NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
अमेरिका
‘झूठे दावों’ के बाद अमेरिकी टीवी चैनलों ने ट्रंप का लाइव भाषण बीच में रोका
कई अमेरिकी टीवी चैनलों ने गुरुवार की देर रात राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के लाइव कवरेज को अचानक बंद कर दिया। टीवी चैनलों ने साफ़ कहा कि राष्ट्रपति ट्रंप चुनाव में अपनी हार को देखते हए बिना किसी सुबूत के मनगढ़ंत आरोप लगा रहे हैं।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
06 Nov 2020
cartoon click

कई अमेरिकी टीवी चैनलों ने गुरुवार की देर रात राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के लाइव कवरेज को अचानक बंद कर दिया। टीवी चैनलों ने साफ़ कहा कि राष्ट्रपति ट्रंप चुनाव में अपनी हार को देखते हए बिना किसी सुबूत के मनगढ़ंत आरोप लगा रहे हैं। कई चैनलों ने इसके बाद उनकी बातों का फेक्ट चेक भी किया।

न्यूयॉर्क से समाचार एजेंसी एपी की ख़बर के अनुसार मीडिया संगठन ‘एबीसी’, ‘सीबीएस’ और ‘एनबीसी’ अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के उस संबोधन से दूरी बनाते दिखे, जिसमें वह राष्ट्रपति चुनाव को उनसे चुराने का आरोप लगा रहे थे।

‘एमएसएनबीसी’ के ब्रायन विलियम्स ने भी राष्ट्रपति के भाषण को बीच में रोका। वहीं ‘फॉक्स न्यूज चैनल’ और ‘सीएनएन’ ने उनका पूरा संबोधन प्रसारित किया।

संबोधन के बाद ‘सीएनएन’ के एंडरसन कूपर ने कहा कि ट्रंप एक ऐसे आलसी कछुए की तरह पेश आ रहे हैं, जिसे पता हो की उसका समय समाप्त हो चुका है और वह अब आराम कर रहा हो।

कई मीडिया संगठनों के लोगों ने मतदान के दिन आधी रात को गुस्से में दिए ट्रंप के भाषण की काफी आलोचना की थी, लेकिन उनके संबोधन को पूरा प्रसारित किया था। बृहस्पतिवार को ट्रंप उतने गुस्से में नजर नहीं आए लेकिन चुनाव, डाक-मतपत्रों को ‘दबाने’, और धोखाधड़ी की बात करते रहे, लेकिन किसी भी तथ्य का स्पष्ट वर्णन नहीं किया।

‘एनबीसी’ के लेस्टेर होल्ट ने कहा, ‘‘ हमें इसे रोकना ही था, क्योंकि राष्ट्रपति ने चुनाव में धोखाधड़ी सहित कई गलत बयान दिए थे। उनके कोई सबूत मौजूद नहीं हैं।’’

सीबीसी की नोराह ओडोनेल ने संबोधन को बीच में रोकते हुए संवाददाता नैंसी कोर्डस से ट्रंप के उस दावे की जांच करने को कहा, जिसमें उन्होंने कहा था कि अगर ‘‘वैध मतों’’ की गिनती हुई तो वह आसानी से चुनाव जीत जाएंगे। इस पर कोर्डस ने कहा कि अवैध वोटों की बड़ी संख्या का कोई संकेत नहीं है और वोटों के देर से पहुंचने के मामले में ट्रंप का संदर्भ ‘‘एक और झूठ’’ था।

‘एमएसएनबसी’ ने भी संबोधन को बीच में रोका और एंकर ब्रायन विलियम्स ने कहा, ‘‘ हम एक बार फिर एक असामान्य स्थिति में हैं, जहां हम ना केवल अमेरिका के राष्ट्रपति के संबोधन को रोक रहे हैं बल्कि अमेरिका के राष्ट्रपति के तथ्यों को सही भी कर रहे हैं।’’

उन्होंने कहा, ‘‘ हमें पता है कि कोई अवैध वोट नहीं है, और हमें पता है कि ट्रंप जीतने भी नहीं वाले।’’

