NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
मध्यप्रदेश: हास्य कलाकार मुनव्वर फारुकी ने जमानत के लिए किया उच्च न्यायालय का रुख
उच्च न्यायालय की इंदौर पीठ में फारुकी की ओर से पेश नियमित जमानत याचिका पर सुनवाई की संभावित तिथि 15 जनवरी तय की गई है।
भाषा
14 Jan 2021
मुनव्वर फारुकी
Image courtesy: Social Media

इंदौर (मध्यप्रदेश) : हिंदू देवी-देवताओं को लेकर कथिततौर पर आपत्तिजनक टिप्पणियों के आरोप में गिरफ्तारी के बाद करीब पखवाड़े भर से यहां न्यायिक हिरासत के तहत केंद्रीय जेल में बंद गुजरात के हास्य कलाकार मुनव्वर फारुकी ने जमानत पर रिहाई के लिए मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय की शरण ली है।

आधिकारिक ब्योरे के मुताबिक उच्च न्यायालय की इंदौर पीठ में फारुकी की ओर से पेश नियमित जमानत याचिका पर सुनवाई की संभावित तिथि 15 जनवरी तय की गई है।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि राज्य में सत्तारूढ़ भाजपा की एक स्थानीय विधायक के बेटे की शिकायत पर एक जनवरी को मामला दर्ज करते हुए युवा हास्य कलाकार और चार अन्य लोगों को गिरफ्तार किया गया था।

जिला अदालत के एक मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट और इसके बाद एक सत्र न्यायाधीश फारुकी की जमानत अर्जियां खारिज कर चुके हैं।

फारुकी के गुजरात निवासी ससुर युनूस बद्र ईमानी अपने दामाद की गिरफ्तारी के बाद से इंदौर में हैं और जमानत पर हास्य कलाकार की रिहाई के प्रयासों में जुटे उसके वकीलों के सतत संपर्क में हैं।

ईमानी ने बृहस्पतिवार को "पीटीआई-भाषा" को बताया, "मेरी गत शनिवार और बुधवार को केंद्रीय जेल में फारुकी से मुलाकात हुई थी। इस दौरान उसने अपनी पत्नी और घर-परिवार की खैरियत पूछी।"

उन्होंने कहा कि फारुकी की पत्नी फिलहाल जूनागढ़ में है और जेल अधिकारियों ने न्यायिक हिरासत में बंद हास्य कलाकार से फोन पर उसकी बात कराने से कथित रूप से यह कहते हुए मना कर दिया कि नियम इसकी इजाजत नहीं देते हैं।

केंद्रीय जेल के अधीक्षक राकेश कुमार भांगरे ने फारुकी को लेकर कोई विशिष्ट टिप्पणी किए बगैर बताया, "जेल मैन्युअल के मुताबिक किसी कैदी के कारागार में आने के बाद 90 दिन तक उसका आचरण देखा जाता है। इसके बाद ही उसे फोन पर बातचीत की सुविधा देने पर विचार किया जाता है।"

जिला अदालत में फारुकी की जमानत याचिका पर बहस के दौरान अभियोजन ने प्राथमिकी के इस आरोप पर जोर दिया था कि इंदौर के एक कैफे में एक जनवरी को आयोजित हास्य कार्यक्रम में हिंदू देवी-देवताओं का भद्दा मजाक उड़ाया गया था और यह कार्यक्रम अश्लीलता से भरा था, जबकि इसके दर्शकों में नाबालिग लड़के-लड़कियां भी शामिल थे।

उधर, फारुकी के वकील की ओर से दलील दी गई थी कि प्राथमिकी में हास्य कलाकार के खिलाफ लगाए गए आरोप सरासर "अस्पष्ट" हैं और उसके खिलाफ राजनीतिक दबाव में मामला दर्ज किया गया।

स्थानीय भाजपा विधायक और शहर की पूर्व महापौर मालिनी लक्ष्मणसिंह गौड़ के बेटे एकलव्य सिंह गौड़ ने फारुकी और हास्य कार्यक्रम के आयोजन से जुड़े चार अन्य लोगों के खिलाफ तुकोगंज पुलिस थाने में एक जनवरी की रात मामला दर्ज कराया था। विधायक पुत्र का आरोप है कि इस कार्यक्रम में हिंदू देवी-देवताओं, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और गोधरा कांड को लेकर अभद्र टिप्पणियां की गई थीं। हालंकि दो दिन बाद यानी 3 जनवरी को पुलिस ने कहा कि देवी-देवताओं के अपमान वाला उनका कोई भी वीडियो नहीं मिला।  

