NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
अपराध
उत्पीड़न
अंतरराष्ट्रीय
अफ्रीका
"लीबिया में विदेशी लड़ाके और विदेशों से वेतन प्राप्त सैनिक पर युद्ध अपराधों के लिए मुक़दमा चलेगा"
देश के आधिकारिक और ग़ैर आधिकारिक हिरासत केंद्रों में अवैध रूप से हिरासत में लिए गए लोगों को रिहा करने के लिए पिछले हफ़्ते लीबिया के सशस्त्र गुटों और विदेशी लड़ाकों से संयुक्त राष्ट्र द्वारा किए गए आग्रह को आईसीसी ने दोहराया।
पीपल्स डिस्पैच
19 May 2021
Libya

अंतरराष्ट्रीय अपराध न्यायालय (आईसीसी) ने लीबिया में वर्तमान में मौजूद सभी विदेशी लड़ाके और विदेशों से वेतन प्राप्त सैनिकों को चेतावनी जारी की है कि लीबिया के क्षेत्र में उनके द्वारा किए गए युद्ध अपराधों और मानवाधिकारों के उल्लंघन के लिए उन्हें मुकदमा का सामना करना पड़ सकता है। आईसीसी ने यह भी मांग की है कि वे लीबिया में हत्या, यातना, यौन और लिंग आधारित हिंसा, जबरन और मनमाने ढंग से हिरासत में रखने और गायब होने जैसे अपराधों के लिए हिरासत केंद्रों का इस्तेमाल करना बंद कर दें।

17 मई को जारी एक बयान में आईसीसी के मुख्य अभियोजक फतोउ बेंसौदा ने कहा कि "कार्यालय को लीबिया में विदेशों से वेतन प्राप्त सैनिकों और विदेशी लड़ाकों की गतिविधियों के बारे में जानकारी मिली है। लीबियाई क्षेत्र में विदेशों से वेतन प्राप्त सैनिकों और विदेशी लड़ाकों द्वारा किए गए अपराध अदालत के अधिकार क्षेत्र में आ सकते हैं, चाहे इसमें शामिल व्यक्तियों की राष्ट्रीयता कोई भी हो।" इस बयान में कहा गया है कि आईसीसी के पास देश भर में आधिकारिक और गैर आधिकारिक हिरासत केंद्रों में विदेशी लड़ाकों द्वारा किए गए गंभीर अपराधों के बारे में विश्वसनीय जानकारी है।

आईसीसी की ये चेतावनी संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस द्वारा संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद को दिए एक रिपोर्ट में खुलासा करने के कुछ ही दिनों बाद आई है जिसमें पता चला है कि लीबिया में विदेशी लड़ाके मौजूद हैं और युद्धविराम समझौते के घोर उल्लंघन में सक्रिय हैं। ये समझौता युद्धरत दलों ने पिछले साल अक्टूबर में किया था।

दिसंबर 2020 के संयुक्त राष्ट्र के आंकड़ों के अनुसार लीबिया में कम से कम 20,000 विदेशी लड़ाके हैं जिनमें से अधिकांश सूडान, चैड, सीरिया, तुर्की और रूस से हैं। हालांकि अनौपचारिक सूत्रों का कहना है कि ये संख्या काफी अधिक है। संयुक्त राष्ट्र का यह भी कहना है कि बिना किसी उचित प्रक्रिया के 28 लीबिया की आधिकारिक जेलों में लगभग 8,850 लोग अवैध हिरासत में हैं और महिलाओं और बच्चों सहित अन्य 10,000 लोगों को सशस्त्र गुटों के नियंत्रण वाले हिरासत केंद्रों में रखा गया है।

पिछले हफ्ते गुटेरेस ने प्रवासियों और शरणार्थियों के भी अवैध हिरासत जैसे मानवाधिकारों के उल्लंघन के शिकार होने के बारे में चिंता जाहिर की थी और लीबिया के अधिकारियों से तत्काल उन्हें रिहा करने के लिए कदम उठाने का आग्रह किया था। इसी मामले में बेंसौडा ने अपने बयान में उनकी अपील का सहमति व्यक्त करते हुए कहा, "मैं लीबिया में संघर्षरत सभी पक्षों से आग्रह करती हूं कि वे नागरिकों के खिलाफ दुर्व्यवहार और अपराध के मामले में हिरासत केंद्रों के इस्तेमाल को तुरंत समाप्त कर दें।"

libya
Libyan Civil War
International Court of Justice
United nations

Related Stories


बाकी खबरें

  • क्या नीतीश सरकार बिहार को विशेष राज्य का दर्जा दिलाने में नाकाम हो गई?
    एम.ओबैद
    क्या नीतीश सरकार बिहार को विशेष राज्य का दर्जा दिलाने में नाकाम हो गई?
    29 Sep 2021
    नीतीश सरकार के योजना एवं विकास मंत्री ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि "यह मांग पुरानी हो चुकी है। ...अब हम विशेष राज्य के दर्जे की मांग नहीं करेंगे। बिहार के हर क्षेत्र में विशेष सहायता की मांग की…
  • yogi
    अनुराग तिवारी
    सरकारी विज्ञापनों की बाढ़ में बहाए जा रहे बेहिसाब पैसों की लोकतांत्रिक लिहाज़ से जांच-पड़ताल
    29 Sep 2021
    इस मुद्दे पर सुप्रीम कोर्ट ज़्यादातर चुप ही रहा है, ऐसा इसलिए क्योंकि सुप्रीम कोर्ट इन विज्ञापनों के कथित तौर पर 'सूचनात्मक' होने को अहमियत देने के लिए मजबूर है।
  • AUKUS
    न्यूज़क्लिक टीम
    आकुस के बहाने अमेरिका चीन ही नहीं, दुनिया को डाल रहा ख़तरे में
    28 Sep 2021
    पड़ताल दुनिया भर की में वरिष्ठ पत्रकार भाषा सिंह ने अमेरिका- ब्रिटेन-ऑस्ट्रेलिया (आकुस-AUKUS) समझौते में छिपे परमाणु हथियारों की होड़ की आशंका के बारे में न्यूज़क्लिक के प्रधान संपादक प्रबीर…
  • daily
    न्यूज़क्लिक टीम
    क्या भारत बंद से डरी सरकार, चुनाव आयोग, भगत सिंह और कोरोना अपडेट
    28 Sep 2021
    न्यूज़क्लिक के डेली राउंडअप में आज हम बात करेंगे 'भारत बंद’ के देशव्यापी असर की , चुनाव आयोग द्वारा घोषित उपचुनावों की, भगत सिंह जयंती और कोरोना मामलों की।
  • Modi Biden
    न्यूज़क्लिक टीम
    बाइडन के बयान पर अमेरिकी मीडिया की तीखी प्रतिक्रिया
    28 Sep 2021
    जो बाइडन ने भारतीय मीडिया को ज़्यादा सभ्य बताया था जिसपर आज वाइट हाउस को तीखे सवालों का सामना करना पड़ा। इसे मुद्दे पर न्यूज़क्लिक ने परंजॉय गुहा ठाकुरता से बातचीत की।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License