NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
लॉकडाउन : जेएनयू में भी लगी कड़ी पाबंदियां
दिल्ली सरकार ने राजधानी में गत सोमवार रात 10 बजे से 26 अप्रैल को सुबह पांच बजे तक के लिए लॉकडाउन की घोषणा की है। इसके मद्देनजर ही जेएनयू परिसर में नई पाबंदियों का ऐलान किया गया है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट/भाषा
20 Apr 2021
 लॉकडाउन : जेएनयू में भी लगी कड़ी पाबंदियां
फोटो साभार: indian express

नयी दिल्ली:  कोरोना वायरस का संक्रमण फैलने से रोकने के लिए दिल्ली में लगाए गए एक हफ्ते के लॉकडाउन के मद्देनजर जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) ने सख्त दिशा-निर्देश जारी कर, परिसर में कई तरह के प्रतिबंध लागू किए हैं।

दिल्ली सरकार ने राजधानी में गत सोमवार रात 10 बजे से 26 अप्रैल को सुबह पांच बजे तक के लिए लॉकडाउन की घोषणा की है। इसके मद्देनजर ही जेएनयू परिसर में नई पाबंदियों का ऐलान किया गया है।

जेएनयू ने सोमवार को जारी आदेश में कहा कि सभी ढाबों और खानपान स्थलों पर ग्राहकों का प्रवेश निषिद्ध रहेगा हालांकि खाद्य पदार्थ घर पहुंचाने की सेवा चलती रहेगी।

आदेश के मुताबिक, परिसर में फेरीवालों और ‘‘घरेलू सेवक, चालक, माली और कार साफ करने वालों’’ की आवाजाही पर पाबंदी होगी।

विश्वविद्यालय ने इसमें कहा, ‘‘आवासीय क्षेत्र अथवा छात्रावास परिसर के भीतर, किसी अन्य घर या हॉस्टल में जाने पर सख्ती से पाबंदी होगी। कर्फ्यू के दौरान परिसर में आवाजाही पर भी सख्त पाबंदी होगी।’’

इसके मुताबिक, परिसर में भीड़ एकत्रित करने, सम्मेलन करने, स्टेडियम या सड़कों पर सैर आदि करने पर रोक होगी।

सोमवार को विश्वविद्यालय ने लॉकडाउन के दौरान केंद्रीय पुस्तकालय को बंद रखने की घोषणा की थी।

हालांकि आपातकाल एवं आवश्यक सेवाओं से जुड़े लोगों, चिकित्सा आपात स्थिति तथा आवश्यक सामान की आपूर्ति की इजाजत दी गई है।
हालाँकि पिछले हफ़्ते ही जेएनयू प्रशासन ने कैंपस में कई तरह की पाबंदियां लगा दी थी।  प्रशासन ने छात्रों से अपने घर वापस जाने की सलाह दी थी। इसके साथ ही कोरोना के बचाव के लिए मास्क पहनने और बिना काम बहार निकलने पर प्रतिबंध किया था।  कोरोना दिशा निर्देशों को सख़्ती से लागु कराने के लिए सुरक्षाकर्मियों को भी आदेश दिए थे।  

Lockdown
JNU
Delhi
COVID-19
Coronavirus

Related Stories

कोरोना अपडेट: देश में कोरोना ने फिर पकड़ी रफ़्तार, 24 घंटों में 4,518 दर्ज़ किए गए 

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 3,962 नए मामले, 26 लोगों की मौत

आर्थिक रिकवरी के वहम का शिकार है मोदी सरकार

कोरोना अपडेट: देश में 84 दिन बाद 4 हज़ार से ज़्यादा नए मामले दर्ज 

मुंडका अग्निकांड: 'दोषी मालिक, अधिकारियों को सजा दो'

मुंडका अग्निकांड: ट्रेड यूनियनों का दिल्ली में प्रदर्शन, CM केजरीवाल से की मुआवज़ा बढ़ाने की मांग

कोरोना अपडेट: देश में कोरोना के मामलों में 35 फ़ीसदी की बढ़ोतरी, 24 घंटों में दर्ज हुए 3,712 मामले 

कोरोना अपडेट: देश में नए मामलों में करीब 16 फ़ीसदी की गिरावट

धनशोधन क़ानून के तहत ईडी ने दिल्ली के मंत्री सत्येंद्र जैन को गिरफ़्तार किया

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में कोरोना के 2,706 नए मामले, 25 लोगों की मौत


बाकी खबरें

  • lalu
    भाषा
    चारा घोटाला: सीबीआई अदालत ने डोरंडा कोषागार मामले में लालू प्रसाद को दोषी ठहराया
    15 Feb 2022
    अदालत ने 29 जनवरी को मामले में दलीलें सुनने के बाद अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था। प्रसाद को इससे पहले चारा घोटाला के चार अन्य मामलों में 14 साल जेल की सजा सुनाई जा चुकी है।
  • kanpur
    महेश कुमार
    यूपी चुनाव: कानपुर क्या बदलाव के लिए तैयार है?
    15 Feb 2022
    कानपुर शहर को औद्योगिक नगरी के नाम से जाना जाता है लेकिन कोविड महामारी ने कानपुर के उद्योग की कमर तोड़ कर रख दी है। बेरोज़गारी बढ़ गई है। जो मज़दूर काम कर रहे हें उनका वेतन काफी कम हो गया है।
  • Gyana Devi
    तारिक़ अनवर
    यूपी चुनाव: बग़ैर किसी सरकारी मदद के अपने वजूद के लिए लड़तीं कोविड विधवाएं
    15 Feb 2022
    राज्य भर के हज़ारों परिवारों को मुआवज़ा मिलने के कोई आसार नहीं हैं, क्योंकि लोगों के पास स्वास्थ्य सेवा तक पहुंच नहीं है और इसलिए, कोविड-19 संक्रमण के कारण हुई मौत का वे "सबूत" नहीं दे सकते।
  • एम. के. भद्रकुमार
    बाइडेन ने रूस के प्रति अपनी आक्रमकता को कम किया
    15 Feb 2022
    यूक्रेन के राष्ट्रपति वलोडिमिर ज़ेलेंस्की को बाइडेन द्वारा किए गए फ़ोन के बारे में व्हाइट हाउस ने जो बयान जारी किया है वह हालिया अमेरिकी घोषणाओं से अलग है।
  • यूपी चुनाव : किसानों ने कहा- आय दोगुनी क्या होती, लागत तक नहीं निकल पा रही
    एम.ओबैद
    यूपी चुनाव : किसानों ने कहा- आय दोगुनी क्या होती, लागत तक नहीं निकल पा रही
    15 Feb 2022
    "हमें तो खेती करने के लिए और क़र्ज़ ही लेना पड़ रहा है फ़ायदे की तो बात ही छोड़ दीजिए। अभी तो हाल यह हो गया है कि खेती में लागत का पैसा भी नहीं निकल पा रहा है।"
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License