‘एबीसी’ के कवरेज समाप्त करने के बाद व्हाइट हाउस में उनके संवाददाता जोनाथन कार्ल ने कहा कि अवैध वोट के संबंध में कोई सबूत मौजूद नहीं है।

america election 2020
Donand Trump
American Media

Related Stories

क़यामत का एक निरर्थक गिरजाघर

अमेरिका : साम्राज्यवाद-विरोधियों ने चीन को निशाना बना रहे सीनेट बिल का विरोध किया

फ़िलिस्तीनियों ने यूएनआरडब्ल्यूए को मिलने वाली सहायता बहाल करने के अमेरिकी फैसले का स्वागत किया

अप्रवासी बच्चों के डिटेंशन सेंटर को फिर से खोलने के बाइडन के प्रयास को लेकर यूएस में नाराज़गी

अमेरिका ने यूएनएससी को ईरान के ख़िलाफ़ अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंधों को लेकर लिखे पत्र को वापस लिया

ट्रंप दूसरी बार बरी, रिपब्लिकन का विभाजन बढ़ा

ट्रंप कभी इस्तेमाल नहीं कर सकेंगे ट्विटर : ट्विटर

टीकाकरण: साथ डूबेंगे या साथ उबरेंगे, पर धनी देश क्या वाकई यह समझेंगे

ट्रंप का फैसला पलटकर संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद से फिर जुड़ेंगे बाइडन

सऊदी अरब व यूएई को हथियार बेचने के ट्रम्प प्रशासन के फैसले को यूएस ने निलंबित किया


बाकी खबरें

  • liquor
    डॉ. द्रोण कुमार शर्मा
    तिरछी नज़र: शराब भली चीज है, जी भर के पीजिए!
    30 Jan 2022
    शराब जब वोट डालने से एक दो दिन पहले पिलाई जाये तो वह वोटर पटाने के लिए होती है पर जब उसका बंदोबस्त पूरे पांच साल के लिए किया जाये तो वह शराब और शराबियों के प्रति सम्मान प्रकट करने के लिए ही होता है।
  • pegasus
    अजय कुमार
    क्या पेगासस जासूसी सॉफ्टवेयर के लिए भारत की संप्रभुता को गिरवी रख दिया गया है?
    30 Jan 2022
    न्यूयॉर्क टाइम्स का खुलासा कि मोदी सरकार ने पेगासस जासूसी सॉफ्टवेयर इजराइल से खरीदा है। यह खुलासा मोदी सरकार के इस इंकार को झूठा साबित करता है कि पेगासस से मोदी सरकार का कोई लेना-देना नहीं।
  • Sabina Martin
    राज कुमार
    सबिना मार्टिन से ख़ास बातचीत: गोवा चुनाव और महिलाओं का एजेंडा
    30 Jan 2022
    लोगों के जो वास्तविक मुद्दे हैं वो चुनाव चर्चा में अपनी जगह बनाने की जद्दो-जहद कर रहे हैं। ऐसा ही एक अहम मुद्दा है जेंडर का। महिलाओं के अधिकार, सुरक्षा, न्याय और गोवा में महिलाओं से जुड़े अन्य…
  • Mahatma Gandhi
    अरुण कुमार त्रिपाठी
    शहीद दिवस: मारकर भी गांधी से क्यों डरते हैं हत्यारे
    30 Jan 2022
    गांधी की शहादत के दिन क्यों उनकी हत्या और हत्यारों के समर्थक सक्रिय हो जाते हैं और विभिन्न मंचों पर अपनी विचारधारा और कृत्य का प्रदर्शन करते हैं?
  • HafteKiBaat
    न्यूज़क्लिक टीम
    पेगासस का पेंच, रेलवे नौकरी के परीक्षार्थियों की पीड़ा और चुनावी ख़बरें
    29 Jan 2022
    हफ्ते की बात के नये एपिसोड में वरिष्ठ पत्रकार उर्मिलेश चर्चा कर रहे हैं चार बड़ी खबरों पर. ये हैं: पेगासस जासूसी कांड में न्यूयॉर्क टाइम्स का रहस्योद्घाटन, RRB-NTPC नौकरी के परीक्षार्थियों पर भयानक…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License