चश्मदीदों के मुताबिक एकलव्य अपने साथियों के साथ बतौर दर्शक इस कार्यक्रम में पहुंचे थे। उन्होंने कथित आपत्तिजनक टिप्पणियों के विरोध में जमकर हंगामा किया और कार्यक्रम रुकवाने के बाद फारुकी समेत पांच लोगों को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया था।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि विवादास्पद कार्यक्रम को लेकर पांचों लोगों को भारतीय दंड विधान की धारा 295-ए (किसी वर्ग की धार्मिक भावनाओं को आहत करने के इरादे से जान-बूझकर किए गए विद्वेषपूर्ण कार्य), धारा 298 (धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के इरादे से जान-बूझकर कहे गए शब्द) और अन्य सम्बद्ध प्रावधानों के तहत गिरफ्तार किया गया था। बाद में इस कार्यक्रम के आयोजन में शामिल होने के आरोप में एक और व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया था।

Munawar Farooqui
Comedian Munawar Farooqui
Madhya Pradesh

Related Stories

परिक्रमा वासियों की नज़र से नर्मदा

कड़ी मेहनत से तेंदूपत्ता तोड़ने के बावजूद नहीं मिलता वाजिब दाम!  

मनासा में "जागे हिन्दू" ने एक जैन हमेशा के लिए सुलाया

‘’तेरा नाम मोहम्मद है’’?... फिर पीट-पीटकर मार डाला!

कॉर्पोरेटी मुनाफ़े के यज्ञ कुंड में आहुति देते 'मनु' के हाथों स्वाहा होते आदिवासी

एमपी ग़ज़ब है: अब दहेज ग़ैर क़ानूनी और वर्जित शब्द नहीं रह गया

मध्यप्रदेशः सागर की एग्रो प्रोडक्ट कंपनी से कई गांव प्रभावित, बीमारी और ज़मीन बंजर होने की शिकायत

सिवनी मॉब लिंचिंग के खिलाफ सड़कों पर उतरे आदिवासी, गरमाई राजनीति, दाहोद में गरजे राहुल

मध्यप्रदेश: गौकशी के नाम पर आदिवासियों की हत्या का विरोध, पूरी तरह बंद रहा सिवनी

राम सेना और बजरंग दल को आतंकी संगठन घोषित करने की किसान संगठनों की मांग


बाकी खबरें

  • सबरंग इंडिया
    सद्भाव बनाए रखना मुसलमानों की जिम्मेदारी: असम CM
    17 Mar 2022
    हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा कि एक करोड़ से अधिक आबादी वाले राज्य में मुस्लिम आबादी का 35 प्रतिशत हैं, वे अब अल्पसंख्यक नहीं, बल्कि बहुसंख्यक हैं।
  • सौरव कुमार
    कर्नाटक : देवदासियों ने सामाजिक सुरक्षा और आजीविका की मांगों को लेकर दिया धरना
    17 Mar 2022
    कलबुर्गी, विजयपुरा, विजयनगर, रायचूर, दवेंगेरे, बागलकोट, बल्लारी, यादगीर और कोप्पल ज़िलों की लगभग 1500 देवदासियों ने पुनर्वास की मांग को लेकर बेंगलुरु शहर में धरना दिया।
  • UKRAIN
    क्लाउस उलरिच
    गेहूं के निर्यात से कहीं बड़ी है यूक्रेन की अर्थव्यवस्था 
    17 Mar 2022
    1991 में सोवियत संघ से स्वतंत्रता मिलने के बाद, यूक्रेन का आर्थिक विकास भ्रष्टाचार, कैपिटल फ्लाइट और सुधारों की कमी से बाधित हुआ। हाल ही में हुए सुधारों से अब देश में रूस के युद्ध की धमकी दी जा रही…
  • भाषा
    दिल्ली हिंसा में पुलिस की भूमिका निराशाजनक, पुलिस सुधार लागू हों : पूर्व आईपीएस प्रकाश सिंह
    17 Mar 2022
    ‘पुलिस के लिये सबसे सशक्त हथियार नागरिकों का भरोसा एवं विश्वास होता है । नागरिक आपके ऊपर भरोसा तभी करेंगे जब आप उचित तरीके से काम करेंगे । ऐसे में लोगों को साथ लें । सामान्य जनता के प्रति संवेदनशील…
  • तान्या वाधवा
    कोलंबिया में राष्ट्रपति पद के दौड़ में गुस्तावो पेट्रो
    17 Mar 2022
    अलग-अलग जनमत सर्वेक्षणों के मुताबिक़ कोलंबिया में आगामी राष्ट्रपति चुनावों के लिए प्रगतिशील नेता गुस्तावो पेट्रो पसंदीदा उम्मीदवार हैं।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License