NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
मध्य प्रदेश पुलिस भर्ती: माकपा ने कहा भ्रष्टाचार की हवस में युवाओं का भविष्य ही बर्बाद करने पर तुली है भाजपा
"यह पहली बार हुआ है कि 6000 आरक्षकों की भर्ती में सरकार की ओर से अनुसूचित जाति, जनजाति, पिछड़ा वर्ग, महिलाओं, आर्थिक रूप से पिछड़े वर्ग आदि के लिए न तो आवंटित सीटों की घोषणा की गई है और न ही अंकों की कट ऑफ़ घोषित की गई है, और इनके बिना ही परीक्षा परिणाम घोषित कर दिए गए हैं।"
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
31 Mar 2022
mp
'प्रतीकात्मक फ़ोटो' फोटो साभार: भोपाल समाचार

मध्य प्रदेश में शिक्षक वर्ग तीन की परीक्षा के पेपर लीक होने की घटना की अभी स्याही भी नहीं सूखी है कि पुलिस आरक्षकों की भर्ती का घोटाला सामने आ गया है। जिसको लेकर सवाल उठ रहे हैं। वाम दल भारत की  कम्युनिस्ट पार्टी(मार्क्सवादी) यानी माकपा ने कहा कि  घोटालों में पारंगत हो चुकी भाजपा सरकार अब प्रदेश के युवाओं का भविष्य ही अंधकार में डुबोने में लगी हुई है।

आपको बता दें मध्य प्रदेश प्रोफेशनल एग्जामिनेशन बोर्ड (MPPEB) ने  6000 पुलिस कांस्टेबल (पुलिस आरक्षकों) की भर्ती परीक्षा का रिजल्ट गुरुवार, 17 मार्च 2022 को जारी किया। लेकिन इस रिजल्ट को लेकर अभ्यर्थी कई गड़बडियों का आरोप लगा रहे हैं।  हिंदुस्तान अख़बार की खबर के मुताबिक़ रिजल्ट में गड़बड़ियों को लेकर प्रदर्शन कर रहे उम्मीदवारों का कहना है कि छत्तरपुर जिले से सामान्य वर्ग की एक भी महिला अभ्यर्थी का चयन नहीं हुआ। जबकि आंसर की के हिसाब से उनका स्कोर काफी अच्छा था। वहीं एक अभ्यर्थी ने बताया कि परीक्षा में यदि दो भाइयों ने भाग लिया जिनमें एक का स्कोर 62 और दूसरे का स्कोर 72 है, तो 62 स्कोर वाले को क्वॉलीफाई किया गया है , जबकि 72 स्कोर वाले को डिस्क्वॉलीफाई किया गया है।  

इस पर माकपा  के राज्य सचिव जसविंदर सिंह ने उक्त बयान जारी करते हुए कहा है कि यह पहली बार हुआ है कि 6000 आरक्षकों की भर्ती में सरकार की ओर से अनुसूचित जाति, जनजाति, पिछड़ा वर्ग, महिलाओं, आर्थिक रूप से पिछड़े वर्ग आदि के लिए न तो आवंटित सीटों की घोषणा की गई है और न ही अंकों की कट ऑफ़ घोषित की गई है, और इनके बिना ही परीक्षा परिणाम घोषित कर दिए गए हैं।

मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी ने कहा है कि इसका परिणाम यह हुआ है कि ज्यादा अंकों वाले परीक्षार्थी सिलेक्ट नहीं हुए और कम अंकों वाले परीक्षार्थी सिलेक्ट कर दिए गए हैं।

माकपा नेता जसविंदर सिंह ने कहा है कि यह सिर्फ भ्रष्टाचार कर  न केवल योग्य युवाओं के भविष्य क़ो चौपट करने की साजिश है, बल्कि दलितों, आदिवासियों और पिछड़ों का आरक्षण खत्म कर भाजपा और संघ परिवार के मनुवादी एजेंडे को भी आगे बढ़ाने की साजिश है।

मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी ने कहा है कि इस घटना से साफ है कि नाम बदलने से आचरण नहीं बदलता। भाजपा की शिवराज सरकार ने भी भ्र्ष्टाचार और युवाओं के भविष्य क़ो चौपट करने वाले व्यापम का नाम बदल कर पीईबी कर दिया था मगर अब यह भ्र्ष्टाचार व्यापम तीन के नाम से जाना जा रहा है।

मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी ने शिक्षक वर्ग 3 की परीक्षा फिर से करवाने और पुलिस के आरक्षकों की भर्ती में विभिन्न समुदायों के आरक्षण कोटे और कट ऑफ तुरंत घोषित करने की मांग की है।

Madhya Pradesh
Madhya Pradesh Police Recruitment
CPIM
BJP
Shivraj Singh Chouhan

Related Stories

भाजपा के इस्लामोफ़ोबिया ने भारत को कहां पहुंचा दिया?

कश्मीर में हिंसा का दौर: कुछ ज़रूरी सवाल

सम्राट पृथ्वीराज: संघ द्वारा इतिहास के साथ खिलवाड़ की एक और कोशिश

हैदराबाद : मर्सिडीज़ गैंगरेप को क्या राजनीतिक कारणों से दबाया जा रहा है?

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

धारा 370 को हटाना : केंद्र की रणनीति हर बार उल्टी पड़ती रहती है

मोहन भागवत का बयान, कश्मीर में जारी हमले और आर्यन खान को क्लीनचिट

मंडल राजनीति का तीसरा अवतार जाति आधारित गणना, कमंडल की राजनीति पर लग सकती है लगाम 

बॉलीवुड को हथियार की तरह इस्तेमाल कर रही है बीजेपी !

गुजरात: भाजपा के हुए हार्दिक पटेल… पाटीदार किसके होंगे?


बाकी खबरें

  • अनिंदा डे
    मैक्रों की जीत ‘जोशीली’ नहीं रही, क्योंकि धुर-दक्षिणपंथियों ने की थी मज़बूत मोर्चाबंदी
    28 Apr 2022
    मरीन ले पेन को 2017 के चुनावों में मिले मतों में तीन मिलियन मत और जुड़ गए हैं, जो  दर्शाता है कि दूसरे विश्व युद्ध के बाद धुर-दक्षिणपंथी फिर से सत्ता के कितने क़रीब आ गए थे।
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    दिल्ली : नौकरी से निकाले गए कोरोना योद्धाओं ने किया प्रदर्शन, सरकार से कहा अपने बरसाये फूल वापस ले और उनकी नौकरी वापस दे
    28 Apr 2022
    महामारी के भयंकर प्रकोप के दौरान स्वास्थ्य मंत्रालय ने एक सर्कुलर जारी कर 100 दिन की 'कोविड ड्यूटी' पूरा करने वाले कर्मचारियों को 'पक्की नौकरी' की बात कही थी। आज के प्रदर्शन में मौजूद सभी कर्मचारियों…
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    कोरोना अपडेट: देश में आज 3 हज़ार से भी ज्यादा नए मामले सामने आए 
    28 Apr 2022
    देश में पिछले 24 घंटों में कोरोना के 3,303 नए मामले सामने आए हैं | देश में एक्टिव मामलों की संख्या बढ़कर 0.04 फ़ीसदी यानी 16 हज़ार 980 हो गयी है।
  • aaj hi baat
    न्यूज़क्लिक टीम
    न्यायिक हस्तक्षेप से रुड़की में धर्म संसद रद्द और जिग्नेश मेवानी पर केस दर केस
    28 Apr 2022
    न्यायपालिका संविधान और लोकतंत्र के पक्ष में जरूरी हस्तक्षेप करे तो लोकतंत्र पर मंडराते गंभीर खतरों से देश और उसके संविधान को बचाना कठिन नही है. माननीय सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को कथित धर्म-संसदो के…
  • न्यूज़क्लिक डेस्क
    जुलूस, लाउडस्पीकर और बुलडोज़र: एक कवि का बयान
    28 Apr 2022
    आजकल भारत की राजनीति में तीन ही विषय महत्वपूर्ण हैं, या कहें कि महत्वपूर्ण बना दिए गए हैं- जुलूस, लाउडस्पीकर और बुलडोज़र। रात-दिन इन्हीं की चर्चा है, प्राइम टाइम बहस है। इन तीनों पर ही मुकुल सरल ने…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License