकता पर जोर दिया।
भाषा
11 Apr 2022
yechuri

मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) के महासचिव सीताराम येचुरी ने रविवार को भाजपा और आरएसएस पर निशाना साधते हुए कहा कि वाम दल इनके कथित हिंदुत्व सांप्रदायिक एजेंडे से उत्पन्न चुनौती से निपटने के लिये दृढ़ हैं। येचुरी ने कहा कि इसके लिये वाम दल ने सभी धर्मनिरपेक्ष ताकतों से साथ आने का अनुरोध किया, लेकिन कांग्रेस जैसी कुछ पार्टियों ने पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है।

येचुरी ने कहा कि कांग्रेस ने न केवल कोई प्रतिक्रिया देने से परहेज किया, बल्कि अपने उन नेताओं के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की धमकी भी दी, जो कन्नूर में माकपा के 23वें सम्मेलन के तहत देश के धर्मनिरपेक्ष, लोकतांत्रिक व संघीय चरित्र की रक्षा को लेकर आयोजित चर्चा में भाग लेना चाहते थे।

सम्मेलन के समापन समारोह को संबोधित करते हुए येचुरी ने सभी धर्मनिरपेक्ष ताकतों को एकजुट करने और माकपा की ताकत में उल्लेखनीय वृद्धि करने का आह्वान किया। साथ ही उन्होंने केंद्र में भाजपा व उसकी सरकार द्वारा पेश की गई चुनौती का प्रभावी ढंग से मुकाबला करने के लिए पार्टी की राजनीतिक क्षमता को बढ़ाने की आवश्यकता पर जोर दिया।

उन्होंने कहा, ''हमने सभी धर्मनिरपेक्ष ताकतों से इस चुनौती का सामना करने के लिए साथ आने की अपील की है। लेकिन यह इन धर्मनिरपेक्ष ताकतों पर निर्भर करता है कि वे इस अवसर पर साथ आते हैं या नहीं।''

येचुरी ने कहा, ''हम चाहते हैं कि सभी धर्मनिरपेक्ष ताकतें एक साथ आएं, लेकिन जब कांग्रेस जैसी पार्टियों को इसके लिये आमंत्रित किया जाता है, तो वे जवाब नहीं देतीं बल्कि अगर उनका कोई नेता (चर्चा) में शामिल होना चाहता है, तो अनुशासनात्मक कार्रवाई की धमकी दी जाती है। इसलिए, हम कांग्रेस से कहते हैं कि यदि वह एक धर्मनिरपेक्ष ताकत है, जैसा कि वह दावा करती है, तो उसे अपना रुख तय करना होगा।''

CPI(M)
Sitaram yechury
Hindutva Agenda

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