NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
आंदोलन
भारत
राजनीति
प्रधानमंत्री की चुप्पी के कारण धरना स्थलों पर बार-बार हो रही गोलीबारी: येचुरी
माकपा के महासचिव सीताराम येचुरी ने कहा, ‘शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने वालों को खलनायक बता कर हिंसा उकसाने वालों को खुली छूट है।’
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
03 Feb 2020
Yechuri

नई दिल्ली : माकपा के महासचिव सीताराम येचुरी ने संशोधित नागरिकता कानून (सीएए) और राष्ट्रीय नागरिकता पंजी (एनआरसी) के खिलाफ दिल्ली स्थित जामिया नगर और शाहीन बाग में चल रहे विरोध प्रदर्शन स्थलों पर बार बार गोलीबारी होने के लिये प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की चुप्पी और भाजपा नेताओं द्वारा कथित तौर पर हिंसा भड़काये जाने को जिम्मेदार ठहराया है।

उल्लेखनीय है कि चुनाव आयोग, दिल्ली विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान भाजपा सांसद प्रवेश वर्मा और केन्द्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर को भड़काऊ बयान देने के कारण उनके खिलाफ कार्रवाई कर चुका है।

येचुरी ने सोमवार को ट्वीट कर कहा, ‘हर जगह बार-बार गोलीबारी हो रही है और यह प्रधानमंत्री की सतत चुप्पी और मंत्रियों एवं भाजपा नेताओं द्वारा हिंसा भड़काए जाने का नतीजा है। एक के बाद एक वारदात, मिलीभगत की ओर इशारा करती है।’

Law and order in the national capital comes under the Centre. Responsibility and accountability for repeated provocative violent incidents falls directly and solely on the Union home minister and the Prime Minister. https://t.co/duIYeSB4wc

— Sitaram Yechury (@SitaramYechury) February 3, 2020

उन्होंने कहा, ‘शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने वालों को खलनायक बता कर हिंसा उकसाने वालों को खुली छूट है।’
 
उल्लेखनीय है कि रविवार को दो अज्ञात व्यक्तियों ने कथित तौर पर जामिया मिल्लिया इस्लामिया के बाहर गोलीबारी की, हालांकि इसमें कोई हताहत नहीं हुआ। इससे पहले 30 जनवरी को सीएए के विरोध में जामिया से राजघाट तक पैदल मार्च के दौरान भी गोलीबारी की घटना हुई, इसमें एक छात्र घायल हो गया था। इसके बाद एक फरवरी को भी शाहीन बाग में धरना स्थल पर गोलीबारी की घटना हुई, इसमें कोई हताहत नहीं हुआ था।

येचुरी ने कहा, ‘दिल्ली में कानून व्यवस्था की जिम्मेदारी केन्द्र सरकार की है। बार बार हिंसा भड़काने की घटनाओं की जिम्मेदारी और जवाबदेही सीधे तौर पर गृह मंत्री और प्रधानमंत्री की है।’

(समाचार एजेंसी भाषा के इनपुट के साथ) 

 

Sitaram yechury
Narendra modi
CPM
CPIM
BJP
CAA
NRC
Firing in Shaheen bagh
Firing In Jamia
Shaheen Bagh

Related Stories

गैर-लोकतांत्रिक शिक्षानीति का बढ़ता विरोध: कर्नाटक के बुद्धिजीवियों ने रास्ता दिखाया

छात्र संसद: "नई शिक्षा नीति आधुनिक युग में एकलव्य बनाने वाला दस्तावेज़"

मूसेवाला की हत्या को लेकर ग्रामीणों ने किया प्रदर्शन, कांग्रेस ने इसे ‘राजनीतिक हत्या’ बताया

दलितों पर बढ़ते अत्याचार, मोदी सरकार का न्यू नॉर्मल!

बिहार : नीतीश सरकार के ‘बुलडोज़र राज’ के खिलाफ गरीबों ने खोला मोर्चा!   

आशा कार्यकर्ताओं को मिला 'ग्लोबल हेल्थ लीडर्स अवार्ड’  लेकिन उचित वेतन कब मिलेगा?

शाहीन बाग से खरगोन : मुस्लिम महिलाओं का शांतिपूर्ण संघर्ष !

दिल्ली : पांच महीने से वेतन व पेंशन न मिलने से आर्थिक तंगी से जूझ रहे शिक्षकों ने किया प्रदर्शन

CAA आंदोलनकारियों को फिर निशाना बनाती यूपी सरकार, प्रदर्शनकारी बोले- बिना दोषी साबित हुए अपराधियों सा सुलूक किया जा रहा

आईपीओ लॉन्च के विरोध में एलआईसी कर्मचारियों ने की हड़ताल


बाकी खबरें

  • iran
    शिरीष खरे
    ईरान के नए जनसंख्या क़ानून पर क्यों हो रहा है विवाद, कैसे महिला अधिकारों को करेगा प्रभावित?
    21 Feb 2022
    ईरान का नया जनसंख्या कानून अपनी एक आधुनिक समस्या के कारण सुर्खियों में है, जिसके खिलाफ अब ईरान ही नहीं, बल्कि दुनिया भर के कुछ मानवाधिकार संगठन आवाज उठा रहे हैं।
  • covid
    न्यूज़क्लिक टीम
    कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 16,051 नए मामले, 206 मरीज़ों की मौत
    21 Feb 2022
    देश में एक्टिव मामलों की संख्या घटकर 0.47 फ़ीसदी यानी 2 लाख 2 हज़ार 131 हो गयी है।
  • education
    निवेदिता सरकार, अनुनीता मित्रा
    शिक्षा बजट: डिजिटल डिवाइड से शिक्षा तक पहुँच, उसकी गुणवत्ता दूभर
    21 Feb 2022
    बहुत सारी योजनाएं हैं, लेकिन शिक्षा क्षेत्र के विकास के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता उसकी खुद की विरोधाभासी नीतियों और वित्तीय सहायता की कमी से बुरी तरह प्रभावित हैं।
  • Modi
    सुबोध वर्मा
    यूपी चुनाव : कैसे यूपी की 'डबल इंजन’ सरकार ने केंद्रीय योजनाओं को पटरी से उतारा 
    21 Feb 2022
    महामारी के वर्षों में भी, योगी आदित्यनाथ की सरकार प्रमुख केंद्रीय योजनाओं को पूरी तरह से लागू नहीं कर पाई। 
  • ayodhya
    अरुण कुमार त्रिपाठी
    अयोध्या में कम्युनिस्ट... अरे, क्या कह रहे हैं भाईसाहब!
    21 Feb 2022
    यह बात किसी सामान्य व्यक्ति को भी हैरान कर सकती है कि भारतीय दक्षिणपंथ के तूफ़ान का एपीसेंटर बन चुके अयोध्या में वामपंथी कहां से आ गए ? लेकिन यह सच है…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License