NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
नासा ने अंतरिक्ष में अनुसंधान के लिए हवाई से स्क्विड भेजा
स्क्विड प्राणी विज्ञान के सेफलोपोड्स समूह से आता है जो कैटलफिश से मिलता जुलता जीव है। खारे पानी में पाए जाने वाले ये दिलचस्प जीव हैं। वे अंधेरे में चमकते हैं अत: उन्हें जीवदीप्ति कहा जाता है।
एपी
22 Jun 2021
नासा ने अंतरिक्ष में अनुसंधान के लिए हवाई से स्क्विड भेजा
Image courtesy : The Indian Express

होनोलूलू (अमेरिका): नासा के एक अभियान के तहत हवाई से कई स्क्विड को अध्ययन के लिए अंतरिक्ष ले जाया गया है।

स्क्विड प्राणी विज्ञान के सेफलोपोड्स समूह से आता है जो कैटलफिश से मिलता जुलता जीव है। खारे पानी में पाए जाने वाले ये दिलचस्प जीव हैं। वे अंधेरे में चमकते हैं अत: उन्हें जीवदीप्ति कहा जाता है।

इससे पहले यूनिवर्सिटी ऑफ हवाई के केवालो मरीन प्रयोगशाला में एक छोटा बॉबेल स्क्विड तैयार किया गया था लेकिन अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन के स्पेस एक्स पुन:आपूर्ति अभियान पर इस महीने की शुरुआत में अंतरिक्ष में उसमें विस्फोट हो गया।

होनोलूलू स्टार-एडवरटाइजर की सोमवार की खबर के अनुसार अनुसंधानकर्ता जेमी फोस्टर इस बात का अध्ययन कर रही हैं कि लंबे अंतरिक्ष मिशनों के दौरान मानव स्वास्थ्य को मजबूत करने की उम्मीद में स्पेसफ्लाइट स्क्विड को कैसे प्रभावित करता है। फोस्टर ने यूनिवर्सिटी ऑफ हवाई से डॉक्टरेट किया है।

स्क्विड का प्राकृतिक बैक्टीरिया से सहजीवी संबंध होता है जो उनकी जीवदीप्ति को नियंत्रित करने में मदद करते हैं। यूनिवर्सिटी ऑफ हवाई की प्रोफेसर मारग्रेट मैकफॉल-नगई ने कहा कि जब अंतरिक्षयात्री बेहद कम गुरुत्वाकर्षण में रहते हैं तब सूक्ष्म जीवों के साथ उनके शरीर का संबंध बदल जाता है। फोस्टर ने 1990 के दशक में मारग्रेट मैकफॉल-नगई के नेतृत्व में अध्ययन किया है।

मैकफॉल-नगई ने कहा, ‘‘हमने पाया कि अल्प गुरुत्वाकर्षण में मनुष्यों का उनके जीवाणुओं के साथ सहजीवन गड़बड़ा जाता है और जेमी ने यह दिखाया है कि स्क्विड के मामले में यह सच है।’’ फोस्टर वर्तमान में नासा के एक कार्यक्रम के लिए फ्लोरिडा में प्रोफेसर और प्रधान जांचकर्ता हैं। कार्यक्रम के तहत अनुसंधानकर्ता इस बात का पता लगा रहे हैं कि कैसे अल्प गुरुत्वाकर्षण जीवों और जीवाणुओं के बीच संबंध को प्रभावित करता है।

International Space Station
NASA
SpaceX
Hawaii

Related Stories

बेज़ोस और मस्क : शुरूआत अंतरिक्ष में एक नये युग की या उस पर अवैध कब्जों की?

रशिया ने सालों की देरी के बाद अंतर्राष्ट्रीय स्पेस स्टेशन में विशाल 'नौका' मॉड्यूल लॉन्च किया

विक्रम लैंडर की हुई थी हार्ड लैंडिंग: नासा ने तस्वीरें जारी करके बताया

“राम सेतु” के किनारे आ पहुँची फिर भाजपा की नैया


बाकी खबरें

  • रवि शंकर दुबे
    दिल्ली और पंजाब के बाद, क्या हिमाचल विधानसभा चुनाव को त्रिकोणीय बनाएगी AAP?
    09 Apr 2022
    इस साल के आखिर तक हिमाचल प्रदेश में विधानसभा चुनाव होने हैं, तो प्रदेश में आप की एंट्री ने माहौल ज़रा गर्म कर दिया है, हालांकि भाजपा ने भी आप को एक ज़ोरदार झटका दिया 
  • जोश क्लेम, यूजीन सिमोनोव
    जलविद्युत बांध जलवायु संकट का हल नहीं होने के 10 कारण 
    09 Apr 2022
    जलविद्युत परियोजना विनाशकारी जलवायु परिवर्तन को रोकने में न केवल विफल है, बल्कि यह उन देशों में मीथेन गैस की खास मात्रा का उत्सर्जन करते हुए जलवायु परिवर्तन से उत्पन्न संकट को बढ़ा देता है। 
  • Abhay Kumar Dubey
    न्यूज़क्लिक टीम
    हिंदुत्व की गोलबंदी बनाम सामाजिक न्याय की गोलबंदी
    09 Apr 2022
    पिछले तीन दशकों में जातिगत अस्मिता और धर्मगत अस्मिता के इर्द गिर्द नाचती उत्तर भारत की राजनीति किस तरह से बदल रही है? सामाजिक न्याय की राजनीति का क्या हाल है?
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    बिहारः प्राइवेट स्कूलों और प्राइवेट आईटीआई में शिक्षा महंगी, अभिभावकों को ख़र्च करने होंगे ज़्यादा पैसे
    09 Apr 2022
    एक तरफ लोगों को जहां बढ़ती महंगाई के चलते रोज़मर्रा की बुनियादी ज़रूरतों के लिए अधिक पैसे खर्च करने पड़ रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ उन्हें अपने बच्चों को पढ़ाने के लिए भी अब ज़्यादा से ज़्यादा पैसे खर्च…
  • आज का कार्टून
    कार्टून क्लिक: इमरान को हिन्दुस्तान पसंद है...
    09 Apr 2022
    अविश्वास प्रस्ताव से एक दिन पहले देश के नाम अपने संबोधन में इमरान ख़ान ने दो-तीन बार भारत की तारीफ़ की। हालांकि इसमें भी उन्होंने सच और झूठ का घालमेल किया, ताकि उनका हित सध सके। लेकिन यह दिलचस्प है…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License